आपातकाल की वो पहली सुबह

0
282

आपातकाल की घोषणा २५/२६ जून १९७५ के बीच की रात्रि में हुई थी! इसकी शुरुआत १२ जून १९७५ को इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति जगमोहन लाल सिन्हा द्वारा दिए गए उस निर्णय से हुई थी जिसमे १९७१ के लोकसभा चुनाव में इंदिरा जी से हारने वाले समाजवादी नेता राजनारायण की चुनाव याचिका को स्वीकार करते हुए भ्रष्ट आचरण का दोषी मानते हुए श्रीमती इंदिरा गाँधी के चुनाव को अवैध घोषित कर दिया गया था और उन्हें छह वर्षों तक चुनाव के अयोग्य घोषित कर दिया गया था! २६ जून की प्रातः आकाशवाणी और दूरदर्शन के सभी केंद्रों से तत्कालीन प्रधान मंत्री श्रीमती इंदिरा गाँधी ने देश में आंतरिक आपातस्थिति लगाए जाने के लिए पिछली संध्या को दिल्ली में लोकनायक जयप्रकाश नारायण द्वारा दिए गए एक भाषण को आधार बनाया गया था!श्री जयप्रकाश नारायण ने अपने उस ऐतिहासिक भाषण में पुलिस और सुरक्षा बलों का आह्वान करते हुए कहा था कि यदि उन्हें गलत आदेश मानने को कहा जाये तो वो इससे इंकार करदें! इस भाषण को सुरक्षा बलों को बगावत के लिए भड़काने वाला बताया गया और देश में आंतरिक आपातस्थिति लागू कर दी गयी तथा रात्रि में ही सभी समाचार पत्रों पर सेंसर लागू कर दिया गया तथा केवल वही छपने दिया गया जो सरकार द्वारा कहा गया!रात्रि में ही सभी विपक्षी नेताओं को नींद से जगाकर गिरफ्तार कर लिया गया!
वस्तुतः जयप्रकाश नारायण जी के कथित बयान को तो केवल बहाना बनाया गया था! असल में आपातकाल का निर्णय और विपक्षी नेताओं की गिरफ़्तारी का निर्णय कई दिन पूर्व ही लिया जा चूका था!
दिल्ली के रामलीला मैदान में २२ जून १९७५ को सभी विपक्षी दलों की एक विशाल रैली की गयी थी! देश के सभी प्रमुख नेता उसमे थे! पीलू मोदी, मोरारजी देसाई, लालकृष्ण अडवाणी आदि सभी नेता उसमे थे! और श्री विजय कुमार मल्होत्रा जी सञ्चालन कर रहे थे! उस रैली में जयप्रकाश नारायण जी को भी आना था लेकिन बताया गया कि मौसम की खराबी के कारण उनकी उड़ान रद्द हो जाने केकारण वो नहीं आ सके! आसमान में इन्द्र भगवान पूरे जोर से बरस रहे थे! पूरा मैदान खचाखच भरा था!देशी विदेशी मीडिया इस रैली को कवर कर रहे थे! हम भी इवनिंग न्यूज़ की टोपी बनाकर वर्षा से बचने की असफल कोशिश कर रहे थे!
मीटिंग के बाद मैं और मेरे बड़े जीजाजी ,जो साथ में थे, नरैना में अपने एक सम्बन्धी के घर गए! हमें देखते ही वो बोले कि अरे! इतनी बारिश में कहाँ से भीगते हुए आ रहे हो? जब हमने बताया की जेपी की रैली थी! तो बिना हमारी बात ख़त्म होने का इंतज़ार किये उन्होंने पूछा कि जेपी ने क्या कहा? जब हमने बताया कि फ्लाइट रद्द होने के कारण जेपी नहीं आ सके ! तो उन्होंने तुरंत कहा,”अरे, गिरफ्तार तो नहीं हो गए?”.यह सुनते ही मेरे दिमाग में हलचल शुरू हो गयी! क्योंकि जिनके घर हम गए थे वो आईबी में अधिकारी थे और तत्समय रॉ में डेपुटेशन पर थे! उनके मुंह से जेपी की गिरफ़्तारी के बारे में सवाल सुनते ही मुझे लगा कि सरकार ने जेपी को गिरफ्तार करने, विरोध को सख्ती से कुचलने और उत्पन्न परिस्थिति से निबटने के लिए कुछ असाधारण कदम उठाने का निर्णय कर लिया है! अगले दिन गाजिआबाद वापस आने पर मैंने अपनी बात प्रभारी श्री दाऊदयाल जी और श्री केके तिवारी जी को भी बताई!
२५ जून की प्रातः मैं रमतेराम रोड पर संघ के वरिष्ठ प्रचारक और उस समय भारतीय जनसंघ के पश्चिमी उत्तर प्रदेश के संगठन मंत्री श्री कौशल किशोर जी से मिला! वो उससे पिछले दिन ही गुजरात के चुनावों से वापिस लौटे थे! मैंने दिल्ली में हुई वार्ता के बारे में उन्हें बताया तो वो बोले कि जो होगा देखा जायेगा! पहले भी कांग्रेस सर्कार ने संघ को दबाने कि कोशिशें की हैं! और फिर जैसा होगा उसे भी देखा जायेगा! शाम को उन्हें घर पर भोजन पर आमंत्रित किया तो पुनः इस विषय पर चर्चा हुई!
२६ जून की सुबह हम सब लोग गाज़ियाबाद के दिल्ली रोड पर स्थित पी डब्लू डी के निरीक्षण भवन में एकत्र हुए थे जहाँ उत्तर प्रदेश के तत्कालीन बिक्री कर आयुक्त श्री एन पी भटनागर जी नार्थ जोन की बैठक में शिमला जाते हुए रात्रि विश्राम के लिए रुके थे! उन्हें विदा करने के बाद सभी अधिकारी वहीँ पर जलपान के लिए रुक गए और किसी ने वहीँ ट्रांजिस्टर पर प्रातः आठ बजे के समाचार लगा दिए! उससे ही पता चला कि देश में आंतरिक आपातस्थिति लग गयी है! वहां से लौटते हुए मार्ग में रा.स्व.स. के गाज़ियाबाद जिले के तत्कालीन संघचालक और बिक्रीकर/आयकर के अधिवक्ता स्व. श्री विष्णु प्रकाश मित्तल जी मिले और उन्होंने छूटते ही प्रश्न किया कि अब क्या होगा! मेरे मुंह से अनायास ही निकल पड़ा कि इस देश ने तो हिरण्यकश्यप की तानाशाही भी देखी है लेकिन उसका प्रतिकार करने के लिए स्वयं उसका बेटा प्रह्लाद ही खड़ा हो गया था और खम्बे की तरह जड़ बने नरों ने नरसिंह बनकर उसका अंत कर दिया था! आखिर जनता ने ही १९७७ के चुनाव में इस तानाशाही का अंत किया!

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

* Copy This Password *

* Type Or Paste Password Here *

17,094 Spam Comments Blocked so far by Spam Free Wordpress