मीडिया मीडिया का मजा December 30, 2014 by मनोज कुमार | Leave a Comment मनोज कुमार गांव-देहात में एक पुरानी कहावत है गरीब की लुगाई, गांव भर की भौजाई. शायद हमारे मीडिया का भी यही हाल हो चुका है. मीडिया गरीब की लुगाई भले ही न हो लेकिन गांव भर की भौजाई तो बन ही चुकी है और इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता है. मीडिया का […] Read more » मीडिया का मजा
मीडिया अति उत्साह छोड़े इलेक्ट्रॉनिक मीडिया December 21, 2014 / December 21, 2014 by सिद्धार्थ शंकर गौतम | Leave a Comment आमिर खान की चर्चित फिल्म पीपली लाइव में इलेक्ट्रानिक मीडिया पर जो तीखा और व्यंगात्मक प्रहार किया गया था, कमोबेश उसी तरह की स्थिति आतंकवाद के मामले में मीडिया दिखा रहा है| पहले सिडनी और फिर पाकिस्तान के पेशावर में आर्मी स्कूल में हुए आतंकी हमलों की जितनी निंदा की जाए कम है किन्तु इन […] Read more » negative aspects of electronic media इलेक्ट्रॉनिक मीडिया
मीडिया ‘बटरिंग ‘ से ज्यादा कुछ नहीं चैनलों का महामंच…!! December 17, 2014 by तारकेश कुमार ओझा | Leave a Comment तारकेश कुमार ओझा क्या खबरों की दुनिया में भी कई ‘ उपेक्षित कोने ‘ हो सकते हैं। मीडिया का सूरतेहाल देख कर तो कुछ एेसा ही प्रतीत होता है। खबरों की भूख शांत करने औऱ देश- दुनिया की पल – पल की खबरों के मामले में अपडेट रहने के लिए घर पर होने के दौरान चैनलों को निहारते […] Read more » चैनलों का महामंच
मीडिया मीडिया “प्रहरी ” की भूमिका में November 30, 2014 by आलोक कुमार | Leave a Comment “मीडिया जब ‘ प्रहरी ‘ की भूमिका में होता है तब ही वो जनता के हितों का रक्षक होता है” हाल में बिहार के चंद अखबारों ने “नौ सालों के कथित सुशासनी सरकार के रिपोर्ट -कार्ड ” को जिस तरीके से परोसा और जिस तरह से वो नीतीश जी के चुनावी –अभियान की मुहिम ‘सम्पर्क-यात्रा’ को परोस रहे हैं वो अपने आप ही […] Read more » “प्रहरी ” की भूमिका मीडिया
बच्चों का पन्ना मीडिया बाल पत्रकारिता : संभावना एवं चुनौतियां November 13, 2014 / November 15, 2014 by मनोज कुमार | Leave a Comment 14 नवम्बर बाल दिवस पर विशेष लेख मनोज कुमार बीते 5 सितम्बर 2014, शिक्षक दिवस के दिन जब देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी बच्चों से रूबरू हो रहे थे तब उनके समक्ष देशभर से हजारों की संख्या में जिज्ञासु बच्चे सामने थे। अपनी समझ और कुछ झिझक के साथ सवाल कर रहे थे। इन्हीं हजारों […] Read more » बाल पत्रकारिता
प्रवक्ता न्यूज़ मीडिया अभिव्यक्ति का सशक्त माध्यम है वेब मीडिया : प्रकाश जावडेकर October 17, 2014 / October 17, 2014 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री प्रकाश जावडेकर ने कहा कि वेब मीडिया की यह खासियत है कि परंपरागत मीडिया में जिनकी आवाज नहीं सुनी जाती, यहां उनकी भी आवाज सुनने का मौका सबको मिलता है। श्री जावडेकर ने उक्त विचार ‘वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता’ विषय पर आयोजित एक संगोष्ठी में अपने […] Read more »
प्रवक्ता न्यूज़ मीडिया प्रवक्ता.कॉम के 7 वें स्थापना दिवस पर केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्री श्री प्रकाश जावडेकर जी का विडियो सन्देश October 16, 2014 / October 17, 2014 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment Read more » केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्री प्रकाश जावडेकर प्रवक्ता.कॉम प्रवक्ता.कॉम का 7 वां स्थापना दिवस विडियो सूचना प्रसारण मंत्री श्री प्रकाश जावडेकर जी का विडियो सन्देश
मीडिया वेब मीडिया की स्वीकार्यता – रवि श्रीवास्तव October 16, 2014 by रवि श्रीवास्तव | Leave a Comment अख़बार, रेडियो, खबरिया चैनल के बाद सबसे तेज अपने अस्तित्व को लगातार वेब मीडिया आगे ले जा रहा है। बढ़ती सुविधाओं के साथ लोगों द्वारा आसानी से किसी वेबसाइट का प्रयोग जानकारी के लिए किया जा सकता है। बदलते जमाने के साथ अब समय की महत्वता भी महत्वपूर्ण होने लगी। लगभग वर्ष 1995 में देश […] Read more » वेब मीडिया की स्वीकार्यता
मीडिया वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता – विनय बिहारी सिंह October 16, 2014 / October 16, 2014 by विनय बिहारी सिंह | Leave a Comment – वेब मीडिया तो एक जुनून है वेब मीडिया की स्वीकार्यता उसी दिन एक बार फिर साबित हो गई जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वेब मीडिया में काम करने वाले लोगों की संख्या दो हजार हो गई। यद्यपि प्रधानमंत्री पर यह आरोप लग रहे हैं कि वे प्रिंट या इलेक्ट्रानिक मीडिया से रू-ब- रू नहीं […] Read more » वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता’’
मीडिया वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता October 16, 2014 / October 16, 2014 by लक्ष्मी जायसवाल | Leave a Comment वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता में इंटरनेट की भूमिका बहुत ही अहम है। इंटरनेट का आगमन हमारे आधुनिक समाज की बहुत बड़ी क्रांति मानी जा सकती है। आज इंटरनेट के कारण पूरी दुनिया सिमट कर एक गांव की तरह हो गई है। इंटरनेट के माध्यम से आसानी से कुछ ही पलों में अपनी बात देश […] Read more » वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता
मीडिया बेव मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता October 16, 2014 / October 16, 2014 by तारकेश कुमार ओझा | Leave a Comment असीम है वेब मीडिया का दायरा…!! पश्चिम बंगाल के हजारों करोड़ के बहुचर्चित सारधा घोटाले के मुख्य आरोपी सुदीप्त सेन को एक मामले में पेशी के लिए मेरे जिले के ग्रामीण क्षेत्र में लाया गया था। यह सुदीप्त सेन कई कंपनियों का सीईओ होने के साथ ही एक नहीं दो नहीं बल्कि 13 मीडिया संस्थानों का […] Read more » बेव मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता
मीडिया वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता- रोहित कुमार कश्यप October 16, 2014 / October 16, 2014 by रोहित कुमार कश्यप | Leave a Comment भारतीय समाज में किसी नए प्रयोग को लेकर इतनी स्वीकार्यता कभी नहीं थी, जितनी कम समय में वेब मीडिया ने अर्जित की है। भारत की लगभग 70 प्रतिशत जनता हिंदी भाषा को केवल समझने में ही नहीं, उसमें से अधिकतर लोग इसे पढ़ने-लिखने में भी सक्षम है। हिंदी अखबारों, इंटरनेट साइट्स पुस्तकों, फिल्मों, चैनल्स (न्यूज […] Read more » वेब मीडिया की बढ़ती स्वीकार्यता