विविधा पहाड़ी भाषा से सौतेला बर्ताव क्यूं ? November 2, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment ख्वाजा परवेज दिलबर भाषा न केवल विचारों को अभिव्यक्त करने का सर्वाधिक महत्वपूर्ण साधन है बल्कि यह किसी भी समुदाय की सामाजिक और सांस्कृतिक पहचान को भी दर्शाने का एक सशक्त माध्यम होता है। देश के अन्य भागों की तरह जम्मू कश्मीर में भी एक दर्जन से अधिक भाषा बोली और समझी जाती है। इनमें […] Read more » language पहाड़ी भाषा
प्रवक्ता न्यूज़ उल्टे अक्षरों से लिख दी भागवत गीता October 30, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment मिरर इमेज शैली में कई किताब लिख चुके हैं पीयूष : आप इस भाषा को देखेंगे तो एकबारगी भौचक्क रह जायेंगे. आपको समझ में नहीं आयेगा कि यह किताब किस भाषा शैली में लिखी हुई है. पर आप ज्यों ही शीशे के सामने पहुंचेंगे तो यह किताब खुद-ब-खुद बोलने लगेगी. सारे अक्षर सीधे नजर आयेंगे. […] Read more » geeta भागवत गीता
धर्म-अध्यात्म अटल आस्था का अनूठा पर्व छट पूजा October 30, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment नागमणि पाण्डेय छठ पूजा का प्रारंभ महाभारत काल में कुंती द्वारा सूर्य की आराधना व पुत्र कर्ण के जन्म के समय से माना जाता है। मान्यता है कि छठ देवी सूर्य देव की बहन हैं और उन्हीं को प्रसन्न करने के लिए जीवन के महत्वपूर्ण अवयवों में सूर्य व जल की महत्ता को मानते हुए, […] Read more » festival अटल आस्था छट पूजा
धर्म-अध्यात्म कुम्भ : परंपरा, इतिहास एंव वर्तमान October 29, 2011 / December 5, 2011 विकास सिंघल कुम्भ शब्द का अर्थ ही होता है अमृत का घड़ा यानि ज्ञान का घड़ा और कुम्भ प्रथा से स्पष्ट अभिप्राय है , ज्ञान के घड़े का सदुपयोग. हमारा राष्ट्र भारत आदिकाल से ही संतो, ऋषियों और मुनियों की धरती रही है. इस देश की धरती ने कालिदास जैसे मूर्खो को भी ज्ञानी बनाया […] Read more » history present इतिहास एंव वर्तमान कुम्भ : परंपरा
विविधा “बाबर की औलाद” का राष्ट्रपति भवन में मंचन शर्मनाक : विहिप October 28, 2011 / December 5, 2011 | 1 Comment on “बाबर की औलाद” का राष्ट्रपति भवन में मंचन शर्मनाक : विहिप विहिप ने भेजा राष्ट्रपति व प्रधान मंत्री को पत्र, कहा-मंचन हुआ तो होगा प्रदर्शन केन्द्रीय कानून मंत्री श्री सलमान खुर्शीद द्वारा लिखित नाटक “बाबर की औलाद” के राष्ट्रपति भवन में आज मंचन किये जाने का विश्व हिन्दू परिषद ने कडा विरोध किया है। विहिप दिल्ली के महा मंत्री श्री सत्येन्द्र मोहन ने आज इस नाटक […] Read more » son of babar बाबर की औलाद
धर्म-अध्यात्म प्रतिशोध की भावना सत्य से अलग करा देती है October 28, 2011 / December 5, 2011 | 3 Comments on प्रतिशोध की भावना सत्य से अलग करा देती है संत श्री देवराहाशिवनाथदास भगवान के द्वारा प्राप्त हुई प्रसाद का सदुपयोग न करने से जीव महापाप का भागी होता है। मनुष्य को प्रसाद रूप मे जो बुद्धि मिली है, वही तो भगवत् प्रसाद है। जिसको बुद्धि नहीं मिली है, वही तो भगवत् प्रसाद है। जिसको बुद्धि नहीं मिली है उसको भगवत कृपा से दूर समझें। […] Read more » truth प्रतिशोध की भावना संत श्री देवराहाशिवनाथदास
