Posted On by &filed under समाज, सोशल-मीडिया.


परम पिता शाह सतनाम जी महाराज के पावन अवतार दिवस के अवसर पर डेरा सच्चा सौदा में पावन भंडारे का आयोजन किया गया। पावन भंडारे में शिरकत करने के लिए भारत के विभिन्न राज्यों के साथ साथ विदेशों से भी करोड़ों श्रद्धालु पहुंचे। पूज्य गुरु संत गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां ने इस अवसर पर मानवता भलाई कार्यों में देश व विदेशों में अग्रणी रहने वाले राज्यों के सेवादारों को ट्राफियां व मैडल देकर सम्मानित किया। पूज्य गुरुजी के पावन कर कमलों से सम्मानित होकर सेवादार फूले नहीं समा रहे थे और नाच गाकर खुशी का इजहार कर रहे थे। पावन भंडारे को लेकर डेरा सच्चा सौदा को भव्य तरीके से सजाया गया था तथा व्यापक प्रबंध किए गए थे। भंडारे के दौरान सुव्यवस्था बनाए रखने के लिए 2 लाख से अधिक सेवादारों की डयूटियां लगाई गई थी। सत्संग का कार्यक्रम मध्यरात्रि तक चलेगा।
परम पिता शाह सतनाम जी महाराज के पावन अवतार दिवस पर प्रातः देशभर से पहुंचे श्रद्धालुओं ने श्तेरावास में आयोजित केक सेरेमनी में शिरकत की। पूज्य गुरुजी ने पावन कर कमलों से केक काटा, जिसका प्रसाद श्रद्धालुओं में वितरित किया गया। पूज्य गुरुजी ने परम पिता शाह सतनाम जी महाराज के पावन अवतार दिवस की सबको शुभकामनाएं एवं बधाइयां दी तथा इस पावन दिवस पर बुराइयां त्यागने और मानवता की सेवा में और अधिक तन्मयता से आगे बढने का आह्वान किया।
शाह सतनाम जी धाम में आयोजित सत्संग में पूज्य गुरुजी ने फरमाया कि आज उस मुर्शिद ए कामिल परम पिता शाह सतनाम, शाह मस्ताना का जन्मदिन, अवतार दिवस है, उस मुर्शिद ए कामिल सतगुरु मौल्ला को अरबों, खरबों बार सैल्यूट करते हैं, जिसने हमें इंसानियत का रास्ता दिखाया। आज का दिन जो खुशियों का आलम लेकर आया, इसको दीवाली व ईद से भी बढ़कर मनाती है।
पूज्य गुरु संत गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां ने कहा कि शाह सतनाम जी ने करोड़ों घरों की तस्वीर बदल दी, जिन घरों में नशे के बाद नरक का सा माहौल होता था, आज उन घरों में राम नाम की चर्चा होती है तथा पूरा घर खुशियों से महकता है। शाह सतनाम जी महाराज ने लाखों लोगों की गम, चिंता परेशानियों को खत्म कर दिया, जो दुख मुसीबत आने थे, उन्हें सूली से सूल बना दिया। आज के समय में जब लोग अपनों के जन्मदिन पर भी एक साथ इकत्र नहीं होते वहीं दूसरी तरफ ऐसा कौन आया, जिसके जन्मदिन को साढ़े पांच करोड़ लोग नाच गाकर मनाते हैं। सत्संग के दौरान पूज्य गुरुजी ने परम पिता शाह सतनाम जी महाराज के पावन जीवन से जुड़े अनमोल क्षणों को साध संगत के साथ सांझा किया। पूज्य गुरुजी ने फरमाया कि असली नूर तो अल्लाह, वाहेगुरु के नाम से ही आता है और किसी भी चीज से छुपाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि रू-नूर नुरानी चेहरे वाला सतगुरु मौल्ला आया,अल्लाह-वाहेगुरु-राम से जिसने डायरेक्ट हमें मिलाया,आप अहंकार ना कर बैठना, उसकी दया-मेहर-रहमत से ही ये नूर है आया।उन्होंने कहा कि उस परम पिता परमात्मा का जितना शुक्राना करें कम है। भक्ति करे, इबादत करें, कभी किसी का दिल ना दुखाओं। ’
परमार्थी सेवा में हरियाणा रहा विश्व भर में अग्रणी:-
आश्रम में सेवाकार्यों में अग्रणी रहने वाले राज्यों में दिल्ली में ब्लाक रोहिणी व बादली संयुक्त रूप से प्रथम स्थान पर रहे। राजस्थान में ब्लाक पदमपुर, उत्तरप्रदेश में सहारनपुर शहर, हरियाणा में पानीपत तथा पंजाब में मेहमा गोनियाना ब्लाक के सेवादार प्रथम रहे। दीन दुखियों की की मदद में सर्वाधिक परमार्थ करने में अग्रणी रहने वाले ब्लाकों में बिहार में सोनवर्षा, छतीसगढ़ में हरदी, मध्यप्रदेश में मंझोली, हिमाचल प्रदेश में नालागढ़, दिल्ली में गोकुलपुर, राजस्थान में श्रीगंगानगर, हरियाणा में सिरसा, पंजाब में भटिंडा प्रथम