अखिलेश के मन की पीड़ा

पहले पकड़ा था राहुल का हाथ,
उसने भी न दिया था मेरा साथ|
इस बार माया के हाथी पे बैठा,
उसने भी घुमा कर मारी लात ||

दोनों तरफ से मेरा बुरा हुआ ,
किसी न दिया है मेरा साथ |
मैंने अपनी खुद नाव डुबोई ,
इसलिए मैंने खाई है मात ||

जिसकी थी जीरो सीट,
उसको हो गयी पूरी दस |
मेरी तो पांच रह गयी,
कैसे भंवर में गया फस ||

पत्नि भी मेरी हार गयी ,
कन्नोज ने न दिया साथ |
चचेरे भाई भी हार गये ,
अब मै किससे करू बात ||

मुलायम बोले :-

तुझे पहले भी समझाया था,
अब भी तुझे समझा रहा हूँ |
तूने परिवार से अलग होकर ,
पकड़ा था दूजो का हाथ ||

जो सगे बाँप का नहीं हुआ ,
वह फिर देश का क्या होगा |
ऐसे नेताओ का तो अब,
उनका हाल अब यही होगा ||

आर के रस्तोगी
मो 9971006425

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