हिंदी दिवस ‘उम्मींदों की आशा हिन्दी’ September 3, 2014 / September 3, 2014 by बलवन्त | 1 Comment on ‘उम्मींदों की आशा हिन्दी’ बलवन्त जन सामान्य की भाषा हिन्दी। जन–मन की जिज्ञासा हिन्दी। जन–जीवन में रची बसी बन जीवन की अभिलाषा हिन्दी। तुलसी-सूर की बानी हिन्दी। विश्व की जन कल्याणी हिन्दी। ध्वनित हो रही घर–आँगन में बनकर कथा–कहानी हिन्दी। संकट के इस विषम दौर में उम्मींदों की आशा हिन्दी। गीत प्रेम के गाती हिन्दी। सबको गले […] Read more » ‘उम्मींदों की आशा हिन्दी’
हिंदी दिवस हिंदी का बढ़ता प्रभाव September 14, 2013 by अरविंद जयतिलक | Leave a Comment अरविंद जयतिलक हिंदी के प्रचार-प्रसार के लिए अब बहुत चिंतित होने की जरुरत नहीं है। हिंदी अपने दायरे से बाहर निकल विश्वजगत को अचंभित और प्रभावित कर रही है। एक भाषा के तौर पर वह अपने सभी प्रतिद्वंदियों को पीछे छोड़ दी है। विगत दो दशकों में जिस तेजी से हिंदी का अंतर्राष्ट्रीयविकास हुआ है […] Read more » हिंदी का बढ़ता प्रभाव
हिंदी दिवस हिन्दी देश को जोड़ने वाली भाषा है; September 14, 2013 by प्रोफेसर महावीर सरन जैन | 1 Comment on हिन्दी देश को जोड़ने वाली भाषा है; हिन्दी देश को जोड़ने वाली भाषा है; इसे उसके अपने ही घर में न तोड़ें प्रोफेसर महावीर सरन जैन स्वाधीनता के लिए जब जब आन्दोलन तेज़ हुआ तब तब हिन्दी की प्रगति का रथ भी तेज़ गति से आगे बढ़ा। हिन्दी राष्ट्रीय चेतना की प्रतीक बन गई। स्वाधीनता आन्दोलन का नेतृत्व जिन नेताओं के हाथों […] Read more » हिन्दी देश को जोड़ने वाली भाषा है;
हिंदी दिवस हिन्दी को अनूदित भाषा बनाने और अंग्रेजी को बढ़ावा देने की कोशिशि September 14, 2013 / September 14, 2013 by संजय कुमार बलौदिया | Leave a Comment संजय कुमार iimc भाषा रिसर्च एंड पब्लिकेशन सेंटर की ओर से किए गए एक सर्वेक्षण के मुताबिक पिछले पचास सालों में करीब 220 भाषाएं मृत हो गई है और आने वाले दशकों में कुछ और भाषाएं जिनमें हिंदी भी शामिल है, उनके खत्म होने की भी चिंता जताई जा रही है। इस सर्वेक्षण के बाद […] Read more » हिन्दी को अनूदित भाषा बनाने
विविधा हिंदी दिवस हिन्दी दिवस नही ‘संस्कृति दिवस’ September 14, 2013 / September 14, 2013 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment हिंदी दिवस एक बार पुन: आ गया है। हर वर्ष हम 14 सितंबर को ‘हिंदी दिवस’ के रूप में मनाते हैं। हिंदी हमारी राजभाषा है, लेकिन राष्ट्रभाषा नही बन पायी है। स्वतंत्रता के बीते 66 वर्षों की यह दुखद उपलब्धि है कि हम आज तक हिंदी को भारत की राष्ट्रभाषा नही बना पाए, यद्यपि भारतवर्ष […] Read more » हिन्दी दिवस नही 'संस्कृति दिवस’