लेख समाज पेशा अध्यापन का मनोवृत्ति राक्षसीय ? October 6, 2022 / October 6, 2022 by निर्मल रानी | Leave a Comment निर्मल रानी स्कूली शिक्षा ग्रहण करने वाला लगभग प्रत्येक भारतवासी संत कबीर के उन दोहों से भली भांति परिचित है जो हमें गुरु के रुतबे व उनके महत्व से परिचित कराते हैं। संत कबीर का सबसे प्रसिद्ध व प्रचलित दोहा ‘गुरू गोविन्द दोऊ खड़े, काके लागूं पांय। बलिहारी गुरू आपने गोविन्द दियो बताय’।। अर्थात […] Read more » Attitude of teaching profession demonic? पेशा अध्यापन का मनोवृत्ति राक्षसीय
लेख समाज वृद्ध क्यों है इतने कुंठित एवं उपेक्षित? October 1, 2022 / October 1, 2022 by ललित गर्ग | Leave a Comment अन्तर्राष्ट्रीय वृद्ध नागरिक दिवस- 1 अक्टूबर 2022 पर विशेष– ललित गर्ग –दुनिया में वरिष्ठ नागरिकों, वृद्धों एवं प्रौढ़ों के साथ होने वाले अन्याय, उपेक्षा और दुर्व्यवहार पर लगाम लगाने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष 01 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय वृद्ध दिवस के रूप में मनाया जाता है, जिसे भिन्न-भिन्न-नामों से जाना जाता है जैसे- ‘अंतरराष्ट्रीय बुजुर्ग […] Read more » Why is the old man so frustrated and neglected अन्तर्राष्ट्रीय वृद्ध नागरिक दिवस
समाज साक्षात्कार वृद्धजनों का मान-सम्मान करें September 30, 2022 / September 30, 2022 by डॉ. सौरभ मालवीय | Leave a Comment -डॉ. सौरभ मालवीय जीवन के कई चक्र हैं, जैसे बाल्यकाल, यौवनकाल, प्रौढ़काल एवं वृद्धकाल। वृद्धावस्था में मनुष्य कमजोर हो जाता। उसका शारीरिक बल कम हो जाता है, सुनने एवं देखने की शक्ति क्षीण हो जाती है। इस अवस्था में मनुष्य का मस्तिष्क भी प्रभावित होता है। उनकी स्मरण शक्ति क्षीण होने लगती है। वह बातें भूलने लगता है। वह […] Read more » respect the elderly
समाज साक्षात्कार सार्थक पहल पितृसत्तात्मक समाज को चुनौती देती महादेवी September 27, 2022 / September 27, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment मो. अनीसुर रहमान खान बीजापुर, कर्नाटक हाल ही में, कर्नाटक राज्य के बीजापुर शहर के पिछड़े इलाके अफजलपुर टिक्का की उबड़-खाबड़ और पथरीली सड़क पर, मेरी नज़र एक कमजोर महिला की ओर खिंची, जो लगभग सत्तर साल की एक बुजुर्ग थी. वह फटी पुरानी चप्पल पहन कर अपने पैरों को नुकीले और उभरे हुए पत्थरों से बचाने की कोशिश करते हुए […] Read more » महादेवी
राजनीति शख्सियत समाज राष्ट्रसंस्कृति से आप्लावित पं.दीनदयाल उपाध्याय का राजनैतिक दर्शन September 26, 2022 / September 26, 2022 by कृष्णमुरारी त्रिपाठी अटल | Leave a Comment कृष्णमुरारी त्रिपाठी अटल भारतीय राजनीति के वृहदाकाश में दैदीप्यमान पं. दीनदयाल उपाध्याय अपने राष्ट्रीय विचारों, राष्ट्रवाद व भारतीय सनातन हिन्दू संस्कृति के मुखर पक्षधर व तदानुरुप रीति-नीति के आधुनिक राजनैतिक प्रवर्तकों में लब्ध-प्रतिष्ठित हैं।उन्होंने केवल विचार ही नहीं दिए,अपितु जनसंघ व राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के माध्यम से विचारों को धरातलीय रुप भी दिया। एकात्ममानव दर्शन […] Read more » immersed in national culture Political Philosophy of Pt. Deendayal Upadhyay पं.दीनदयाल उपाध्याय का राजनैतिक दर्शन
शख्सियत समाज साक्षात्कार श्री ईश्वरचंद्र विद्यासागर ने हिंदू समाज में व्याप्त कुरीतियों को समाप्त करने के प्रयास किए September 26, 2022 / September 26, 2022 by प्रह्लाद सबनानी | Leave a Comment श्री ईश्वरचंद्र बंद्योपाध्याय “विद्यासागर” का जन्म दिनांक 26 सितंबर, 1820 को पश्चिम बंगाल (बंगाल प्रेसीडेंसी) के जिला मेदिनीपुर के ग्राम बिरसिंह में हुआ था। आपके पिता का नाम श्री हकुरदास बंद्योपाध्याय और आपकी माता का नाम श्रीमती भगवती देवी था। आप महान समाज सुधारक, दार्शनिक, शिक्षाविद्, लेखक, अनुवादक, मुद्रक, प्रकाशक, उद्यमी, परोपकारी और संस्कृत के विद्वान माने जाते है। […] Read more » Shri Ishwarchandra Vidyasagar made efforts to end the evils prevalent in the Hindu society. श्री ईश्वरचंद्र विद्यासागर
