राजनीति थूक लगाकर फल-सब्जी बेचने वालों पर सियासत ! April 29, 2020 / April 29, 2020 by संजय सक्सेना | Leave a Comment हम आह भी करते हैं तो हो जाते हैं……. संजय सक्सेना कोरोना काल ने देश को काफी बदल कर रख दिया है। कई नई परम्पराओं ने जन्म लिया है तो कई पुरानी […] Read more » hindu vendors muslim vendors Politics on those who sell fruit and vegetables by spitting! फल या सब्जी में थूक लगाकर बेचने वालों
राजनीति रामायण और महाभारत का कम समय काम करने में गांधीजी का यह दुराग्रह भी एक कारण है April 29, 2020 / April 29, 2020 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment हमारे देश के इतिहास में विकृतिकरण से अधिक इतिहास का विलोपीकरण किया गया है । इतिहास के विलोपीकरण की यह षड्यंत्रकारी योजना जानबूझकर यूरोपियन देशों के इतिहास लेखकों , मुस्लिम इतिहास लेखकों के साथ-साथ कम्युनिस्ट विचारधारा के लेखकों ने बनाई है । विलोपीकरण की इस प्रक्रिया को पूरा करने के दृष्टिकोण से इन लोगों ने […] Read more » गांधीजी का दुराग्रह
राजनीति बिहारियों के दिल में आक्रोश जिंदा रहा तो चुनाव पर पड़ सकता है असर ! April 29, 2020 / April 29, 2020 by मुरली मनोहर श्रीवास्तव | Leave a Comment मुरली मनोहर श्रीवास्तव बिहार की राजनीति हमेशा से सुर्खियों में रही है। यहां के राजनेताओं की धमक सूबे से लेकर केंद्रीय राजनीति तक होती है। होना भी लाजिमी है यहां राजनीति का पैमाना थोड़ा अलग हटकर होता है। आपको यकीन नहीं तो देख लीजिए। एक तरफ देश-दुनिया कोरोना संकट से उबरने की कोशिश में […] Read more » election matter in corona migrants from bihar may be a matter in coming election migrants of bihar in corona बिहारियों के दिल में आक्रोश
राजनीति भारत के सांस्कृतिक वैभव का प्रतीक : विश्व का सबसे बड़ा विष्णु – मंदिर अंकोरवाट April 28, 2020 / April 28, 2020 by राकेश कुमार आर्य | Leave a Comment भारत एक गौरवपूर्ण विश्व धरोहर का नाम है । विश्व के अतीत से भारत को निकाल दो तो यह सत्य है कि समस्त संसार के पास फिर ऐसा कुछ भी नहीं रहेगा जिस पर उसे गर्व और गौरव हो सकता हो । वैदिक सृष्टि संवत के अनुसार अभी तक हमारा यह सूर्य और हमारी यह […] Read more » - मंदिर अंकोरवाट Ankorwat अंकोरवाट भारत के सांस्कृतिक वैभव का प्रतीक विश्व का सबसे बड़ा विष्णु - मंदिर
राजनीति राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, नागपुर महानगर द्वारा आयोजित बौद्धिक वर्ग में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी का उद्बोधन April 27, 2020 / April 28, 2020 by लोकेन्द्र सिंह राजपूत | Leave a Comment संकट को अवसर बनाकर हम एक नए भारत का उत्थान करें स्व-आधारित तंत्र के निर्माण और स्वदेशी के आचरण का आहवान संघ अपनी प्रसिद्धि, स्वार्थ या डंका बजाने के लिए सेवा कार्य नहीं करता सरसंघचालक ने पालघर में संतों की हत्या पर जताया दुःख, एकांत में आत्मसाधना – लोकांत में परोपकार, संघ कार्य का यही स्वरूप नई […] Read more » डॉ. मोहन भागवत जी का उद्बोधन नागपुर महानगर द्वारा आयोजित बौद्धिक वर्ग राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ
