कविता कविता : एक मुलाकात बापू से October 26, 2010 / December 20, 2011 | 6 Comments on कविता : एक मुलाकात बापू से एक दिन, मन था कुछ खिन्न मैं बाग के कोने में बैठा था उदास तभी सामने दिखाई दिये महात्मा गांधी श्री मोहनदास मैं चकरा कर बोला ”हैलो डैड , हाउ आर यू” उत्तर मिला ”मै तो ठीक हूं पर कौन है तू ? लोग मुझे बापू कहते थे तू डैड कह रहा है हिन्दुस्तानी है […] Read more » poem बापू
कविता अनामिका की कविता : चढ़कर इश्क की October 26, 2010 / December 20, 2011 | 2 Comments on अनामिका की कविता : चढ़कर इश्क की चढ़कर इश्क की कई मंजिले अब ये समझ आया इश्क के दामन में फूल भी है और कांटे भी और मेरे हाथ काँटों भरा फूल आया ————- फूल सा इश्क पाकर फूला न समाया पर बेवफाई का काँटा हर फूल ने ज़रूर चुभाया —————- अब तो मेरी हालत देख दोस्त ये कहे इश्क का तो […] Read more » Ishq इश्क
विविधा वीडियो एक वीडियो : कश्मीर भारत का अभिन्न अंग नहीं – अरुंधति रॉय October 25, 2010 / December 20, 2011 | 4 Comments on एक वीडियो : कश्मीर भारत का अभिन्न अंग नहीं – अरुंधति रॉय जानी-मानी लेखिका और सामाजिक कार्यकर्ता अरुंधति रॉय ने कहा है कि कश्मीर कभी भी भारत का अभिन्न अंग नहीं रहा है. पिछले दिनों कश्मीर के भारत में विलय पर सवाल उठाकर विवाद खड़ा करने वाली अरुंधति रॉय ने श्रीनगर में एक सेमिनार के दौरान ये बातें कहीं. गुरुवार को ही दिल्ली में कश्मीर पर हुए […] Read more » Arundhati Roy अरुंधति रॉय
विश्ववार्ता चीनी ड्रेगन फिर जागा October 25, 2010 / December 20, 2011 | 3 Comments on चीनी ड्रेगन फिर जागा -मृत्युंजय दीक्षित जी हां, चीनी ड्रेगन एक बार फिर जाग उठा है। अजगर धीरे-धीरे हीं लेकिन काफी खतरनाक ढंग से भारत के खिलाफ एक के बाद एक साजिशें रच रहा है। वह अपनी ताकत लगातार बढ़ा रहा है। किसी न किसी बहाने लेकिन हमारे राजनैतिक पुरोधाओं, रणनीतिकारों ने पता नहीं क्यों चुप्पी साध ली है? […] Read more » Chini Dragon चीनी ड्रेगन
विविधा प्रखर राष्ट्रीय क्रांतिकारी भगत सिंह October 25, 2010 / December 20, 2011 | 2 Comments on प्रखर राष्ट्रीय क्रांतिकारी भगत सिंह – मृत्युंजय दीक्षित मात्र 23 वर्ष की अल्पायु में ही फांसी के फंदे पर झूलकर भगत सिंह ने स्वातंत्र्य समर में उदाहरण प्रस्तुत किया जो पूरे विश्व के इतिहास में दुर्लभ है। प्रखर राष्ट्रवादी विचार, चमत्कृत करने वाली दूरदृष्टि, ओजस्वी वाणी दृश्य को बेधने वाली लेखनी और कतृत्व में विद्रोह की लपटें उनकी पहचान है। […] Read more » Bhagat Singh भगत सिंह
विविधा एक विडियो : क्या ये जनाब बात करने लायक है ? October 22, 2010 / December 20, 2011 | 11 Comments on एक विडियो : क्या ये जनाब बात करने लायक है ? क्या आपने सैयद अली शाह गिलानी का नाम सुना है ? हाँ ! वो ही कश्मीर अवाम के महान नेता …. गत माह केन्द्रीय प्रतिनिधिमंडल ने जिनके घर जाकर कश्मीर के साथ हो रहे अन्याय के लिये अफ़सोस जाहिर किया था… कृपया ३ मिनट निकालकर इनका यह एक विडियो देखिये, और आप स्वयं बताइए कि […] Read more » Video सैयद अली शाह गिलानी
