राजनीति विविधा अब तो इस तालाब का पानी बदल दो August 10, 2013 | Leave a Comment वीरेन्द्र सिंह परिहार दुर्गा शक्ति नागपाल का निलम्बन एक ऐसा प्रकरण है,जिससे यह पता चलता है, हमारी शासन-व्यवस्था का किस हद तक पतन हो चुका है। उल्लेखनीय है कि उत्तर प्रदेश की गौतम बुद्ध नगर की आर्इ.ए.एस. अधिकारी जो कि प्रशिक्षु एस.डी.एम. थी, वह एक दमदार अधिकारी थी। उन्होने खनन-माफिया को ठिकाने लगा दिया। स्वाभाविक […] Read more » दुर्गा शक्ति नागपाल का निलम्बन
राजनीति आर- पार की लड़ाई का वक्त June 12, 2013 | 1 Comment on आर- पार की लड़ाई का वक्त वीरेंद्र सिंह परिहार बहुत से किन्तु – परन्तु और आपत्तियों के बावजूद जैसा कि प्रत्याशित था , भाजपा की गोवा में हो रही राष्ट्रीय कार्यकारिणी के अंतिम दिन ९ जून को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने नरेन्द्र मोदी को भाजपा की राष्ट्रीय चुनाव – प्रचार समिति का अध्यक्ष बनाने की घोषणा कर ही […] Read more » आर- पार की लड़ाई का वक्त
राजनीति आडवाणी बनाम मोदी June 6, 2013 | 3 Comments on आडवाणी बनाम मोदी 2009 में एन.डी.ए. की ओर से प्रधानमंत्री पद के घोषित उम्मीदवार लालकृष्ण आडवाणी, लगता है 2014 में भी अपनी प्रधानमंत्री पद की दावेदारी छोड़ने को तैयार नहीं है। जबकि 2009 से लेकर अब तक परिस्थितिया बहुत बदल चुकी है। पहली महत्वपूर्ण बात यह कि 2009 में आडवाणी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित करने से […] Read more »
राजनीति ‘‘यह सिर्फ कष्ट की बात नहीं, हमारी सबसे बड़ी राष्ट्रीय त्रासदी है’’ April 18, 2013 / April 18, 2013 | 3 Comments on ‘‘यह सिर्फ कष्ट की बात नहीं, हमारी सबसे बड़ी राष्ट्रीय त्रासदी है’’ वीरेन्द्र सिंह परिहार भाजपा के मुख्य पत्र ‘कमल संदेश’ में प्रभात झा द्वारा यह लिखे जाने पर कि भारत की पूर्व राष्ट्रपति श्रीमती प्रतिभा पाटिल, श्रीमती इन्दिरा गांधी के यहां रोटी बनाती थीं। इसलिए श्रीमती सोनिया गांधी ने उन्हे राष्ट्रपति बनवा दिया इस पर किसी ने लिखा कि यदि […] Read more »
राजनीति ‘‘आगे-आगे देखिए होता है, क्या?…………’’ April 18, 2013 | 2 Comments on ‘‘आगे-आगे देखिए होता है, क्या?…………’’ वीरेन्द्र सिंह परिहार अभी 13 अप्रैल तक ऐसा माना जा सकता था कि जद यू ने प्रधानमंत्री के प्रश्न पर गुजरात के नरेन्द्र मोदी के प्रति अपना रूख नरम कर लिया है। लेकिन 14 अप्रैल को नितीश कुमार ने जद यू की राष्ट्रीय परिषद की बैठक में […] Read more » modi and nitish Narendra Modi
राजनीति भूतपूर्व लौहपुरुष के तेवर हो गए लाल January 14, 2013 | 1 Comment on भूतपूर्व लौहपुरुष के तेवर हो गए लाल निरंजन परिहार बीजेपी में हड़कंप है। लालकृष्ण आडवाणी अड़ गए हैं। नितिन गड़करी नहीं चलेंगे। संघ परिवार बहुत कोशिश कर रहा है। कोशिश यह कि कैसे भी करके गड़करी को एक बार फिर चला लिया जाए। लेकिन बूढ़ा शेर बिदक गया है। संघ परिवार बहुत सालों से बीजेपी के सिर पर सवार है। पर, गड़करी […] Read more » nitin gadkari and aadwani
