धर्म-अध्यात्म ईश्वर के गुण, कर्म तथा स्वभाव को जानना प्रत्येक मनुष्य का कर्तव्य February 11, 2020 / February 11, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य हम मनुष्य हैं और हमारे कुछ कर्तव्य हैं जिनमें हमारा एक प्रमुख कर्तव्य है कि हम अपने उत्पत्तिकर्ता, जन्मदाता, आत्मा व शरीर को संयुक्त करने वाले तथा हमारे लिए योगक्षेम वा कल्याण के लिए इस सृष्टि को बनाने सहित इसका पालन करने वाले परमेश्वर को जानें और उसके प्रति अपने सभी […] Read more » deeds and nature of God The duty of every human being to know the qualities ईश्वर के गुण
धर्म-अध्यात्म वैदिक धर्म और होली का पर्व February 11, 2020 / February 11, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य वैदिक धर्म एक सम्पूर्ण उत्कृष्ट जीवन शैली है। इसमें पर्वों को मनाने पर किसी प्रकार की रोक नहीं है। पर्व प्रसन्नता एवं उल्लास का एक अवसर होता है। इसके लिये हमारे कुछ प्राचीन मनीषियों ने वर्ष की कुछ तिथियां निर्धारित की हुई हैं जिन पर इन पर्वों को मनाया जाता है। […] Read more » होली
धर्म-अध्यात्म क्या सभी मनुष्य मननशील एवं विवेकवान हैं और सत्याचरण करते हैं? February 10, 2020 / February 10, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य मनुष्य किसे कहते हैं? इसका सबसे युक्तियुक्त एवं यथार्थ उत्तर ऋषि दयानन्द ने अपने ग्रन्थ सत्यार्थप्रकाश के स्वमन्वयामन्तव्य प्रकरण में दिया है। मनुष्य की परिभाषा एवं उसके मुख्य कर्तव्य का उद्घोष करते हुए वह लिखते हैं ’मनुष्य उसी को कहना (अर्थात् मनुष्य वही होता है जो) मननशील होकर स्वात्मवत् अन्यों के […] Read more » Are all humans contemplative and wise and do satyacharan? मनुष्य मनुष्य मननशील एवं विवेकवान सत्याचरण
धर्म-अध्यात्म एक सच्चे आर्यवीर स्टेशन-मास्टर लाला गंगाराम के जीवन की कुछ प्रेरक घटनायें February 10, 2020 / February 10, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –इतिहास मर्मज्ञ स्वामी स्वतन्त्रानन्द द्वारा लिखित प्रेरक प्रसंग– लेखक-स्वामी स्वतन्त्रानन्द, प्रस्तुतिः मनमोहन कुमार आर्य आचार की दृष्टि से तथा अपने स्वभाव में कट्टरपन की दृष्टि सहित अपने नियमों पर अटल रहने से लाला गंगाराम जी विशेष व्यक्ति थे। उनके जीवन की कुछ घटनाएं लिखता हूं। सम्भव है कि कोई सज्जन इनसे लाभ प्राप्त करे। […] Read more » आर्यवीर स्टेशन-मास्टर लाला गंगाराम
धर्म-अध्यात्म शिवरात्रि पर मूलशंकर को बोध ने वेदोद्धार कर अविद्या को दूर किया February 7, 2020 / February 7, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य ऋषि दयानन्द ने देश-विदेश को एक नियम दिया है ‘अविद्या का नाश तथा विद्या की वृद्धि करनी चाहिये’। इस नियम को संसार के सभी वैज्ञानिक एवं सभी विद्वान मानते हैं । आर्यसमाज में सभी विद्वान अनुभव करते हैं कि देश में प्रचलित सभी मत-मतान्तर इस नियम का पालन करते हुए दिखाई […] Read more » शिवरात्रि पर मूलशंकर को बोध
धर्म-अध्यात्म हमारे जीवन के कुछ प्रमुख दिवंगत एवं जीवित आर्य मित्र February 6, 2020 / February 6, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य हमारा जन्म एक अल्प शिक्षित पिता श्री भगवानदीन तथा अपढ़ माता श्रीमती रामकली जी से 26 जुलाई, सन् 1952 को हुआ था। हमारे पिता एक श्रम से जुडे स्किल्ड श्रमिक का कार्य करते थे और अपनी तकनीकी योग्यता के कारण जीवन के अन्तिम दिनों दिसम्बर, 1978 तक कार्य करते रहे। हमारी […] Read more » प्रमुख दिवंगत एवं जीवित आर्य मित्र
