राजनीति अपराध के खिलाफ निर्णायक फैसले का वक्त July 6, 2020 / July 6, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल कानपुर की घटना ने यह साबित कर दिया है कि अपराध और अपराधियों के हाथ बेहद गहरे हैं। समाज में अपराध का संरक्षण किसी भी तरह से उचित नहीँ है। अपराधी का कोई जाति और धर्म नहीँ होता है। अपराधी का कार्य […] Read more » अपराध के खिलाफ निर्णायक फैसले कानपुर की घटना योगी सरकार राज्य में अपराधियों के खिलाफ़ सख्त रवैया राज्यमंत्री संतोष शुक्ला की थाने में हत्या
व्यंग्य कमाल की है मैडम की जूती June 9, 2020 / June 9, 2020 | Leave a Comment हास्य- व्यंग प्रभुनाथ शुक्ल लोकतंत्र में जब बात से बात नहीँ बनती तब शायद जूती स्ट्राइक का सहारा लेना पड़ता है। आजकल हमारे संस्कार में जूता,चप्पल और सैन्डिल की संस्कृत गहरी पैठा बना चुकी है। इसकी बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए हम कह सकते हैं कि जूती है तो सबकुछ मुमकिन है। अपुन के […] Read more » मैडम की जूती
लेख इसलिए कि शायद वह हथीनी थी ? June 9, 2020 / June 9, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल दुनिया की दो घटनाएँ हमें विचलित करती हैं और इंसान की सोच पर सवाल खड़ी करती हैं। इन दोनों घटनाओं के मूल में एक तरह की समानता दिखती है जिसे हम रंग और नस्लभेद से समझ सकते हैं। अमेरिका में एक अश्वेत […] Read more » death of elephant due to bomb ib pineapple हथीनी
कविता परदेश और गाँव June 1, 2020 / June 1, 2020 | Leave a Comment अम्मा ने परदेश जाते समयसफ़र की भूख मिटाने को दिया थागुड़ की भेलियां, अचार की फारियां औरसाथ में भरपूर रोटियां ! ! घर से निकलते बोली थीं अम्माजरा , दही- गुड़ से मुँह झूठा कर लेबस ! यह कहते अम्मा की आँखेंबन गई थीं सावन- भादों की नदी ! ! किवाड़ की ओट से वह […] Read more » परदेश और गाँव
स्वास्थ्य-योग तम्बाकू सेवन से होती है 38 लाख की मौत May 30, 2020 / May 30, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल भारत में नशा लोगों की नसों में घूसा है। तम्बाकू के शौकीन काफी संख्या में पाए जाते हैं। लॉकडाउन में तम्बाकू पर प्रतिबंध होने के बाद भी लोग इसका उपयोग कर रहे हैं। बजार से कई गुना अधिक दाम चुका कर तम्बाकू का सेवन […] Read more » 38 lakh deaths due to tobacco consumption Tobacco consumption तम्बाकू सेवन
व्यंग्य राजनीति चालू आहे , चलो सड़क नापते है ! May 23, 2020 / May 23, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल फिट रहना बेहद ज़रूरी है। वह सरकार हो या बस। अपन के मुलुक में फिट रहने का आजकल हर कोई मंत्र बाँटता है। यह विधा स्किल डेवलपमेंट में आती है। सरकार भी फिट और हिट रहने के लिए बाकायदा योगमंत्र बांटती रहती […] Read more » चलो सड़क नापते है
व्यंग्य ‘आत्मनिर्भरता’ का फ्लेवर और कलेवर ! May 17, 2020 / May 17, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल ‘आत्मनिर्भरता’ यानी स्वावलंबन जीवन में बेहद आवश्यक है। लेकिन आजकल बगैर अवलंबन के काम ही नहीँ चलता। पति- पत्नी पर, प्रेमी- प्रेमिका पर, बुजुर्ग – छड़ी पर , सरकार- गठजोड़ पर, विपक्ष- ट्विटर पर आत्मनिर्भर है। हमारे आसपास इस तरह के […] Read more » आत्मनिर्भरता आत्मनिर्भरता का फ्लेवर स्वावलंबन
व्यंग्य अथश्री कोरोना पद्मश्री’ सम्मान May 9, 2020 / May 9, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल हिंदी साहित्य और कविता के विकास में कोरोना काल का अपना अलग महत्व होगा। इस युग की महत्ता शोध परिणामों के बाद निश्चित रुप से साबित होगी। इस युग को चाह कर भी कोई आलोचक और समीक्षक झुठला नहीँ सकता […] Read more »
व्यंग्य हे ! कोरोना देव लौट जाओ स्वदेश April 27, 2020 / April 27, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल हे ! कोरोना देव: त्वमेव नमस्तुभ्यम। आप यत्र-तत्र और सर्वत्र व्याप्त हैं। आपकी महिमा अपरम्पार है। हे ! देव आपका विस्तार अनंत आकाश से लेकर भूगर्भ लोक तक है। आप अनंत और अक्षय हैं। पूरी दुनिया आपके सामने नतमस्तक और भय से […] Read more » कोरोना देव
बच्चों का पन्ना बच्चों की मनोदशा पर ‘कोरोना वायरस’ डाल सकता है बुरा प्रभाव April 3, 2020 / April 3, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल ग्लोबल स्तर पर कोरोना संक्रमण की वजह हाहाकार मचा है। अब तक कई लाख लोग मौत के गाल में समा चुके हैं। लाखों लोग संक्रमित हैं। भारत में लॉक डाउन है, आपातकाल की स्थिति है। दुनिया की अर्थव्यवस्था गर्त में चली गई है। खरबों रुपए डालर का नुकसान हुआ है। लेकिन दुनिया […] Read more » बच्चों की मनोदशा पर कोरोना वायरस
राजनीति काँग्रेस को एक इंदिरा की ज़रूरत March 14, 2020 / March 14, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल राजनीति में महत्वाकाक्षाएं अहम होती हैं। वहां दलीय प्रतिबद्धता, राजनैतिक सुचिता और नैतिकता का कोई स्थान नहीं होता है। मध्यप्रदेश में ज्योंदिरादित्य सिंधिया की तरफ से जो पटकथा लिखी गई है उसके लिए कांग्रेस खुद जिम्मेदार है। मध्यप्रदेश की राजनीति में सिंधिया […] Read more » congress needs one more indira काँग्रेस को एक इंदिरा की ज़रूरत
व्यंग्य बलम भरी मारो पिचकारी, लगाओ न गुलाल March 7, 2020 / March 7, 2020 | Leave a Comment प्रभुनाथ शुक्ल अबकी अपुन की होली का सेंसेक्स धड़ाम है। बेचारी पहले ही भंग पीकर औंधे पड़ी है। क्योंकि पूरी दुनिया में मंदी और बंदी छायी है। अपन के मुलुक में भी मंदी, बंदी और गोलबंदी जड़े जमा चुकी है। इस बार की […] Read more » गुलाल