Posted On by &filed under खेल-जगत.


s_blatter अपने इरादों पर अडिग हैं सेप ब्लाटर
ज्यूरिख/नई दिल्ली, । फीफा प्रमुख सेप ब्लाटर ने साफ कर दिया है कि वह पांचवीं बार फुटबाल की सर्वोच्च संस्था का अध्यक्ष बनने के अपने इरादों पर अडिग हैं। फीफा में भ्रष्टाचार के मामलों के सामने आने पर कई देशों की सरकारें भी चिंतित हैं। प्रायोजक पहले ही अपनी चिंता जता चुके हैं लेकिन ब्लाटर फिर से चुनाव लड़ने को लेकर मैदान में डटे हुए हैं। ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने ब्लाटर के इस्तीफे की मांग का समर्थन किया है जबकि फ्रांस के राष्ट्रपति फ्रैंकोइस होलैंड ने कहा कि प्रमुख प्रतियोगिताओं के मेजबानों का चयन करने वाले खेल समूह तक किसी की पहुंच नहीं होनी चाहिए।जर्मनी के विदेश मंत्री फ्रैंक वाल्टर स्टीनमीर ने कहा कि यदि विश्व फुटबाल को ‘जहरीले’ भ्रष्टाचार से मुक्त नहीं किया जा सकता है तो फिर सरकारी एजेंसियों को मजबूर होकर अपना काम करना होगा। व्यावसायिक स्तर पर भी फीफा को नुकसान उठाना पड़ सकता है। फीफा की मुख्य प्रायोजक दक्षिण कोरिया की कंपनी हुंदेई ने कहा कि वह इस सप्ताह में फुटबाल अधिकारियों की गिरफ्तारी और फीफा को केंद्र में रखकर आपराधिक जांच की शुरूआत से ‘बेहद चिंतित’ है। क्रेडिट कार्ड कंपनी वीसा ने आगाह किया है कि यदि फीफा अपने कामकाज को साफ सुथरा नहीं बनाता तो वह अपने प्रायोजन पर पुनर्विचार करेगा। कोका कोला, एडिडास, मैकडोनाल्ड और बुडवीसर जैसी कंपनियों ने भी चिंता जतायी है जबकि संयुक्त राष्ट्र ने कहा कि वह फीफा के साथ अपनी साझेदारी की समीक्षा करेगा।ब्लाटर ने गुरुवार को फीफा की वार्षिक कांग्रेस की शुरूआत यह कहकर की कि वह हर समय प्रत्येक की निगरानी नहीं कर सकते हैं। इस तरह से उन्होंने अमेरिकी अभियोजकों के इशारे पर स्विट्जरलैंड में हुई नाटकीय गिरफ्तारियों से पल्ला झाड़ दिया। उन्होंने कहा, ‘‘अगले कुछ दिन फीफा के लिये आसान नहीं होंगे। मुझे पूरा विश्वास है कि आगे और बुरी खबरें आएंगी लेकिन भरोसा बहाल करने की शुरूआत करना जरूरी है।’’ ब्लाटर ने फीफा के गिरफ्तार किये गये अधिकारियों के बारे में कहा, ‘‘कुछ व्यक्तियों की करतूतों के कारण फुटबाल को शर्मसार और अपमानित होना पड़ा।’’
इससे पहले ब्लाटर यूरोपीय फुटबाल के प्रमुख माइकल प्लाटिनी से भिड़ गये थे। प्लाटिनी ने खेल की बेहतरी के लिये ब्लाटर से इस्तीफा देने के लिये कहा था। स्विस पुलिस ने रूस और कतर को क्रमश: 2018 और 2022 के विश्व कप की मेजबानी सौंपने को लेकर चल रही जांच के संबंध में बुधवार को सात शीर्ष फुटबाल अधिकारियों को गिरफ्तार किया और फीफा मुख्यालय पर छापे मारे थे। जिन्हें गिरफ्तार किया गया है वे उन 14 लोगों में शामिल हैं जिन पर अमेरिका में 15 करोड़ डालर से अधिक की रिश्वत लेने का आरोप लगा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

* Copy This Password *

* Type Or Paste Password Here *