धर्म-अध्यात्म सनातन वैदिक धर्मियों के लिये राष्ट्र वन्दनीय है तथा सत्यार्थप्रकाश इसका पोषक है February 4, 2020 / February 4, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment -मनमोहन कुमार आर्य संसार में मत–मतान्तर तो अनेक हैं परन्तु धर्म एक ही है। वेद ही एकमात्र सर्वाधिक व पूर्ण मानवतावादी धर्म है। वेद में निर्दोष प्राणियों, मनुष्य व पशु–पक्षी आदि किसी के प्रति भी, हिंसा करने का कहीं उल्लेख नहीं है। वेद की विचारधारा मांसाहार को सबसे बुरा मानती है। वेद मनुष्य को […] Read more » सत्यार्थप्रकाश
धर्म-अध्यात्म ईश्वर ने संसार की रचना क्यों की? February 4, 2020 / February 4, 2020 by मनमोहन आर्य | 1 Comment on ईश्वर ने संसार की रचना क्यों की? -मनमोहन कुमार आर्य हम इस संसार में उत्पन्न हुए हैं व वर्षों से रह रहे हैं। जन्म से पूर्व हम कहां थे, क्या करते थे, हम कुछ नहीं जानते हैं? इस जन्म से पूर्व की सभी बातों को हम भूल चुके हैं। ऐसा होना स्वाभाविक ही है। हम बहुत सी बातों को जो कुछ […] Read more » ईश्वर ईश्वर ने संसार की रचना ईश्वर ने संसार की रचना क्यों की
धर्म-अध्यात्म परमात्मा ने संसार सत्पुरुषों के सुख व आत्म कल्याण के लिये बनाया है February 4, 2020 / February 4, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य हमारा यह संसार स्वतः नहीं बना और न ही यह पौरुषेय रचना है। इस संसार को मनुष्य अकेले व अनेक मिलकर भी नहीं बना सकते। हमारा यह सूर्य, चन्द्र, पृथिवी, सौर मण्डल तथा ब्रह्माण्ड अपौरुषेय और ईश्वर से रचित हैं। प्रश्न किया जा सकता है कि परमात्मा ने यह संसार क्यों […] Read more » परमात्मा
धर्म-अध्यात्म ईश्वर न होता तो क्या यह संसार और प्राणी जगत होता? February 3, 2020 / February 4, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment –मनमोहन कुमार आर्य हम अपनी आंखों से भौतिक जगत वा संसार का प्रत्यक्ष करते हैं। इस संसार में सूर्य, पृथिवी, चन्द्र व अनेक ग्रह-उपग्रह हैं। हमारे सौर मण्डल के अतिरिक्त भी सृष्टि में असंख्य व अनन्त लोक-लोकान्तर एवं सौर्य मण्डल हैं। यह सब आकाश में विद्यमान हैं और अपनी धुरी सहित अपने-अपने सूर्य-सम मुख्य […] Read more » ईश्वर
धर्म-अध्यात्म क्या सनातन वैदिक धर्म अमर है और इसके सभी अनुयायी सुरक्षित हैं? January 28, 2020 / January 28, 2020 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment -मनमोहन कुमार आर्य संसार का सबसे पुराना धर्म और संस्कृति वेद और वैदिक धर्म है। वैदिक मान्यताओं के अनुकूल व अनुरूप ही जीवन शैली से सम्बन्धित सभी विचार, मान्यतायें एवं परम्परायें वैदिक संस्कृति का निर्माण करती हैं व कहलाती हैं। जो मान्यता व कर्म वेदानुकूल हों, वही मनुष्यों के लिये करने योग्य होता है […] Read more » सनातन वैदिक धर्म सनातन वैदिक धर्म अमर है
धर्म-अध्यात्म जानिए कपूर के उपयोग एवम लाभ को January 27, 2020 / January 27, 2020 by पंडित दयानंद शास्त्री | Leave a Comment हिंदू धर्म में पूजा में यदि कपूर को शामिल न किया जाए, तो पूजा अधूरी मानी जाती है। इसके प्रयोग से घर की नकारात्मक ऊर्जा तो दूर होती ही है, यह सेहत के लिए भी लाभकारी औषधि है। कपूर हमारे जीवन में कई तरह से लाभ पहुंचाता है। पूजन-पद्धतियों में कपूर का महत्वपूर्ण हिस्सा होता […] Read more » benefits of camphor use of camphor कपूर के उपयोग कपूर के उपयोग एवम लाभ कपूर के लाभ