विधि-कानून समाज सह-अस्तित्व की तलाश: अदालती आदेशों और जमीनी हकीकत के बीच आखिर कैसे रेबीज-मुक्त और सुरक्षित बनेंगे हमारे शहर ? May 22, 2026 / May 22, 2026 by सुनील कुमार महला | Leave a Comment आवारा और खूंखार कुत्तों की बढ़ती समस्या पर गंभीर चिंता Read more » आवारा और खूंखार कुत्तों की बढ़ती समस्या आवारा और खूंखार कुत्तों की बढ़ती समस्या पर गंभीर चिंता रेबीज-मुक्त और सुरक्षित शहर
लेख विधि-कानून मनुस्मृति और भारतीय संविधान, भाग – 15 क May 20, 2026 / May 30, 2026 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment स्वानि कर्माणि कुर्वाणा दूरे सन्तोऽपि मानवा:। प्रिया भवन्ति लोकस्य स्वे स्वे कर्मण्यवस्थिताः।। Read more » मनुस्मृति और भारतीय संविधान
लेख विधि-कानून मनुस्मृति और भारतीय संविधान – भाग – 14 May 19, 2026 / May 30, 2026 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment महर्षि मनु ने कहा है कि राजा को ऐसे उत्तम वैदिक शिक्षक और विद्वानों के मार्गदर्शन और मर्यादा में रहकर ही अपने सारे कार्य करने चाहिए। कई लोगों ने इस प्रकार की व्यवस्थाओं को ब्राह्मणवाद कहकर उनकी आलोचना की है। Read more » Manusmriti and the Indian Constitution मनुस्मृति और भारतीय संविधान
कला-संस्कृति धर्म-अध्यात्म विधि-कानून इंदौर हाई कोर्ट का अहम फैसला – वाग्देवी का मंदिर है धार की भोजशाला May 18, 2026 / May 18, 2026 by रामस्वरूप रावतसरे | Leave a Comment मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की इंदौर पीठ ने 15 मई 2026 को एक बड़ा फैसला सुनाते हुए धार भोजशाला को वाग्देवी का मंदिर माना है। धार जिले में स्थित ऐतिहासिक भोजशाला एक बार फिर देश की सबसे बड़ी कानूनी और सांस्कृतिक बहस के केंद्र में आ गई है। इस फैसले के पीछे एएसआई की रिपोर्ट काफी अहम साबित हुई, जिसमें मंदिर से जुड़े अहम सबूत सामने आए थे। Read more » वाग्देवी का मंदिर है धार की भोजशाला
लेख विधि-कानून न्यायालय द्वारा दोषी पक्ष को अलटरनेट लैंड देने का औचित्य May 18, 2026 / May 18, 2026 by डा. राधेश्याम द्विवेदी | Leave a Comment अब भोजशाला मामले में भी कोर्ट की टिप्पणी को उसी संदर्भ में देखा जा रहा है। हालांकि, यहां हाईकोर्ट ने सीधे जमीन देने का आदेश नहीं दिया है, बल्कि कहा है कि यदि मुस्लिम पक्ष आवेदन करता है तो सरकार उस पर विचार कर सकती है। Read more » भोजशाला
राजनीति विधि-कानून बड़ी मछलियों तक ‘पेपर लीक कांड’ की जांच पहुंचने के आसान कम? May 15, 2026 / May 15, 2026 by रमेश ठाकुर | Leave a Comment ‘नीट प्रश्नपत्र लीक’ मामले में धर पकड़ जारी है। पड़ताल का जिम्मा सीबीआई को सौंपा गया है। राजस्थान से कुछ आरोपी गिरफ्तार हुए हैं लेकिन जो आरोपी पकड़े गए हैं वह सियासत से संबंध रखते हैं। Read more » पेपर लीक कांड
लेख विधि-कानून मनुस्मृति और भारतीय संविधान, भाग – 13 ख May 14, 2026 / May 14, 2026 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment वर्तमान न्याय प्रणाली के दोषों पर विचार व्यक्त करते हुए न्यायमूर्ति रंजन गोगोई ने लंबित मामलों और उनमें हो रही देरी की समस्या पर कहा था कि भारत की जिला अदालतों में लगभग 26.8 करोड़ वाद लंबित हैं। यह तभी संभव हुआ है जब न्यायालय में पड़े मामलों में देरी से सुनवाई की जाती है। प्रक्रिया को लंबा खींचा जाता है। Read more » मनुस्मृति और भारत का सर्वोच्च न्यायालय मनुस्मृति और भारतीय संविधान