राजनीति समाज प्रतिबद्ध अफसरशाही और इस्लामोफोबिया का सियासी खेल April 27, 2020 / April 27, 2020 by डॉ अजय खेमरिया | 1 Comment on प्रतिबद्ध अफसरशाही और इस्लामोफोबिया का सियासी खेल डॉ अजय खेमरियाइधर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मोदी सरकार पर साम्प्रदायिकता का वायरस फैलाने का आरोप लगाया उधर पहले से तैयार स्क्रिप्ट को 101रिटायर अफसरों ने बांचना शुरू कर दिया।ठीक अवार्ड वापसी गैंग की तर्ज पर।मीडिया में खबर ब्रेक हो गई कोरोना संकट में मुसलमान फिर से विमर्श के केंद्र पर आ गए।इस बार […] Read more » इस्लामोफोबिया इस्लामोफोबिया का सियासी खेल मुस्लिमब्रदरहुड
राजनीति धर्म और राजनीति का घालमेल: वर्तमान की बड़ी समस्या April 27, 2020 / April 27, 2020 by केवल कृष्ण पनगोत्रा | 3 Comments on धर्म और राजनीति का घालमेल: वर्तमान की बड़ी समस्या केवल कृष्ण पनगोत्रा राजनीति एक गंदा धंधा है या राजनीति जनकल्याण की तकनीक है। एक राय यह भी है कि आजकल भले लोगों को राजनीति से दूर ही रहना चाहिए। मगर प्रतिवाद तो यह भी है कि कमल को हासिल करने के लिए कीचड़ में जाना ही चाहिए।यह […] Read more » Integrating religion and politics Integrating religion and politics: the current big problem palghar lynching धर्म और राजनीति का घालमेल
राजनीति बदली हुई वैश्विक परिस्थितियों में भारत अब निवेश का एक अच्छा अवसर- April 27, 2020 / April 27, 2020 by सुरेन्द्र अग्निहोत्री | Leave a Comment राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर वर्तमान परिस्थितियों में कोविड-19 के कारण हो रहे लाॅक डाउन के कारण दुनियां भर में औद्योगिक इकाइयों को निसक्रिय होने के कारण रिस्पाॅन्स-एन इण्डस्ट्रियल रिवाइवल स्टैटजी लाॅक डाउन काल तथा उसकी समाप्ति के उपरान्त इन्हें पुनः चालू करने के लिए एक ठोस प्रस्ताव पूरी सकारात्मकता के साथ बनाया जाए,वर्तमान परिस्थितियों में देश में सरकारी क्षेत्र में मौजूद अवस्थापना का सद्उपयोग पी.पी.किट, मास्क, एन-95 मास्क वेंटीलेटर व अन्य मेडिकल उपकरण का निमार्ण किया।आज जबकि पूरी दुनिया कोविड- 19 का प्रकोप झेल रही है , एसे में करोना मरीजों के इलाज के लिए पी.पी.किट, मास्क, वेंटीलेटर की मांग बढ जाना स्वाभाविक है।मांग के अनुरुप इसकी आपूर्ति देश ही नहीं बल्कि वैश्विक बाजार में भी आवाश्यकता को ध्यान में रखकर चीन के मुकाबले भारत भी निर्यात के लिए अवसर का लाभ उठाने की रणनीति बनाकर प्रयास करे तो बडा अवसर है। देश में मौजूद सिक यूनिट्स की समीक्षा करते हुए उनकी ग्राह्यता पर विचार किया जाए। इनकी भूमि का बेहतर इस्तेमाल कैसे किया जा सकता है, इस पर भी फोकस किया जाए।देश में फार्मा सेक्टर में अपार सम्भावनाएं मौजूद हैं। अतः इस पर पूरा ध्यान दिया जाए। उद्योगों को पुनः चालू करने के लिए वित्तीय व्यवस्थाओं पर भी फोकस करना होगा। जहां पर कोविड-19 का प्रकोप नहीं है वहां पर मौजूदा औद्योगिक इकाइयों को फिर से चालू करने के लिए एक प्रभावी योजना बनायी जाए।मौजूदा उद्योगों के लिए भारत सरकार की योजनाओं के तहत उन्हें अधिक से अधिक लाभान्वित करने की योजना पर विचार कर चालू करने के लिए नियमों में छूट दे।भारत सरकार और बैंकों से उद्योगों को ऋण की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए समन्वय स्थापित करना आवश्यक होगा। उद्योगों के पुनर्संचालन के लिए एम0एस0एम0ई0 सेक्टर पर विशेष ध्यान देना होगा। इसके लिए उनसे सम्बन्धित टैक्स एण्ड काॅम्प्लायेन्सेज/एप्रूवल्स के इश्यूज का प्रभावी समाधान करना होगा। उनके फाइनेंशियल और लिक्विडिटी से सम्बन्धित इश्यूज का भी समाधान करना होगा। इसके अलावा, आॅपरेशनल एण्ड पाॅलिसी रिलेटेड इश्यूज का भी समाधान सुनिश्चित करना होगा। उनके निर्यात सम्बन्धी मुद्दों को भी हल करना होगा। वर्तमान परिस्थितियों में देश में नया निवेश आने की प्रबल सम्भावनाएं मौजूद हैं। राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर इन्हें आकर्षित करने के लिए रणनीति बनायी जानी आवश्यक है।वैश्विक परिस्थितियों में भारत अब निवेश का एक अच्छा गंतव्य हो सकता है।निवेशकों को यह संदेश मिलना चाहिए कि देश में निवेश बहुत लाभकारी साबित हो सकता है। सभी निवेशकों की समस्याओं का त्वरित निदान सुनिश्चित किया जाए। मौजूदा औद्योगिक इकाइयों को सक्रिय करने, प्रस्तावित इकाइयों को धरातल पर उतारने और नये निवेश को आकर्षित करने के लिए रणनीति बनायी जाए। बदली हुई वैश्विक परिस्थितियों में लाॅक डाउन के बाद रोजगार सृजन और अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने का शानदार मौका मिल सकता है।दुनियां भर के निवेशकों को भारत में प्रशिक्षत लाखों युवाओं को सुविधा उपलब्ध होती है। रोजगार अथवा स्वरोजगार के माध्यम से आर्थिक स्वावलम्बन के लिए युवाओं को ‘युवा हब’ के माध्यम से भी ज्यादा से ज्यादा रोजगार उपलब्ध कराए जाने के लिए एम0एस0एम0ई0 और ओ0डी0ओ0पी0 के तहत रोजगार सृजन की व्यापक सम्भावनाएं हैं। इनके माध्यम से बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार उपलब्ध कराया जा सकता है। नया माल खरीदने के लिए आज उनके पास पूंजी उपलब्ध नहीं है। तुलना में बड़े उद्योगों की स्थिति अलग होती है। ऐसी इकाइयों को आकर्षित करने के लिए जो नीति बनायी जाए, उसमें इनके लिए प्रोत्साहन पर विशेष बल दिया जाए। प्रशिक्षण के साथ-साथ उत्पादों की गुणवत्ता और उनकी मार्केटिंग को वैश्विक स्तर पर सुनिश्चित किए जाने के लिए डिजाइनिंग और ब्राण्डिंग करते हुए उत्पादों को प्रतिस्पद्र्धा के आधार पर बाजार उपलब्ध कराए जाएं।लाॅक डाउन के बाद युवाओं को लोन मेला और रोजगार मेला लगाकर नवीन संस्थान के लिए लोन सरलता से उपलब्ध होना आवाश्यक है । भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था से गहरे रूप में जुड़ा हुआ है, इसलिए अंतरराष्ट्रीय बदलावों का प्रभाव उस पर भी पड़ना स्वाभाविक है। भारत को यह भी ध्यान रखना होगा कि बदलती दुनिया में आर्थिक शक्ति के रूप में एशिया में चीन से हमारा मुकाबला रहेगा। देश के सामने मौजूद चुनौतियों का सामना करने का सामर्थ है। मौजूदा औद्योगिक इकाइयों को सक्रिय करने , प्रस्तावित इकाइयों को धरातल पर उतारने और नये निवेश को आकर्षित करने के लिए रणनीति बना कर ठोस प्रयास करने से वैश्विक अर्थव्यवस्था में देश का एकीकरण प्रभावशाली आर्थिक विकास के साथ कदमताल कर सकेगा। महामारी में लॉकडाउन की जटिलताओं के संकटकाल में नि:संदेह ऐसी जीवट निष्ठा व उत्साह का जज्बा कितना बड़ा हो सकता है। तमाम चुनौतियां भी हारती नजर आएंगी। -सुरेंद्र अग्निहोत्री Read more » In the changed global conditions India is now a good investment opportunity. भारत अब निवेश का एक अच्छा अवसर