राजनीति शख्सियत समाज आज पूरे विश्व में एकात्म मानववाद के सिद्धांत को अपनाने की सबसे अधिक आवश्यकता September 25, 2022 / September 28, 2022 by प्रह्लाद सबनानी | Leave a Comment पंडित दीनदयाल जी उपाध्याय का जन्म दिनांक 25 सितम्बर 1916 को नगला चंद्रभान गांव उत्तर प्रदेश में हुआ था। आपके पिता का नाम श्री भगवतीप्रसाद जी उपाध्याय एवं माता का नाम श्रीमती रामप्यारी उपाध्याय था। बचपन के साथ-साथ आपका पूर्ण जीवन ही बहुत संघर्षमय रहा था। आपकी आयु जब मात्र दो वर्ष की थी, तब वर्ष 1918 में, आपके पिता इस दुनिया से चल बसे थे। इन परिस्थितियों के बीच आपका पालन पोषण आपके नानाजी के घर पर हुआ। परंतु, कुछ समय पश्चात ही आपकी माताजी का भी देहांत हो गया और जब आपकी आयु मात्र 10 वर्ष की थी तब आपके नानाजी भी चल बसे। Read more » Today there is a great need to adopt the principle of Integral Humanism all over the world. पंडित दीनदयाल जी उपाध्याय
शख्सियत समाज साक्षात्कार कश्मीरी पंडित नेता अश्विनी कुमार चरंगू September 23, 2022 / September 23, 2022 by डॉ० शिबन कृष्ण रैणा | Leave a Comment कश्मीरी पंडित समुदाय के जिन सामाजिक कार्यकर्त्ताओं और नेताओं की चर्चा और प्रशंसा मुक्त-कंठ से होती है, उनमें उल्लेखनीय हैं: सर्वश्री कश्यप बन्धु,शिवनारायण फोतेदार,बीरबल धर,श्यामलाल सराफ,गोपी कृष्ण,टीकालाल टपलू आदि।इसी श्रृंखला में श्री अश्विनी कुमार चरंगू का नाम भी बड़े आदर के साथ लिया जा सकता है।इस आलेख में अश्विनीजी के व्यक्तित्व-कृतित्व तथा उनके योगदान को […] Read more » Kashmiri Pandit leader Ashwini Kumar Charangu कश्मीरी पंडित नेता अश्विनी कुमार चरंगू
राजनीति लेख समाज सार्थक पहल बिना उपाधि के बनेंगे प्राध्यापक September 15, 2022 / September 15, 2022 by प्रमोद भार्गव | Leave a Comment प्रमोद भार्गव विश्व-विद्यालय अनुदान आयोग (यूसीजी) ने एक क्रांतिकारी फैसला लिया है। अब उच्च शिक्षण संस्थानों में एक नई श्रेणी ‘शिक्षक संकाय‘ के अंतर्गत प्रतिष्ठित विषय विशेषज्ञों के रूप में ऐसे प्राध्यापक नियुक्त किए जाएंगे, जिनके पास प्रोफेसर बनने की पात्रता तो नहीं होगी, लेकिन वे संबंधित विषय के क्षेत्र में औपचारिक पात्रता, अनुभव […] Read more » become a professor without a degree
राजनीति लेख समाज साक्षात्कार हिंसक एवं असहिष्णु होते समाज की त्रासदी September 15, 2022 by ललित गर्ग | Leave a Comment – ललित गर्ग-भारतीय समाज हिंसक एवं असभ्य होता जा रहा है। समाज में बढ़ती हिंसकवृत्ति आदमी को एक दिन कालसौकरिक कसाई बना देती है, कंस बना देती है, रावण बना देती है। एक ऐसा हिंसक समाज बन रहा है, जिसमें कुछ लोगों को दिन भर में जब तक किसी को मार नहीं देते, उन्हें बेचैनी-सी […] Read more » The tragedy of a society becoming violent and intolerant हिंसक एवं असहिष्णु होते समाज की त्रासदी
शख्सियत समाज शिकागो संभाषण भारत की सांस्कृतिक और आर्थिक प्रगति का रोडमैप है September 12, 2022 / September 12, 2022 by प्रवीण गुगनानी | Leave a Comment 11 सितंबर शिकागो संभाषण दिवस पर विशेष – स्वामी विवेकानंद जी ने भारत को व भारतत्व को कितना आत्मसात् कर लिया था, यह कविवर रविन्द्रनाथ टैगोर के इस कथन से समझा जा सकता है जिसमें उन्होंने कहा था कि – यदि आप भारत को समझना चाहते हैं तो एक व्यक्ति को पूरा पढ़ लीजिये, और […] Read more » The Chicago Dialogue The Chicago Dialogue is a roadmap for India's cultural and economic progress
लेख समाज आत्महत्या मृत्यु का दूसरा सबसे बड़ा कारण क्यों है ? September 9, 2022 / September 9, 2022 by डॉ. सत्यवान सौरभ | Leave a Comment 10 सितंबर – विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस विशेष अब समय आ गया है कि हम अपने शैक्षिक पारिस्थितिकी तंत्र को नए अर्थों, जीवन जीने के नए विचारों और नई संभावनाओं को संजोने के तरीकों से नए सिरे से तलाशने की कोशिश करें जो अनिश्चितता के जीवन को जीने लायक जीवन में बदल सकें। आत्महत्या को […] Read more » world suicide prevention day विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस