मनमोहन आर्य

स्वतंत्र लेखक व् वेब टिप्पणीकार

“स्वामी अमरस्वामी के पिता के ऋषि दयानन्द के दर्शन की घटना और कुछ प्रासंगिक बातें”

  मनमोहन कुमार आर्य, स्वामी अमरस्वामी (पूर्व नाम ठाकुर अमर सिंह जी) आर्यसमाज के दिग्गज

“यदि स्वामी दयानन्द और स्वामी श्रद्धानन्द न होते तो स्वामी रामदेव भी न होते : स्वामी रामदेव”

  –मनमोहन कुमार आर्य, तीन दिवसीय गुरुकुल सम्मेलन, गुरुकुल कांगड़ी परिसर में 6 जुलाई, 2018

‘संसार में वेदों की प्रतिष्ठा ऋषि दयानन्द के अतिरिक्त अन्य कोई विद्वान कर नहीं पायाः आचार्य वेदप्रकाश श्रोत्रिय’

–मनमोहन कुमार आर्य,  गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय, हरिद्वार के परिसर में आयोजित तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय गुरुकुल

‘जिस स्थान पर यज्ञ होता है वहां की भूमि पवित्र हो जाती हैः स्वामी आनन्दवेश’

  मनमोहन कुमार आर्य, हरिद्वार में आयोजित तीन दिवसीय गुरुकुल महासम्मेलन का आज 8 जुलाई,

“यदि स्वामी दयानन्द और स्वामी श्रद्धानन्द न होते तो स्वामी रामदेव भी न होते : स्वामी रामदेव”

  मनमोहन कुमार आर्य,  तीन दिवसीय गुरुकुल सम्मेलन, गुरुकुल कांगड़ी परिसर में 6 जुलाई, 2018

‘ईश्वर का न्याय आदर्श न्याय है जिसमें सभी मनुष्यों के शुभाशुभ कर्मों का सुख व दुःख रूपी फल मिलता हैः डा. नवदीप कुमार’

-मनमोहन कुमार आर्य, आर्यसमाज धामावाला, देहरादून ऋषि दयानन्द के कर कमलों से स्थापित आर्यसमाज है