शख्सियत समाज भगवान बिरसा मुण्डा November 28, 2012 / November 28, 2012 | Leave a Comment न भूतो न भविष्यति वीरेन्द्र सिंह परिहार मुण्डा जाति वर्तमान झारखण्ड राज्य के दक्षिण-पूर्वी तथा सिंहभूमि से सटे भागों में निवास करती है। मुण्डाओं की भाषा मुण्डारी कहलाती है। मुण्डा जाति अनेक गोत्र समूहों से मिलकर बनी है, जिन्हे किलि कहा जाता है। एक किलि के सभी सदस्य एक ही पूर्वज के माने जाते है। […] Read more » birsa munda बिरसा मुण्डा
आलोचना समाज राम बनाम राम जेठामलानी November 24, 2012 / November 24, 2012 | 7 Comments on राम बनाम राम जेठामलानी वीरेन्द्र सिंह परिहार देश के ख्याति-लब्ध अधिवक्ता और भाजपा के राज्यसभा सासंद रामजेठामलानी का गत दिनों का यह कथन काफी तूल पकड़ चुका है कि राम एक बुरे पति थें। गीता में कृष्ण ने कहा है-बड़े लोग जैसा आचरण करते है,आम लोग उसका अनुकरण करते है। अब जहां तक राम के सीता-निष्कासन का प्रश्न है,वह […] Read more » राम राम जेठामलानी
राजनीति ”व्यवस्था बदलने के लिए November 7, 2012 / November 7, 2012 | Leave a Comment वीरेन्द्र सिंह परिहार अभी 4 नवम्बर को कांग्रेस पार्टी की दिल्ली रैली को संबोधित करते हुए कांग्रेस पार्टी के युवराज राहुल गांधी ने कहा कि मौजूदा व्यवस्था से आम आदमी को परेशान होना पड़ रहा है। इसको बदलने के लिए युवकों को आगे आना पड़ेगा। राहुल गांधी की उपरोक्त बातों से उनके दिवंगत पिता एवं […] Read more » Rahul Gandhi
राजनीति ”बहुत कठिन है, डगर पनघट की October 20, 2012 / October 20, 2012 | Leave a Comment वीरेन्द्र सिंह परिहार अभी 15 अक्टूबर को दिल्ली की एक अदालत ने जुलार्इ 2008 के ”वोट के बदले नोट मामले की जांच पुलिस को आगे करने को कहा, ताकि छिपे हुए सच को बाहर लाया जा सके। भाजपा संसद एवं आरोपी फग्गन सिंह कुलस्ते के इस अनुरोध पर की जांच कर यह पता लगाया जाएं […] Read more » vote for note scam
राजनीति प्रधानमंत्री किनके प्रतिनिधि है? October 15, 2012 / October 15, 2012 | Leave a Comment वीरेन्द्र सिंह परिहार अभी हाल में सी.बी.आई. और भ्रष्टाचार विरोधी व्यूरों के सम्मेलन में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि भ्रष्टाचार के मामलों में ज्यादा प्रचार होने से एक ओर जहां अधिकारियों का मनोबल गिरता है, वहीं दूसरी तरफ अन्र्तराष्ट्रीय स्तर पर देश की छवि खराब होती है। उन्होने यह भी कहा कि भ्रष्टाचार को […] Read more » डॉ. मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री
राजनीति अब प्रधानमंत्री चुप क्यों हैं ? October 8, 2012 / October 8, 2012 | 1 Comment on अब प्रधानमंत्री चुप क्यों हैं ? संसद को कौन बना रहा- निरर्थक ? वीरेन्द्र सिंह परिहार 1 लाख 86 हजार करोड़ रुपए के 2-जी स्पेक्ट्रम घोटाले की जाच के लिए कांग्रेसी सांसद पी.सी. चाको की अध्यक्षता में गठित संयुक्त संसदीय समिति अर्थात जे.पी.सी.- ऐसा लगता है कि इतिहास दुहराने जा रही है। इस बात की भरपूर संभावना है कि इसका भी […] Read more »