विधि-कानून समाज समान काम, समान वेतन की बदलती कसौटी September 19, 2026 / September 19, 2026 by सौरभ वार्ष्णेय | Leave a Comment न्यायपालिका ने लंबे समय तक इन संवैधानिक प्रावधानों के आधार पर समान काम के लिए समान वेतन के सिद्धांत को सामाजिक न्याय के महत्वपूर्ण औजार के रूप में विकसित किया। लेकिन समय के साथ अदालतों ने यह भी महसूस किया कि सरकारी सेवाओं की वास्तविकता केवल पदनाम Read more » समान काम समान वेतन का अधिकार
महिला-जगत लेख मानवता के विकास की आधारशिला है नारी सशक्तिकरण March 6, 2020 / March 6, 2020 by अमिता सिंह | Leave a Comment राष्ट्र का अभिमान है “नारी”। राष्ट्र की शान है नारी । भारतीय परिवेश व परिधान की शोभा है नारी । नर से नारायण की कहावत को चरितार्थ करती है नारी | मानवता की मिशाल है नारी । महिला सशक्तिकरण से तात्पर्य है समाज में महिलाओं के वास्तविक अधिकार को प्राप्त करने के लिए उन्हें सक्षम […] Read more » Empowerment of women is the cornerstone of the development of humanity कन्या भ्रूण हत्या कार्य-स्थल में उत्पीड़न के खिलाफ कानून गरिमा और शालीनता के लिए अधिकार नारी सशक्तिकरण मानवता के विकास की आधारशिला यौन उत्पीड़न अधिनियम के तहत विकास की आधारशिला है नारी सशक्तिकरण संपत्ति पर अधिकार - हिंदू उत्तराधिकारी अधिनियम समान वेतन का अधिकार