शालिनी तिवारी

"अन्तू, प्रतापगढ़, उत्तर प्रदेश की निवासिनी शालिनी तिवारी स्वतंत्र लेखिका हैं । पानी, प्रकृति एवं समसामयिक मसलों पर स्वतंत्र लेखन के साथ साथ वर्षो से मूल्यपरक शिक्षा हेतु विशेष अभियान का संचालन भी करती है । लेखिका द्वारा समाज के अन्तिम जन के बेहतरीकरण एवं जन जागरूकता के लिए हर सम्भव प्रयास सतत् जारी है ।

आंतरिक जीवन ही महानता का सच्चा मार्गदर्शक है

प्रकृति का अनुपम विधान ब्रह्माण्ड़ और उसकी अनुपम कृति मानव है । भूतल पर प्रकृति द्वारा सभी वस्तुएँ प्रत्यक्ष एवं परोक्ष रूप से उसी के निमित्त है । इनका अनुकूलम उपयोग करके मानव कल्याण सम्भव है । अगर आज सारी दुनियॉ उद्दाम भोगवादी कार्यों से ग्रस्त है, तो यह महान चिंता का विषय है । विश्व गुरू का दर्जा प्राप्त भारत भी आज इससे अछूता नहीं है ।