राजनीति भारतीय प्रज्ञा की आवाज : जनचेतना यात्रा October 27, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment भरतचन्द नायक एशिया में लोकतंत्र का उदय उन्नीसवीं शताब्दी की महत्वपूर्ण घटना है। लेकिन इससे भी विस्मयकारी यह है कि प्रायद्वीप में लोकतंत्र में जितनी गतिशीलता और परिपक्वता भारत में आयी है, वह अन्यत्र दुर्लभ है। तथापि भारतीय लोकतंत्र विकृतियों का अपवाद है यह दावा भी नहीं किया जा सकता है। भारतीय लोकतंत्र की सबसे […] Read more » Lal krishn Advani जन चेतना यात्रा लालकृष्ण आडवाणी
वर्त-त्यौहार घोर तिमिर के जंगल में दिनमान हमें ही बोना है October 27, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment अभिनव भट्ट रोशनी की सत्ता अंधेरा कायम होने पर ही समझ में आती है। जब रात बिल्कुल घनी होती तो सुबह दस्तक देने को बेकरार रहती है। अंधेरा और ऊजाला एक ही स्कूल में पढ़ने वाले सहपाठी ही हैं। लेकिन दोनों में से एक की उपस्थिति दूसरे को गैरहाजिर कर देती है। दोनों तत्वों के […] Read more » Diwali दीपावली दीवाली
विश्ववार्ता आज़ाद होते अरब मुल्कों की चुनौतियाँ October 25, 2011 / December 5, 2011 | 1 Comment on आज़ाद होते अरब मुल्कों की चुनौतियाँ भुवन शर्मा लीबिया के तानाशाह मुअम्मर मुहम्मद अबू मिनयार अल – गद्दाफी की हत्या ने ये साबित कर दिया है कि किसी भी देश के लोगों पर लंबे अर्से से चली आ रही तानाशाही का अंत हमेशा बुरा होता है। लाख कोशिशों के बाद भी गद्दाफी अपने आप को विरोधियों से बचा नहीं सका और […] Read more » challenges in arab countries मुल्कों की चुनौतियाँ
विश्ववार्ता चीन अब भारत से परेशान क्यों है ? October 22, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment डॉ. बचन सिंह सिकरवार चीन भारत के दक्षिण चीन सागर में वियतनाम के साथ संयुक्त तेल खोज परियोजना सहयोग के बहाने वियतनाम से प्रगाढ़ सम्बन्ध बनाने तथा इस सागर के अन्तर्राष्ट्रीय जल में अपने कानूनी दावों को सुदृढ़ करने से बेहद नाराज है। इसके लिए वह वियतनाम के साथ-साथ फिलीपींस को भी कोस रहा है। […] Read more » China and India चीन-भारत
राजनीति दक्षिण के दो राजा-त्रावणकोर और ए. राजा October 22, 2011 / December 5, 2011 | 1 Comment on दक्षिण के दो राजा-त्रावणकोर और ए. राजा साकेंद्र प्रताप वर्मा अभी कुछ दिनों पूर्व दक्षिण भारत के दो राजाओं से जुड़े प्रकरणों ने देश को झंकझोर कर रख दिया। एक थे त्रावणकोर के राजा जिन्होंने किसी जमाने में श्री पद्मनाथ स्वामी के मंदिर में अपने परिवार की बहुत सारी संपति दान कर दी, उसी का परिणाम था कि खुलासा होने पर आज […] Read more » Raja Travankor दक्षिण दो राजा राजा-त्रावणकोर
विविधा सफलता की नई शर्त-गोरेपन का अहसास October 22, 2011 / December 5, 2011 | Leave a Comment हरिकृष्ण निगम ऐसा अनेक बार देखा गया है कि जब भी कोई देश की एक कड़वी सच्चाई भरी हमारी इस कमजोरी को सामने रखता है कि हम स्वभाव से गोरी चमड़ी को महत्व देते हैं और उस अर्थ में रंगभेद की भेदभाव भरी नस्लवादी मानसिकता से ग्रस्त रहते हैं, इस आरोप का हम तुरंत प्रतिरोध […] Read more » fairness गोरापन