लेख 21वीं सदी में पर्वतीय महिलाओं की व्यथा April 12, 2023 / April 12, 2023 | Leave a Comment नरेन्द्र सिंह बिष्टहल्द्वानी, उत्तराखंड दुनिया भर में महिलाओं की स्थिति को मजबूत करने और उन्हें समाज के हर क्षेत्र में समान अधिकार व सम्मान दिलाने के लिए कई प्रकार से प्रयास किये जा रहे हैं. इसके लिए समाज को जागरूक करने के लिए से हर वर्ष 26 अगस्त को महिला समानता दिवस के रूप में […] Read more » The plight of mountain women in the 21st century
महिला-जगत लेख सार्थक पहल लोहे को जीवन का आकार देती गड़िया लोहार महिलाएं April 10, 2023 / April 10, 2023 | Leave a Comment शेफाली मार्टिन्सराजस्थान कृषि हमारे देश का एक महत्वपूर्ण व्यवसाय है, भारत के पारंपरिक व्यवसायों में इसका उल्लेख किया गया है. इसीलिए कृतज्ञता के भाव में हम किसानों को अन्नदाता कहते हैं. लेकिन जिस चीज की अनदेखी की जाती है वह है लोहार का वह हाथ, जो किसानों को औज़ार प्रदान कर अनाज उगाने में मदद […] Read more »
लेख नहीं बदली है माहवारी से जुड़ी अवधारणाएं April 6, 2023 / April 6, 2023 | Leave a Comment नैना सुहानी मुजफ्फरपुर, बिहार मासिक धर्म एक ऐसा विषय है जिस से ग्रामीण इलाकों में अनगिनत अंधविश्वास और पुरानी सोच जुड़ी हुई है. सामाजिक प्रतिबंध के कारण यहां ऐसे विषयों पर बात करना भी पाप माना जाता है. जिस वहज से महिलाएं सही जानकारी के अभाव में बीमारियों का शिकार हो जाती हैं और उन्हें कई […] Read more »
लेख राजस्थानी को कब हासिल होगा निज भाषा का गौरव? April 4, 2023 / April 4, 2023 | Leave a Comment देवेन्द्रराज सुथारजालौर, राजस्थान मातृभाषा किसी भी देश या क्षेत्र की संस्कृति और अस्मिता की संवाहक होती है. इसके बिना मौलिक चिंतन संभव नहीं है. नई शिक्षा नीति में कक्षा 5 तक शिक्षा का माध्यम मातृभाषा, स्थानीय या क्षेत्रीय भाषा में रखने की बात कही गई है, लेकिन राजस्थान के लोग मातृभाषा में शिक्षा पाने से […] Read more » When will Rajasthani get the pride of its own language
लेख समाज कौन सुनेगा श्रमिक महिलाओं का दर्द? April 4, 2023 / April 4, 2023 | Leave a Comment वंदना कुमारीमुजफ्फरपुर, बिहार भारत की अर्थव्यवस्था का मेरुदंड खेती-किसानी और मजदूरी है. यदि खेती नहीं हो, तो आदमी खाएगा क्या? आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट 2021-22 के मुताबिक कृषि में सकल घरेलू उत्पाद की हिस्सेदारी 20.2 फीसदी है. भारत की तकरीबन आधी जनसंख्या रोजगार के लिए खेती बाड़ी पर ही निर्भर है. कृषि द्वितीयक उद्योगों के लिए […] Read more » श्रमिक महिलाओं का दर्द
लेख सार्थक पहल आत्मनिर्भरता से ही सशक्तिकरण संभव है April 3, 2023 / April 3, 2023 | Leave a Comment अर्चना किशोर छपरा, बिहार आजकल महिलाएं वह सब कुछ कर रही हैं जिस पर वर्षों से पुरुषों का एकाधिकार था. लेकिन कई ऐसे छोटे स्तर के काम भी हैं जो आमतौर पर महिलाओं द्वारा किए जाते रहे हैं और ये काम उन्हें पेशेवर और आत्मनिर्भर बनाते हैं. सिलाई और कढ़ाई एक ऐसा क्षेत्र है, जो ग्रामीण भारत […] Read more » Empowerment is possible only through self-reliance
