बाबा साहेब

 बीजेपी ने 2019 के आम चुनाव का बिगुल बजाया मोदी की कांग्रेस-सपा-बसपा को खरी-खरी

संजय सक्सेना प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘नरक का दरवाजा’ कहे जाने वाले मगहर (जिला संतकबीरनगर)

बाबा साहेब और भीम सेना

आज के परिप्रेक्ष्य में संदर्भ को समझने की आवश्यकता है। यदि अंग्रेज अपने कुशासन और गुण्डागर्दी के विरूद्घ और हमारे स्वतंत्रता प्रेमी पूर्वजों के विद्रोह को ‘राज्य के विरूद्घ अपराध’ मान सकते थे और उन्हें फांसी पर लटका सकते थे तो आज जब भारत एक संवैधानिक व्यवस्था से जन्मी शासन प्रणाली से आगे बढ़ रहा है तो उस संवैधानिक व्यवस्था के विरूद्घ हथियार उठाने वाले राष्ट्रद्रोही क्यों नहीं हो सकते? निश्चित ही राष्ट्रद्रोही हैं,