राजनीति विज्ञान विधि-कानून नीट पेपर लीक: अब फैसला करना होगा – पुरानी व्यवस्था बचानी या भविष्य बनाना है May 14, 2026 / May 14, 2026 by राजेश जैन | Leave a Comment इस बार की जांच में जो जानकारियां सामने आईं, उन्होंने यह साफ कर दिया कि पेपर लीक अब किसी एक सेंटर या छोटे गिरोह तक सीमित नहीं है। देहरादून, सीकर, जयपुर, गुरुग्राम और कई अन्य शहरों से जुड़े नेटवर्क यह संकेत देते हैं कि Read more » NEET paper leak NEET paper leak: A decision now – whether to preserve the old system or build the future नीट पेपर लीक मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट यूजी-2026 रद्द
विधि-कानून समाज मातृभाषा, संस्कृति और शिक्षा : राजस्थानी के पक्ष में ऐतिहासिक निर्णय May 13, 2026 / May 13, 2026 by सुनील कुमार महला | Leave a Comment यह फैसला पदम मेहता एवं अन्य द्वारा दायर याचिका पर न्यायमूर्ति (जस्टिस) विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति(जस्टिस) संदीप मेहता की पीठ ने सुनाया है। उल्लेखनीय है कि सर्वोच्च न्यायालय ने राजस्थान हाईकोर्ट के उस पूर्व निर्णय को पलट दिया, जिसमें यह कहते हुए याचिका खारिज कर दी गई थी कि शिक्षा नीति के मामलों में न्यायालय हस्तक्षेप नहीं कर सकता। Read more » राजस्थानी के पक्ष में ऐतिहासिक निर्णय संस्कृति और शिक्षा
लेख विधि-कानून मनुस्मृति और भारतीय संविधान, भाग – 13 क May 12, 2026 / May 12, 2026 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment अंग्रेजों ने हमारे देश में जब अपने न्यायालय स्थापित किये तो उन्होंने संवेदनाशून्य न्याय प्रणाली की स्थापना की। जिनका भारतीय लोगों के प्रति तनिक सा भी लगाव नहीं था। वे सारे के सारे न्यायाधीश उपनिवेशवादी व्यवस्था की उपज थे। जिन्हें उपनिवेशवादी अधिकारियों , कर्मचारियों और स्वदेश के लोगों का बचाव करना था। Read more » Manusmriti and the Indian Constitution मनुस्मृति और भारत का सर्वोच्च न्यायालय मनुस्मृति और भारतीय संविधान
राजनीति विधि-कानून न्यायपालिका, आलोचना और लोकतंत्र : क्या न्यायालयों को आलोचना से भयभीत होना चाहिए? May 7, 2026 / May 7, 2026 by डॉ. शैलेश शुक्ला | Leave a Comment रत में न्यायालय की अवमानना का कानून औपनिवेशिक मानसिकता की देन माना जाता है। संविधान के अनुच्छेद 129 और 215 सर्वोच्च न्यायालय तथा उच्च न्यायालयों को अवमानना के लिए दंड देने की शक्ति प्रदान करते हैं। इसके अतिरिक्त न्यायालय अवमानना अधिनियम, 1971 भी इस शक्ति को परिभाषित करता है। Read more » न्यायालयों को आलोचना
विधि-कानून समाज ब्रेकअप अपराध नहीं: सुप्रीम कोर्ट का वह फैसला जो युवाओं की आज़ादी की रक्षा करता है April 29, 2026 / April 29, 2026 by ओंकारेश्वर पांडेय | Leave a Comment बहुत से लोग पूछ रहे हैं – क्या उत्तराखंड का UCC (एकसमान नागरिक संहिता) इस फैसले से उलट है? उत्तर है: बिल्कुल नहीं। उत्तराखंड UCC (जनवरी 2025 से प्रभावी) की धारा 385 साफ कहती है कि “दोनों साथी... समाप्ति का बयान रजिस्ट्रार को दे सकते हैं।” यह केवल सूचना देने की प्रक्रिया है – अपराध नहीं। सजा (6 माह जेल, ₹25,000 जुर्माना) केवल पंजीकरण न कराने पर है, संबंध तोड़ने पर नहीं। Read more » ब्रेकअप अपराध नहीं मैरिज-लाइक रिलेशनशिप