राजनीति विचारधारा कोई मायने नहीं March 15, 2014 / March 15, 2014 by सिद्धार्थ शंकर गौतम | 1 Comment on विचारधारा कोई मायने नहीं -सिद्धांत शंकर गौतम- न विचारधारा के प्रति प्रतिबद्धता, न लोकतंत्र के प्रति श्रद्धा का भाव| बस सभी को अपनी राजनीतिक विरासत बचाने की चिंता, भले ही वह उसका दरवाजा कट्टर दुश्मन के घर की चारदीवारी से ही होकर क्यों न जाता हो? १६वीं लोकसभा के गठन के पूर्व ही इस तरह के नज़ारे आम हो […] Read more » thoughts does not matter in politics thoughts in politics विचारधारा कोई मायने नहीं रहती
राजनीति मोदी और मुसलमान March 15, 2014 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | Leave a Comment -फखरे आलम- चुनाव से पूर्व की स्थिति दर्शा रही है कि अभी तक की रेस में नरेन्द्र मोदी अन्यों की अपेक्षा आगे हैं और लगभग सभी पार्टियां और उनके नेता मोदी की आलोचना करने, उन्हें रोकने और आरोप लगाने में व्यस्त है। मगर लगातार भाजपा और मोदी अपनी तस्वीर बदलने और अपने उफपर लगते लगाते […] Read more » Narendra Modi and Muslims मोदी और मुसलमान
राजनीति आरक्षण के भंवर में जाट! March 14, 2014 by दीपक कुमार | Leave a Comment -दीपक कुमार- जाट शब्द जुबान पर आते ही एक आम जन के दिमाग में ऐसी जाति की छवि बनती है, जिसमें एक अजीबोगरीब अल्हड़पन, शारीरिक बलवंता, मंदबुद्धि, तीखे तेवर और तल्ख आवाज की मौजूदगी हो। दरअसल, ऐतिहासिक रूप से जाटों ने अन्य लोगों के मन में अपनी जीवनशैली के कारण एक ख़ास तरह की पहचान […] Read more » Politics of reservation with Jat आरक्षण के भंवर में जाट!
राजनीति भाजपा में अंतर्कलह की स्थिति March 13, 2014 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment -प्रमोद भार्गव- चुनावी हवा का रुख भांपकर दलबदल और दागी भाजपा में शामिल होने की होड़ में लगे हैं। सत्तामोह की लालच में भाजपा ने भी नैतिक और शुचिता के संघीय पाठ को भुलाकर दागियों को गोद लेने का सिलसिला तेज कर दिया है। दागियों की इस ताजा फेहरिस्त में हरियाणा में कांग्रेस विधायक और […] Read more » internal politics in BJP भाजपा में अंतर्कलह की स्थिति
राजनीति मोदी ने चुनाव का एजेंडा विकास तो बना ही दिया है! March 11, 2014 by इक़बाल हिंदुस्तानी | 2 Comments on मोदी ने चुनाव का एजेंडा विकास तो बना ही दिया है! इक़बाल हिंदुस्तानी भाजपा के पीएम पद के प्रत्याशी और गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र भार्इ मोदी से कोर्इ सहमत हो या असहमत, प्रेम करे या घृणा और समर्थन करे या विरोध लेकिन उनके 2014 के चुनाव को विकास के एजेंडे पर लाकर सत्ताधरी यूपीए गठबंधन के लिये बड़ी चुनौती बन जाने को अब कांग्रेस और सपा […] Read more » मोदी ने चुनाव का एजेंडा विकास तो बना ही दिया है
राजनीति इस चुनाव में मुसलमान क्या करें? March 11, 2014 by ए.एन. शिबली | Leave a Comment ए एन शिबली लोकसभा चुनाव की तारीखों के एलान के साथ ही हर किसी ने अपने अपने तौर पर तैय्यारी शुरू कर दी है। चूँकि भारतीय राजनीति में मुसलामानों के वोट का बड़ा महत्त्व होता है इसलिए हर पार्टी अपने अपने तौर पर यही कोशिश करती है कि उसे ही मुसलामानों का वोट मिले। मुसलमानों […] Read more » इस चुनाव में मुसलमान क्या करें?
