खान-पान खेत-खलिहान लेख खेती का संकट और पारंपरिक देसी बीज January 23, 2026 / January 23, 2026 by अमरपाल सिंह वर्मा | Leave a Comment अमरपाल सिंह वर्मा निरंतर लागत बढ़ती चले जाने से हमारे देश में खेती संकट के दौर से गुजर रही है। एक ओर खाद, बीज, कीटनाशक, डीजल, बिजली आदि का खर्च बढ़ रहा है, वहीं दूसरी ओर किसान की आय सिमटती जा रही है। जलवायु संकट के दौर में अनिश्चित मौसम और कीटनाशकों के बढ़ते प्रकोप […] Read more » Farming crisis and traditional indigenous seeds
कला-संस्कृति खान-पान सृष्टि में ऊर्जा का नवसंचार करने वाला पर्व – मकर संक्रांति January 14, 2026 / January 14, 2026 by मृत्युंजय दीक्षित | Leave a Comment शीत ऋतु के मध्य जब सूर्यदेव धनु राशि को छोड़कर मकर राशि में प्रवेश करते हैं और उनकी उत्तरायण गति प्रारम्भ होती है, तब मकर संक्रांति होती है। यह पर्व सृष्टि में उर्जा का नवसंचार करने वाला पर्व है। मकर संक्रांति के दिन जप, तप, दान, स्नान, श्रद्धा, तर्पण आदि धार्मिक विधि विधान व कर्मों का विशेष महत्व है Read more » मकर संक्रांति
कला-संस्कृति खान-पान मकर संक्रांति: पतंगबाजी, आनंद, संस्कृति और चेतना January 14, 2026 / January 14, 2026 by डॉ. सत्यवान सौरभ | Leave a Comment भारत में पतंग उड़ाने को एक बहुत पुरानी परंपरा माना जाता है। इसका ज़िक्र इतिहास और लोककथाओं में मिलता है। यह शाही महलों में पराक्रम और चतुराई का प्रतीक हुआ करता था, Read more » Culture and Consciousness Joy Makar Sankranti: Kite Flying मकर संक्रांति
खान-पान धर्म-अध्यात्म लोक पर्वों में समता का उत्सव: मकर संक्रांति January 14, 2026 / January 14, 2026 by बाबूलाल नागा | Leave a Comment मकर संक्रांति केवल एक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय समाज की सामूहिक चेतना, कृषि संस्कृति और सामाजिक समता का प्रतीक है। यह त्योहार सूर्य के उत्तरायण होने का उत्सव है, जो अंधकार से प्रकाश, ठंड से ऊष्मा और निराशा से आशा की ओर बढ़ने का संकेत देता है। भारत जैसे विविधताओं से भरे देश में मकर संक्रांति अलग- Read more » मकर संक्रांति
खान-पान धर्म-अध्यात्म तिल-गुड़ और पतंगें : संक्रांति का वह दर्शन, जो सिखाता है समरसता और उड़ान January 14, 2026 / January 14, 2026 by उमेश कुमार साहू | Leave a Comment मकर संक्रांति का आधार पूर्णतः वैज्ञानिक और खगोलीय है। यह वह संधि काल है जब सूर्य दक्षिणायन की यात्रा पूर्ण कर 'उत्तरायण' की ओर अग्रसर होते हैं। भारतीय दर्शन में उत्तरायण केवल दिशा का परिवर्तन नहीं, बल्कि चेतना के ऊर्ध्वगमन का प्रतीक है। भीष्म पितामह का इस काल की प्रतीक्षा करना प्रमाणित करता है कि यह समय आत्मिक उन्नति औ Read more »
खान-पान आचार, विचार, आहार और सुधार January 14, 2026 / January 14, 2026 by चंद्र मोहन | Leave a Comment आचार, विचार और व्यवहार जीवन के तीन अभिन्न अंग हैं जहाँ विचार (Thoughts) मन की सोच हैं, आचार (Conduct/Ethics) उन विचारों से उत्पन्न नैतिक कार्य हैं, और व्यवहार (Behavior) उन आचारों का बाहरी रूप से प्रकट होना है. Read more » आहार और सुधार
