आर्यसमाज वेदों

“वेद, ईश्वर, जीवात्मा और प्रकृति के सत्य स्वरुप का प्रचार करने से आर्यसमाज मुझे प्रिय है”

मनमोहन कुमार आर्य,  संसार में सत्य और असत्य तथा विद्या और अविद्या का अस्तित्व है