राजनीति चुनाव का महापर्व और जनता का संकल्प March 11, 2014 by डॉ. कुलदीप चन्द अग्निहोत्री | Leave a Comment डा० कुलदीप चन्द अग्निहोत्री लोकतंत्र में चुनाव सबसे बड़ा पर्व होता है । यह वास्तव में लोक कुम्भ कहा जा सकता है । इस कुम्भ में लोक स्नान से लोकतंत्र को ऊर्जा प्राप्त होती है और उसकी नींव मज़बूत होती है । भारत में यह पर्व पुनः आया है । लोकतंत्र की सफलता इस बात […] Read more » चुनाव का महापर्व और जनता का संकल्प
राजनीति व्यंग्य बाण : होली और तीसरा मोर्चा March 11, 2014 / March 11, 2014 by विजय कुमार | Leave a Comment पुराने गिले-शिकवे भुलाने और नवीन मेल-मिलाप करने के लिए होली से अच्छा कोई पर्व नहीं है। इसलिए भा.ज.पा. को रोकने और कांग्रेस को ठोकने के लिए चुनावी माहौल में हर दिन रिश्ते बन और बिगड़ रहे हैं। ज्वार-भाटे की तरह इसकी लहरें भी बार-बार आती हैं और किनारे की गंदगी लेकर चली जाती हैं। लेकिन […] Read more » व्यंग्य बाण होली और तीसरा मोर्चा
राजनीति ‘आप’ की नौटंकी आखिर कौन सा स्वराज लाएगी? March 9, 2014 by सिद्धार्थ शंकर गौतम | 6 Comments on ‘आप’ की नौटंकी आखिर कौन सा स्वराज लाएगी? जैसे-जैसे लोकसभा चुनाव की तारीख करीब आ रही है, आम आदमी पार्टी ‘आप’ की नौटंकी बढ़ती जा रही है| ‘आप’ को वन मैन शो बना चुके अरविंद केजरीवाल अब अपनी हदें तोड़ते नज़र आ रहे हैं| यहां तक कि ‘आप’ के जो कार्यकर्ता अहिंसा के पुजारी महात्मा गांधी की टोपी पहन खुद को राजनीतिक भीड़ […] Read more » 'आप' की नौटंकी
राजनीति समाज मुसलमानों को कांग्रेस ने स़िर्फ धोखा दिया March 7, 2014 by डॉ. मनीष कुमार | Leave a Comment यह मुसलमानों को याद करने का मौसम है. उनकी समस्याओं पर बहस का मौसम है. यह मुसलमानों को ख़तरे बताने का मौसम है. यह मुसलमानों को डराने का मौसम है. यह चुनाव का मौसम है. यही वजह है कि हर राजनीतिक दल में मुसलमानों के प्रति प्रेम उमड़ रहा है. मुसलमानों के दु:ख पर आंसू […] Read more » मुसलमानों को कांग्रेस ने स़िर्फ धोखा दिया
राजनीति अरविंद केजरीवाल: चुनाव से पहले, चुनाव के बाद March 7, 2014 by डॉ. मनीष कुमार | 7 Comments on अरविंद केजरीवाल: चुनाव से पहले, चुनाव के बाद 2012 में मनोवैज्ञानिक डेविड थामस की एक चर्चित किताब आई. इस किताब का नाम है नार्सिसिज्म: बिहाइंड द मास्क. नार्सिसिज्म एक मनोवैज्ञानिक कुंठा है. कुछ लोग इसे व्यक्तित्व विकार भी मानते हैं. शब्दकोश में इस शब्द का अर्थ ढूंढने पर पता चलता है कि नार्सिसिज्म को हिंदी में आत्मकामी कहते हैं. इस किताब के शीर्षक […] Read more »
राजनीति आयोग की निगरानी में चुनावी वादे ? March 4, 2014 by प्रमोद भार्गव | 1 Comment on आयोग की निगरानी में चुनावी वादे ? प्रमोद भार्गव चुनावी घोषणा-पत्रों को निर्वाचन आयोग द्वारा निगरानी में लेने के फैसले के साथ ही विरोधाभासी हालात पैदा हो गए हैं। इधर आयोग ने राजनीतिक दलों द्वारा लिए जाने वाले वादों के औचित्य पर नजर रखने की कवायद की, उधर अन्नाद्रमुक की प्रमुख जे जयललिता ने वादों की अफलातूनी घूस का घोषणा-पत्र जारी कर […] Read more »