जद यू का नीतीश गुट असली जदयू- चुनाव आयोग

जद यू का नीतीश गुट असली जदयू- चुनाव आयोग
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चुनाव आयोग ने के मुख्यमंत्री की अगुवायी वाले गुट को ही असली जनता दल (यूनाइटेड) (जदयू) बताते हुये उसे पार्टी के चुनाव चिन्ह ‘‘तीर’’ के इस्तेमाल का हकदार बताया है।

आयोग ने आज इस मामले में जद यू के बागी नेता शरद यादव की अगुवायी वाले गुट के पार्टी के चुनाव चिन्ह पर दावे को खारिज करते हुये कुमार के गुट को ही असली जदयू बताया। पार्टी के चुनाव चिन्ह पर दावे को लेकर कुमार और यादव गुट की अर्जी पर दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद आयोग ने अपने आदेश में कहा कि नीतीश गुट को पार्टी विधायक दल का पूरा समर्थन हासिल है।

आयोग के इस आदेश का नीतीश गुट ने स्वागत किया है वहीं शरद गुट ने इसे किसी ‘पक्ष’ विशेष के प्रभाव में दिया गया फैसला बताया। जदयू के प्रवक्ता केसी त्यागी ने इस आदेश को स्वागत योग्य बताते हुये कहा कि आयोग ने नीतीश कुमार को पार्टी पदाधिकारियों और विधायक, सांसदों के समर्थन के आधार पर यह आदेश दिया है। उन्होंने कहा कि इसके लिये पार्टी के कार्यकर्ता बधाई के पात्र हैं। जदयू की दिल्ली इकाई के प्रभारी और बिहार से विधान पार्षद संजय झा ने आयोग के इस आदेश को कांग्रेस के लिये भी बड़ी हार करार दिया। झा ने कहा कि शरद यादव के पीछे मूलत: कांग्रेस ही थी और महागठबंधन के समय से ही यादव कांग्रेस के एजेंडे के मुताबिक काम कर रहे थे।

इसे कांग्रेस ने जदयू और चुनाव आयोग के बीच का मामला बताते हुये झा की दलील को खारिज कर दिया। कांग्रेस प्रवक्ता राजीव शुक्ला ने कहा ‘‘यह आयोग और जदयू के बीच का मसला है, इससे कांग्रेस का कोई लेना देना नहीं है।’’ आयोग के फैसले पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये शरद गुट के नेता अरुण श्रीवास्तव ने कहा कि यह आदेश किसी भी तरह से न्यायसंगत नहीं है। श्रीवास्तव ने कहा कि आयोग के इस आदेश पर किसी ‘‘पक्ष विशेष’’ के प्रभाव की स्पष्ट छाप दिखायी देती है। शरद गुट के एक अन्य नेता जावेद रजा ने कहा कि न्याय की यह लड़ाई जारी रहेगी और आयोग के फैसले को उच्च अदालत में चुनौती देने सहित अन्य विकल्प खुले है। रजा ने कहा कि सभी विकल्पों पर विमर्श के बाद आगे की रणनीति तय की जायेगी। आयोग ने चुनाव चिन्ह नियमावली के 15वें पैराग्राफ के आधार पर बिहार में पंजीकृत राज्य स्तरीय दल के रूप में जदयू को आवंटित चुनाव चिन्ह का इस्तेमाल करने का हकदार नीतीश गुट को बताया।

आयोग के इस आदेश के साथ ही बिहार में राज्य स्तरीय मान्यता प्राप्त जदयू पर नीतीश गुट के दावे की पुष्टि हो गयी। बिहार में सत्तारूढ़ नीतीश गुट द्वारा केन्द्र में सत्तारूढ़ राजग गठबंधन को समर्थन देने के विरोध में शरद गुट ने पार्टी से बगावत कर दी थी।

( Source – PTI )

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