विष्णु

“लघु-ग्रन्थ भ्रान्ति-निवारण में विद्यमान उपयोगी कुछ ऋषि-वचन”

–मनमोहन कुमार आर्य,  ऋषि दयानन्द ने एक लघु-ग्रन्थ ‘भ्रान्ति–निवारण’ लिखा है। यह लघु-ग्रन्थ ऋषि दयानन्द

राष्ट्र के ब्रह्मा, विष्णु, महेश

जब उसे विश्वमंचों पर देश के नायक के रूप में अपनी बात कहने का अवसर मिलता है। पंडित नेहरू, इंदिरा गांधी और अटल जी ने अनेकों अवसरों पर विश्वमंचों पर देश का सम्मान बढ़ाया था, तब लोगों को लगता था कि उनके पास कोई नेता है। आज उसी परंपरा को नरेन्द्र मोदी आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने चीन में या उससे पूर्व अन्य देशों में जाकर जो सम्मान अर्जित किया है उससे देश का मस्तक ऊंचा हुआ है। उन्होंने चीन की धरती से ठीक ही कहा है कि चीन के राष्ट्रपति ने प्रोटोकॉल तोडकऱ जिस प्रकार उनका सम्मान किया है वह मेरे देश के सवा अरब लोगों को दिया गया सम्मान है। जिस किसी ने भी मोदी के यह शब्द सुने उसी ने प्रसन्नता का अनुभव किया। हर व्यक्ति ने मोदी से अधिक स्वयं को गौरवान्वित अनुभव किया। कोई व्यक्ति मुख्यमंत्री रहते हुए प्रधानमंत्री बनने की सोच सकता है, और समय आने पर जनता की इच्छा से प्रधानमंत्री बन भी सकता है, यह एक अलग बात है।

राष्ट्रपति, पीएम और मुख्य न्यायधीश होते हैं- राष्ट्र के ब्रह्मा, विष्णु, महेश

-राकेश कुमार आर्य- पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के प्रधानमंत्रित्व काल में  कई चीजें  बेतरतीब