सुरेश हिन्‍दुस्‍थानी

स्वतंत्र वेब लेखक व ब्लॉगर

बुराई को त्यागने का प्रतीक है होली

रंगों का पर्व होली हिन्दुओं का पवित्र त्यौहार है। यह मौज-मस्ती व मनोरंजन का त्योहार है। सभी हिंदू जन इसे बड़े ही उत्साह व सौहार्दपूर्वक मनाते हैं। यह त्योहार लोगों में प्रेम और भाईचारे की भावना उत्पन्न करता है।

सपा का घमासान लोकतंत्र पर प्रहार

उत्तरप्रदेश में चल रहा समाजवादी पार्टी का घमासान देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था पर करारा प्रहार कहा जा सकता है। राजनीतिक पार्टियां लोकतांत्रिक व्यवस्था का भले ही दम भरती हों, लेकिन इस प्रणाली का राजनीतिक दलों के नेता कितना पालन करते हैं, यह कई बार देखा जा चुका है। पूरी तरह से एक ही परिवार पर केन्द्रित समाजवादी पार्टी अलोकतांत्रिक रुप से आगे बढ़ती हुई दिखाई देने लगी है। समाजवादी पार्टी की खानदानी लड़ाई के चलते पिछले कई दिनों से समाचार पत्रों व विद्युतीय प्रचार तंत्र की मुख्य खबर बनी हुई है।

नीचे के भ्रष्टाचार पर भी कार्यवाही हो

भ्रष्टाचार को समाप्त करने के लिए केन्द्र सरकार के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक प्रकार से आयुर्वेद जैसी उपचार पद्धति अपनाई है। आयुर्वेद उपचार की विशेषता है कि धीरे धीरे ही सही समस्या जड़ से समाप्त हो जाएगी। किसी भी प्रकार की समस्या को इस पद्धति से समाप्त करने के लिए धीरज रखने की आवश्यकता है। देश की जनता जितना धीरज से काम लेगी, उतना ही अ‘छा होगा। इससे देश को तो बहुत बड़ा लाभ मिलने वाला ही है, लेकिन आम जनता भी आने वाले समय में प्रसन्नता का अनुभव करेगी।

लोकतांत्रिक मर्यादा का चीरहरण करता विपक्ष

वर्तमान में देश में विरोधी दलों द्वारा जिस प्रकार की राजनीति की जा रही है, वह देश को पीछे ले जाने की कवायद मानी जा सकती है। इसे लोकतांत्रिक मर्यादा का चीरहरण भी कहा जा सकता है। विपक्ष द्वारा किए गए भारत बंद का आहवान देश की जनता ने पूरी तरह से नकार दिया। यहां तक कि देश के व्यापारियों ने भी इससे किनारा करके विपक्ष को यह जता दिया कि वह भारत बंद के विरोध में है।

नोट बंदी : विकास की तरफ बढ़ते भारत के कदम

करीब 35 हजार करोड़ का कालाधन बाहर आ चुका है। कश्मीर में सुरक्षा बलों पर होने वाले पथराव पर रोक लगी है। इससे यह जाहिर है कि अलगाववादी या पाकिस्तान एजेंट पांच-पांच सौ देकर युवकों को पथराव के लिए प्रेरित करते थे। यहां तक कि नक्सली आतंकी भी कह रहे है कि नोटबंदी का गरीबों के हित में निर्णय है और वे समाज की मुख्यधारा में शामिल होने का मन बना रहे है। जनता के लिए कल्याणकारी योजनाएं लागू हुई है।