खान-पान खुशियों का संदेशवाहक पर्व है लोहड़ी January 12, 2026 / January 12, 2026 by योगेश कुमार गोयल | Leave a Comment घर में अथवा घर के बाहर खुले स्थान पर अग्नि जलाकर लोग उसके इर्द-गिर्द इकट्ठे होकर आग सेंकते हुए अग्नि में मूंगफली, गुड़, तिल, रेवड़ी, मक्का के भुने हुए दानों इत्यादि की आहूति देते हैं और रातभर भंगड़ा, गिद्धा करते हुए मनोरंजन करते हैं तथा बधाई देते हैं। Read more » लोहड़ी
खान-पान धर्म-अध्यात्म नच्च वे जट्टा लोहड़ी आई वे … January 12, 2026 / January 12, 2026 by डॉ घनश्याम बादल | Leave a Comment उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल में खिचड़वार और दक्षिण भारत के पोंगल पर भी--बेटियों को भेंट जाती है। कभी लोहड़ी से कई दिन पहले ही लोहड़ी के लोकगीत गाकर लकड़ी और उपले इकट्ठे किए जाते थे । इससे चौराहे या मुहल्ले Read more » लोहड़ी
खान-पान भूख से मुक्ति का राष्ट्रीय संकल्प है अटल कैंटीन योजना January 8, 2026 / January 8, 2026 by ललित गर्ग | Leave a Comment भूख केवल एक शारीरिक पीड़ा नहीं है, वह सामाजिक असंतुलन, मानसिक कुंठा और नैतिक विचलन की जननी भी है। इतिहास साक्षी है कि जब पेट खाली होता है, तो विचार उग्र हो जाते हैं, व्यवस्था के प्रति विश्वास डगमगाने लगता है और विद्रोह की भावना पनपती है। किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था की सबसे पहली जिम्मेदारी यह होती है Read more » Atal Canteen Scheme is a national pledge to get rid of hunger. अटल कैंटीन योजना
खान-पान मासूमों का बचपन जंक फूड के हवाले क्यों ? January 6, 2026 / January 6, 2026 by बाबूलाल नागा | Leave a Comment अहाना की मौत कोई साधारण हादसा नहीं है बल्कि यह उस खामोश महामारी का प्रतीक है जो आज हमारे घरों, स्कूलों और बाजारों में खुलेआम पल रही है—जंक फूड। चमकदार पैकेटों, आकर्षक विज्ञापनों और “टेस्टी” के नाम पर परोसे जा रहे जहर ने एक मासूम जिंदगी छीन ली। यह घटना केवल एक परिवार का निजी दुख नहीं बल्कि पूरे समाज, नीति-निर्माताओं और व्यवस्था के मुंह पर करारा तमाचा है। Read more » Why should the childhood of innocent children be given to junk food बचपन जंक फूड के हवाले
खान-पान स्वास्थ्य-योग पेयजल पाइपलाइनों के रखरखाव में लापरवाही को माना जाए अपराध January 5, 2026 / January 5, 2026 by ज्ञान चंद पाटनी | Leave a Comment देश के बड़े हिस्से में पेयजल वितरण नेटवर्क दशकों पुराना है। पाइपलाइनों में जंग लगा हुआ है और कई क्षतिग्रस्त हैं। जहां पेयजल पाइपलाइनें सीवर लाइन, नालियों या ड्रेनेज के समानांतर और काफी नजदीक बिछी हैं, वहां पाइप के क्षतिग्रस्त होते ही सीवर का गंदा पानी पेयजल लाइन में घुस जाता है। Read more » पेयजल पाइपलाइनों की उपेक्षा
खान-पान इंदौरः स्वच्छता की चादर से ढकी गंदगी January 2, 2026 / January 2, 2026 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment भागीरथपुरा में नर्मदा नदी से पाइपलाइन के जरिए आने वाले जल में शौचालय का दूषित जल शुद्ध पेयजल में लंबे समय से मिलता रहा। बस्ती के लोग इस पानी को यह मानकर पीते रहे कि नगर निगम द्वारा पिलाया जाने वाला शुद्धता के मानकों पर खरा होगा ही। Read more » Indore: Dirt covered under a blanket of cleanliness इंदौर में दूषित पेयजल