राजेंद्र चोल प्रथम

विश्व के महान विजेताओं में से एक राजेंद्र चोल प्रथम

अशोक “प्रवृद्ध” कृण्वन्तो विश्‍वमार्यम् तथा स्वदेशो भुवनत्रयम्-अर्थात् सम्पूर्ण विश्‍व को आर्य अर्थात श्रेष्ठ बनायेंगे तथा