eleहथिनी दीदी बैठ ट्रेन में,

निकल‌ पड़ीं भोपल को|

धुम चुक धुम चुक बजा रहीं थीं,

अपने सुंदर गाल को|

 

तभी अचानक टी टी आया,

बोला टिकिट कहाँ ताई,

हथनी बोली टिकिट मांगकर,

तुमको शरम नहीं आई|

 

टिकिट‌ काउंटर इतना छोटा,

सूंड़ नहीं घुस पाई थी |

इस कारण से टी टी भैया,

टिकिट नहीं ले पाई थी|

 

पहिले आप टिकिट की खिड़की,

खूब बड़ी करवाओ|

उसके बाद‌ श्री टी टीजी,

टिकिट मांगने आओ

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