प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो

महाशक्ति नहीं वरण मुफ्तखोरों का देश बना रही हैं अनुदान आधारित अर्थात खैराती योजनायें

-अशोक “प्रवृद्ध”- विभाजन के पश्चात् हमारे देश भारतवर्ष में अधिकांश समय तक केन्द्र की सत्ता

पुण्यसलिला, पाप-नाशिनी, मोक्ष प्रदायिनी, सरित्श्रेष्ठा , राष्ट्रनदी भगवती भगीरथी गंगा

-अशोक “प्रवृद्ध”- मानव जीवन ही नहीं, वरन मानवीय चेतना को भी प्रवाहित करने वाली भारतवर्ष