राजनीति लेख भारतीय इतिहास के स्वर्णिम पृष्ठ : पुष्पक विमान से अलग भी कई प्रकार के विमान बनाए जाते थे भारत में April 27, 2020 / April 27, 2020 by राकेश कुमार आर्य | 1 Comment on भारतीय इतिहास के स्वर्णिम पृष्ठ : पुष्पक विमान से अलग भी कई प्रकार के विमान बनाए जाते थे भारत में भारत प्राचीन काल से ही वैज्ञानिक आविष्कारों के लिए जाना जाता रहा है। यहाँ पर व्योमयान अर्थात विमान दो प्रकार के बनाए जाते थे। ऋषि भारद्वाज ने अपने ग्रंथ ‘वृहदविमानभाष्य’ में ऐसे विमान के बारे में भी उल्लेख किया है जो एक साथ जल , थल और नभ में उड़ान भर सकता था या चल […] Read more » Golden pages of Indian history: Apart from Pushpak aircraft many types of aircraft were also built in India. पुष्पक विमान
राजनीति भगवान विष्णु के छठे अवतार महावीर परशुराम की गाथा April 26, 2020 / April 26, 2020 by दीपक कुमार त्यागी | Leave a Comment दीपक कुमार त्यागीआज देश जगत के पालनहार भगवान विष्णु जी के छठे अवतार भगवान परशुराम जी के जन्मोत्सव का पावन पर्व मना रहा है। हमारे वैदिक सनातन धर्म की धार्मिक मान्यताओं व पौराणिक वृत्तान्तों के अनुसार भृगुकुल तिलक, अजर-अमर, अविनाशी, विश्व के अष्ट चिरंजीवियों में सम्मिलित, शस्त्र व शास्त्र के महान ज्ञाता परम वीर भगवान […] Read more » भगवान विष्णु के छठे अवतार महावीर परशुराम
राजनीति लेख नहीं दिया गया था सीता को वनवास April 26, 2020 / April 26, 2020 by राकेश कुमार आर्य | 1 Comment on नहीं दिया गया था सीता को वनवास रामायण एक ऐसा ग्रंथ है जिसके प्रमुख पात्र रामचन्द्र जी को मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के रूप में सम्मान प्रदान किया गया है । इसी रूप में मर्यादा पुरुषोत्तम रामचंद्र जी को न केवल भारतवर्ष अपितु संसार के सभी देशों में समान रूप से सम्मान प्रदान किया गया है । यह अलग बात है कि ईसाइयत […] Read more » Sita was not given exile सीता को वनवास
राजनीति लेख कुतुबमीनार है प्राचीन गरुड़ध्वज या विष्णुध्वज April 26, 2020 / April 26, 2020 by राकेश कुमार आर्य | 1 Comment on कुतुबमीनार है प्राचीन गरुड़ध्वज या विष्णुध्वज भारत की राजधानी दिल्ली में दिल्ली की आन , बान और शान के नाम से प्रसिद्ध कुतुबमीनार हिंदू स्थापत्य कला का एक बेजोड़ नमूना है । विश्व इतिहास में स्थापत्य कला का ऐसा कोई अन्य उदाहरण मिलना दुर्लभ है । इस स्तंभ के देखने से पता चलता है कि भारत के आर्यों की वास्तुकला , […] Read more » Qutub Minar is ancient Garudadhvaj Qutub Minar is ancient Garudadhvaj or Vishnudhwaj कुतुबमीनार गरुड़ध्वज गरुड़ध्वज या विष्णुध्वज