विविधा वर्ग-दंभियों के दायरे October 22, 2010 / December 20, 2011 | 1 Comment on वर्ग-दंभियों के दायरे -हरिकृष्ण निगम हाल में एक अमेरिकी लेखक ने आज की सभ्यता के संकटों से उपजे स्वरों में एक नितांत वैयक्तिक तत्व को अत्यंत महत्वपूर्ण माना है और कहा है कि आज के युग में प्रतिष्ठित, समृध्द और बड़े कहे जाने वाले लोगों में संवेदनशीलता, निर्बोधता और निश्छल आचरण का युग जैसे समाप्त होता जा रहा […] Read more » categary वर्ग दंभी
प्रवक्ता न्यूज़ धारावाहिकों की माया October 22, 2010 / December 20, 2011 | 1 Comment on धारावाहिकों की माया – हरिकृष्ण निगम प्रत्येक साहित्यप्रेमी या कथा-साहित्य के अनुरागी के लिए एक सामान्य ज्ञान का विषय है कि चाहे औपन्यासिक कृतियां हों या कहानी लेखक की कोई भी विद्या उसमें कल्पना, भावोद्वेग, चमत्कारिक मोड़ वाले घटनाक्रम, यौनाचरण, हिंसा, उन्माद, अपराध, प्रतिशोध,र् ईष्या-द्वेष और षड़यंत्र आदि का मिश्रण उसे उत्तेजक, पठनीय और रोचक बनाते हैं। यही […] Read more » Programme धारावाहिक
राजनीति प्रधानमंत्री हैं राष्ट्रमंडल खेलों में भ्रष्टाचार के जिम्मेदार October 21, 2010 / December 20, 2011 | 13 Comments on प्रधानमंत्री हैं राष्ट्रमंडल खेलों में भ्रष्टाचार के जिम्मेदार -नितिन गडकरी हमारे खिलाड़ियों ने हाल ही में सम्पन्न हुए 19वें राष्ट्रमंडल खेलों – दिल्ली 2010 में विभिन्न क्षेत्रों में अपने शानदार प्रदर्शन से भारत को गौरवांवित किया है। खेल संस्कृति पैदा करने की भारत की क्षमता और एक खेल प्रधान देश बनने के बारे में सभी प्रकार की अनिश्चिताएं उस समय समाप्त हो गई […] Read more » Commonwealth Games Scam राष्ट्रमंडल खेल घोटाला
खेत-खलिहान किसान आत्महत्या के निहितार्थ October 21, 2010 / December 20, 2011 | 3 Comments on किसान आत्महत्या के निहितार्थ – मुलखराज विरमानी भारत के छोटे किसानों का बुरा हाल है। हमारी सरकार ने आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवारों को राहत देने के लिए कानून तो बनाया परंतु उस कानून का पालन न करने के लिए सरकार के ही अधिकारी ऐसी दलीलें देते हैं कि जिससे आत्महत्या करनेवाले किसान के परिवार को क्षति की […] Read more » Farmer Suicide किसान आत्महत्या
विविधा अयोध्या निर्णय : टुकडों में बांट कर शांति October 21, 2010 / December 20, 2011 | 2 Comments on अयोध्या निर्णय : टुकडों में बांट कर शांति – डॉ. सूर्य प्रकाश अग्रवाल 30 सितंबर, 2010 की सांय 3.30 बजे के बाद से ही 60 वर्ष से अधिक चले रामजन्म भूमि व बाबरी मस्जिद प्रकरण पर दायर हुए मुकदमें का उच्च न्यायालय इलाहाबाद की लखनऊ पीठ के तीन न्यायमूर्तियों के द्वारा दिये गये ऐतिहासिक, अभूतपूर्व तथा कानूनी व कुछ आस्था में पगे अपना […] Read more » Decision अयोध्या निर्णय
प्रवक्ता न्यूज़ मनोरंजन पंजाबी फ़िल्म तेरे इश्क नचाया October 21, 2010 / December 20, 2011 | Leave a Comment इरोज इंटरनेशनल व पर्ल्स इंटरटेनमेंट की पंजाबी फीचर फ़िल्म ”तेरे इश्क नचाया” के निर्माता हैं केसर सिंह व निर्देशक है रविंदर रवि. ”तेरे इश्क नचाया” की कहानी है कमल नाम की एक चुलबुली युवती की. उसके तीन भाई हैं जो अपनी बेटी की तरह उसे प्यार करते हैं. अभी भी वो बच्चों के साथ ही […] Read more » Punjabi Film पंजाबी फ़िल्म