भारत के विरूद्ध भारतीय ‘बौद्धिक-बहादुरों’ की जमात के अभारतीय करामात

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मनोज ज्वाला कहा जाता है कि मुट्ठी भर अंग्रेज इंग्लैण्ड से कई गुणा विशाल भारत पर शासन करने में इसी कारण सफल हो पाए , क्योंकि उनकी सेना और पुलिस में नब्बे प्रतिशत से अधिक लोग भारतीय ही थे । छल-छद्म की रीति व कुटिल कूटनीति से भारतीय राजाओं-रजवाडों का सहयोग-समर्थन और अंग्रेजी पढे-लिखे लोगों… Read more »

पर्यावरण के इस उजाले को कोई तो बांचे

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 ललित गर्ग – आदर्श की बात जुबान पर है, पर मन में नहीं। उड़ने के लिए आकाश दिखाते हैं पर खड़े होने के लिए जमीन नहीं। दर्पण आज भी सच बोलता है पर हमने मुखौटे लगा रखे हैं। ग्लोबल वार्मिंग आज विश्व के सामने सबसे बड़ी गंभीर समस्या है और हम पर्यावरण को दिन-प्रतिदिन प्रदूषित… Read more »

नैतिक शिक्षा के पैरोकार महात्मा गांधी

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गांधी पुण्यतिथि पर विशेष मैं कभी झूठ नहीं बोलता, यह वाक्य लगभग हर आदमी कहता है लेकिन जब स्वयं की गलती मानने का वक्त होता है तो वह केवल और केवल झूठ का सहारा लेता है। यह बनी-बनायी बात नहीं है अपितु जीवन का एक कड़ुवा सत्य है। ऐसा क्यों हुआ या हो रहा है?… Read more »

गांधी का पुनर्जन्म हो

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महात्मा गांधी पुण्यतिथि- 30 जनवरी – ललित गर्ग – महात्मा गांधी बीसवीं शताब्दी में दुनिया के सबसे सशक्त, बड़े एवं प्रभावी नेता के रूप में उभरे, वे बापू एवं राष्ट्रपिता के रूप में लोकप्रिय हुए, वे पूरी दुनिया में अहिंसा, शांति, करूणा, सत्य, ईमानदारी एवं साम्प्रदायिक सौहार्द के सफल प्रयोक्ता के रूप में याद किये… Read more »

महान क्रंातिकारी लाला लाजपत राय

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28 जनवरी पर विशेष म्ृात्युंजय दीक्षित आदर्शों के प्रति समर्पित आर्यसमाजी धार्मिक सदभाव के प्रणेता देश के लिए अपने प्राणों का बलिदान करने वाले महान क्रांतिकारी लाला लाजपत राय का जन्म 28 जनवरी 1865 तत्कालीन पंजाब के फिरोजपुर के जगरांव के निकट ढुंढके गंाव में हुआ था। लाला लाजपत राय के पिता का नाम राधाकृष्ण… Read more »

विश्व में मोदीजी का कोई विकल्प नहीं

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मान लो की मैं मूर्ख हूँ और मुझे नहीं मालूम कि मैं मोदी जी को क्यों पसंद करता हूं। लेकिन मेरे पास कोंग्रेस , सपा ,बसपा , आप को नापसंद करने के बहुत कारण है। मुझे नहीं मालूम कि अच्छे दिन आएंगे कि नहीं, पर मोदी जी के अतरिक्त और कोई राजनेता दूर दूर तक दिखाई नहीं देता जो भारत के अच्छे दिनों के लिए तन और मन से प्रयत्न करता हो।

नेताजी सुभाष चन्द्र बोस : कई सच छुपाए गए तो कई अधूरे बताए गए

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अपनी आजादी की कीमत तो हमने भी चुकाई है तुम जैसे अनेक वीरों को खो के जो यह पाई है। कहने को तो हमारे देश को 15 अगस्त 1947 में आजादी मिली थी लेकिन क्या यह पूर्ण स्वतंत्रता थी? स्वराज तो हमने हासिल कर लिया था लेकिन उसे ‘ सुराज ‘ नहीं बना पाए ।… Read more »

सुभाष चंद्र बोस की 121वीं जयन्ती

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डा. राधेश्याम द्विवेदी जन्म परिचय:- नेताजी सुभाष चंद्र बोस का जन्म 23 जनवरी 1897 को उड़ीसा में कटक के एक संपन्न बंगाली परिवार में हुआ था। बोस के पिता का नाम ‘जानकीनाथ बोस’ और माँ का नाम ‘प्रभावती’ था। जानकीनाथ बोस कटक शहर के मशहूर वक़ील थे। प्रभावती और जानकीनाथ बोस की कुल मिलाकर 14… Read more »

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में रोचक तथ्य

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परिचय:- नरेंद्र मोदी का जन्म 17 सितम्बर 1950 को हुआ था. मोदी पहले ऐसे प्रधानमंत्री है जो आजादी के बाद पैदा हुए हैं. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार उनकी कुंडली काफी हद तक बाल गंगाधर तिलक से मिलती हैं.1958 में दिवाली के दिन गुजरात में कुछ बच्चों ने बाल स्वयंसेवक की शपथ ली थी. उनमें से… Read more »

जावेद अख़्तर को सोच, साहित्य और संस्कार विरासत में मिले हैं

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-अनिल अनूप जावेद अख़्तर एक कामयाब पटकथा लेखक, गीतकार और शायर होने के अलावा एक ऐसे परिवार के सदस्य भी हैं जिसके ज़िक्र के बग़ैंर उर्दू अदब का इतिहास पूरा नहीं कहा जा सकता। जावेद अख़्तर प्रसिद्ध प्रगतिशील शायर जाँनिसार अख़्तर और मशहूर लेखिका सफ़िया अख़्तर के बेटे और प्रगतिशील आंदोलन के एक और जगमगाते… Read more »