लेख उत्तराखंड के गांवों में सड़क की जर्जर हालत March 27, 2023 / March 27, 2023 | Leave a Comment ज्योति गोस्वामी/पिंकी अरमोली गरुड़, बागेश्वर उत्तराखंडआज़ादी के 75 बरस बीत चुके हैं. लेकिन पहाड़ी क्षेत्रों के गांवों के निवासी आज भी उन मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं जिनके बिना जीवन की कल्पना एक डरावने स्वप्न सी प्रतीत होती है. उत्तराखंड के बागेश्वर जिले के गरुड़ ब्लॉक का गनीगांव और सुराग, ये ऐसे गांव हैं जहां आज तक लोगों को […] Read more » Dilapidated condition of roads in villages of Uttarakhand
लेख समाज ब्राइड ट्रैफिकिंग : कुछ रिश्ते मीठे भी होते हैं March 27, 2023 / March 27, 2023 | Leave a Comment सीटू तिवारीपटना, बिहार जानकी देवी और रीता दास रिश्ते में सास–बहु लगती हैं. वो कटिहार के धीमनगर की खेड़िया पंचायत की रहने वाली हैं और अपने गांव के दूसरे परिवारों से इतर, बहुत सुकून में हैं. वजह ये कि उन्होंने अपने घर की बेटियों की शादी बहुत सोच समझ कर की है. जानकी देवी बताती […] Read more » Bride Trafficking
लेख आवारा मवेशियों की समस्या का हल ज़रूरी है March 23, 2023 / March 23, 2023 | Leave a Comment देवेन्द्रराज सुथार जालोर, राजस्थानदेशभर में आवारा मवेशियों की समस्या दिनोंदिन विकराल होती जा रही है. जहां एक ओर आवारा मवेशी सड़क हादसों का सबब बन रहे हैं, तो दूसरी ओर फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं. आज शहर हो या गांव, आवारा मवेशियों के आतंक से कोई अछूता नहीं हैं. इनके यत्र-अत्र-सर्वत्र घूमने से आमजन का अपने घर […] Read more » The problem of stray cattle needs a solution
लेख बिहार की धरोहर : पर्यटन और रोजगार सृजन का साधन March 20, 2023 / March 20, 2023 | Leave a Comment सौम्या ज्योत्सना मुज़फ़्फ़रपुर, बिहार हमारी धरोहर, हमें अपने जड़ों से जोड़ती है और जड़ों का मजबूत होना बेहद जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ी अपनी विरासत और संस्कृति के बारे में न केवल जाने बल्कि उसकी महत्ता से भी परिचित हो जाए. धरोहरों की महत्ता न केवल भारत में है बल्कि दुनिया भर में इस पर काफी गंभीरता […] Read more » Heritage of Bihar: Tourism and means of employment generation
समाज सार्थक पहल जाति भेदभाव : हम शिक्षित हुए हैं, जागरूक नहीं March 17, 2023 / March 17, 2023 | Leave a Comment मंजू धपोला कपकोट, बागेश्वर उत्तराखंड दो साल पहले मध्य प्रदेश के रतलाम से आई एक तस्वीर ने लोगों को चौंका दिया था. जहां एक दलित समुदाय के दूल्हे को हेलमेट पहनकर घोड़ी पर चढ़ना पड़ा था, क्योंकि गांव के सवर्ण लोग नहीं चाहते थे कि वह घोड़ी पर चढ़े. पहले तो उसकी घोड़ी छीन ली गई और […] Read more »
लेख सार्थक पहल सरधना कलाकार, टोकरियों के साथ परंपराएं भी बुनती हैं March 16, 2023 / March 16, 2023 | Leave a Comment शेफाली मार्टिन्स राजस्थान देश का इतिहास और परंपरा कई भारतीय ड्राइंग रूम में चर्चा के लोकप्रिय विषय होते हैं, लेकिन वास्तव में ग्रामीण भारत के लोग, विशेष रूप से खानाबदोश समुदाय, अनादि काल से परंपराओं को अपने जीवन और आजीविका में जीते रहे हैं. लेकिन दुख की बात है कि अक्सर उन्हें नजरअंदाज कर दिया जाता है. उनकी कलात्मकता एक ऐसे […] Read more »