लेखक परिचय

मिलन सिन्हा

मिलन सिन्हा

स्वतंत्र लेखन अब तक धर्मयुग, दिनमान, कादम्बिनी, नवनीत, कहानीकार, समग्रता, जीवन साहित्य, अवकाश, हिंदी एक्सप्रेस, राष्ट्रधर्म, सरिता, मुक्त, स्वतंत्र भारत सुमन, अक्षर पर्व, योजना, नवभारत टाइम्स, हिन्दुस्तान, प्रभात खबर, जागरण, आज, प्रदीप, राष्ट्रदूत, नंदन सहित विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में अनेक रचनाएँ प्रकाशित ।

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jivan1मैं, मैं हूँ

तुम, तुम हो

वह भी, वह ही है

यह सत्य है

जानते हैं हम सब

यह सब .

पर,

इतना ही

जानना -समझना

क्या

जीवन का लक्ष्य है ?

या

यह भी

जानना-समझना-मानना

कि

कहीं-न-कहीं

एक दूसरे में हैं हम

अन्यथा

वाकई अधूरे हैं हम !

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