सरिता अरगरे

१९८८ से अनवरत पत्रकारिता । इप्टा और प्रयोग के साथ जुडकर अभिनय का तजुर्बा । आकाशवाणी के युववाणी में कम्पियरिंग। नईदुनिया में उप संपादक के तौर पर प्रांतीय डेस्क का प्रभार संम्हाला। सांध्य दैनिक मध्य भारत में कलम घिसी, ये सफ़र भी ज़्यादा लंबा नहीं रहा। फ़िलहाल वर्ष २००० से दूरदर्शन भोपाल में केज़ुअल न्यूज़ रिपोर्टर और एडिटर के तौर पर काम जारी है। भोपाल से प्रकाशित नेशनल स्पोर्टस टाइम्स में बतौर विशेष संवाददाता अपनी कलम की धार को पैना करने की जुगत अब भी जारी है ।

घाघ नेताओं के जमघट में बेबस आयोग – सरिता अरगरे

चुनाव आयोग और राजनीतिक दलों के बीच ” तू डाल – डाल मैं पात- पात” का खेल दिन ब दिन तेज़ होता जा रहा है । राजनीतिक दलों की गतिविधियों पर चुनाव आयोग कड़ी निगाह रख रहा है…