हिंदुत्व और चाटुकारिता को पहचानना होगा

Posted On by & filed under धर्म-अध्यात्म

 सिद्धार्थ शंकर गौतम कौन कहता है धर्म और राजनीति का मेल नहीं हो सकता? यकीन न हो तो जरा संगम तट पर चल रहे महाकुंभ में राजनीति के चौसर पर चल रही चालों को देखिए। ऐसा प्रतीत होता है मानो धर्म ही अब राजनीति का मार्ग प्रशस्त करने की ओर अग्रसर है। चूंकि भारत धार्मिक… Read more »