लॉकडाउन मोबाइल मूवी मेकिंग प्रतियोगिता में लोकेन्द्र सिंह, मनोज पटेल और गजेन्द्र सिंह अवास्या की फिल्म बनी विनर

भारतीय चित्र साधना ने आयोजित की थी अखिल भारतीय प्रतियोगिता, फिल्म कलाकारों ने किया विजेता फिल्मों को रिलीज

भोपाल। लेखक लोकेन्द्र सिंह एवं प्रोड्यूसर मनोज पटेल की लघु फि़ल्म ‘समिधा : सेवा परमो धर्म’ और निर्देशक डॉ. गजेंद्र सिंह अवास्या की लघु फि़ल्म ‘कोरोना : जानकारी ही बचाव’ लॉकडाउन मोबाइल मूवी मेकिंग प्रतियोगिता में विजेता रही हैं। इस प्रतियोगिता का आयोजन राष्ट्रीय स्तर पर भारतीय चित्र साधना (बीसीएस) ने किया था। छह श्रेणियों में फिल्में आमंत्रित की गई थीं। प्रख्यात फिल्मी हस्तियों ने बीसीएस के फेसबुक पेज पर ऑनलाइन ही विजेता फिल्मों के नाम की घोषणा एवं उन्हें रिलीज किया।

            मीडिया शिक्षक एवं लेखक लोकेंद्र सिंह की फिल्म ‘समिधा : सेवा परमो धर्म’ को ‘सकारात्मक एवं प्रेरक कहानी’ श्रेणी में विनर चुना गया। फिल्म का संपादन प्रोड्यूसर एवं फिल्म निर्माता मनोज पटेल ने किया और स्क्रिप्ट लोकेंद्र सिंह ने लिखी। यह फिल्म राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सेवा कार्यों पर केंद्रित है। उल्लेखनीय है कि कोरोना संकट में गरीब और बेसहारा लोगों के लिए संघ के स्वयंसेवक वृहद स्तर पर सेवाकार्यों का संचालन कर रहे हैं। आरएसएस और सेवाभारती सहित अन्य सामाजिक संगठन जरूरतमंदों को भोजन, राशन, दवा एवं आवश्यक सहायता उपलब्ध करा रहे हैं। इस लघु फिल्म को प्रख्यात अभिनेता राहुल सिंह ने ऑनलाइन रिलीज किया है।

            मीडिया शिक्षक एवं निर्देशक डॉ. गजेन्द्र सिंह अवास्या की फिल्म ‘कोरोना : जानकारी ही बचाव’ को ‘कोरोना से बचाव के उपाय’ श्रेणी में विनर घोषित किया गया। पटकथा एवं निर्देशन का कार्य किया है डॉ. अवास्या ने और फिल्म को संपादित किया है शिवम विश्नाई ने। फिल्म में कोरोना वायरस से बचाव और लॉकडाउन के नियमों का पालन करने का संदेश दिया गया है।

            इससे पूर्व भी लोकेंद्र सिंह और मनोज पटेल की फिल्म ‘बाचा : द राइजिंग विलेज’ को पुरस्कार प्राप्त हो चुका है।

वर्जन :

जरूरतमंदों की उम्मीद बन गया आरएसएस :

इस कठिन समय में आरएसएस के स्वयंसेवकों ने जिस तरह कोरोना के खतरे की चिंता न करते हुए गरीबों एवं जरूरतमंदों की सहायता की है, उससे यह फिल्म बनाने का विचार आया। ताकि समाज में सक्रिय अन्य संगठन भी प्रेरणा लेकर अपने नागरिक दायित्व का निर्वहन करें। यह कहने में कोई संकोच नहीं होना चाहिए कि मौजूदा समय में आरएसएस आमजनों की उम्मीद बन गया है। संघ के कार्यकर्ताओं ने समाज के बड़े हिस्से को राहत पहुँचाई है। 

लोकेन्द्र सिंह, फिल्म निर्माता

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