रहे। जबकि अन्य राज्यों में कर्नाटक व महाराष्ट्र अग्रणी रहे। विदेशों में दीन दुखियों की मदद के लिए सबसे अधिक परमार्थ करने वालों में कनाड़ा की साधसंगत प्रथम रही जबकि पूरे विश्व में प्रथम स्थान पर हरियाणा के सेवादार रहे। पूज्य गुरुजी ने सेवादार भाई बहनों को ट्राफियां व मैडल देकर सम्मानित किया। वहीं पूज्य गुरुजी ने परमार्थी कार्यों में अव्वल स्थान पर रहने वाले शाह सतनाम जी गल्र्ज स्कूल , सिरसा तथा शाह सतनाम जी गल्र्ज कॉलेज श्रीगुरुसर मोडिया की छात्राओं को भी ट्राफियां व मैडल भेंट कर सम्मानित किया। पूज्य गुरुजी ने राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय खेलों में शानदार प्रदर्शन करने वाले शाह सतनाम जी शिक्षण संस्थानों के खिलाडियों को डॉयमंड मैडल देकर सम्मानित किया।
ठंड पर भारी पड़ी आस्था:- पूरा उत्तर भारत इन दिनों ठंड की चपेट में हैं तथा सरसा में भी कड़ाके की ठंड पड़ रही है परंतु सोमवार को अलग ही नजारा देखने को मिला। शाह सतनाम जी धाम की ओर आने वाले सभी रास्तों पर डेरा श्रद्धालु ही नजर आ रहे थे। कड़ाके की ठंड श्रद्धा के आगे नतमस्तक नजर आई। वहीं दिन निकलने के साथ धूप भी खिल उठी। यंू लगा मानो सूर्य देव भी परम पिता शाह सतनाम जी महाराज के पावन भंडारे में शिरकत करने पहुंचे हो। खिली खिली धूप ने लोगों को ठंड से कुछ निजात मिली।
अलग ही सजावट, अद्भूत नजारा: – पावन भंडारे को लेकर डेरा सच्चा सौदा की सुंदरता अवर्णीय थी। सत्संग पंडाल रोशनाई में जगमगा रहा था तो पूज्य गुरुजी के विराजमान होने वाली स्टेज की छटा अति अद्भूत थी। उड़ते हुए दिल के आकार में स्टेज आकर्षण का केंद्र थी। पावन भंडारे को लेकर आश्रम की ओर आने वाले सभी मार्गों की भव्य सजावट की गई थी। सिरसा शहर से लेकर आश्रम तक रंग बिरंगे झंडे, विद्युत चलित लडियां, भव्य स्वागती द्वार व होर्डिंग्स इत्यादि से पूरा मार्ग सजाया हुआ था। यातायात व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए हजारों सेवादार सड़कों पर डयूटी कर रहे थे। सिरसा की ओर आने वाली सभी रेलगाडियां, बसें इत्यादि डेरा पे्रमियों से भरी हुई पहुंची, इनके अलावा हजारों की संख्या में बसें, ट्रक व अन्य वाहनों के माध्यम से डेरा श्रद्धालुओं का आना अनवरत जारी था। वहीं ठंड के मौसम को देखते हुए जगह जगह पर अलाव जलाए गए थे।
भजन गाकर किया खुशियों का आगाज: – पावन भंडारे के अवसर पर डेरा श्रद्धालुओं ने भजन शब्द गाकर अपनी खुशी का इजहार किया। पंजाबी के गुबचु गु्रप से हरदीप सिंह व साथियों ने पंजाबी वाद्य यंत्रों पर दिल तेरे बिना ना लगदा ए एमएसजी प्यारे ्य तथा पंजाबी कलाकार प्रगट भागू ने लेके खुशियां तमाम, सारे सुखों की खान, दाता शाह सतनाम जी, आएं हैं भजन सुनाया तो पंडाल में मौजूद श्रद्धालुओं का जनसमूह मस्ती से झूमने लगा।
कई चीजें भी हुई जारी:- सत्संग के दौरान पूज्य गुरुजी ने ओवीडी सर्विस लांच की, जिसके माध्यम से श्रद्धालु पूज्य गुरुजी के सत्संग व मजलिस की एक मिनट की रिकार्डिंग मोबाईल पर सुन सकेंगे। पूज्य गुरुजी ने इटेलियन भाषा में डेरा सच्चा सौदा के लिटरेचर की बैबसाईट को लांच किया, जिसके माध्यम से इटली के नागरिक डेरा सच्चा सौदा से रूबरू हो रहे हैं। पूज्य गुरुजी ने सच कहूं समाचार पत्र की बेबसाईट व मोबाईल एप्लीकेशन भी लांच की। सत्संग के दौरान अनेक जोड़ों की सादगी पूर्ण ढंग से दिलजोड़ माला पहनाकर शादियां करवाई गई। श्रद्धालुओं को हलवे का प्रसाद व लंगर भी वितरित किया गया। पूज्य गुरुजी ने आशियाना मुहिम के तहत जरूरतमंदों को बनाकर दिए गए मकानों की चाबियां प्रदान की।सत्संग के दौरान हजारों लोगों ने पूज्य गुरुजी से गुरुमंत्र, नामशब्द ग्रहण कर बुराइयां त्यागने व मानवता भलाई कार्यों पर चलने का प्रण लिया।L6498

Leave a Reply

Be the First to Comment!

Notify of
avatar
wpDiscuz