ज्योतिष धर्म-अध्यात्म वर्त-त्यौहार जानिए अक्षय तृतीया 2016 का महत्त्व…जानिए क्यों नहीं होंगे विवाह इस बार अक्षय तृतीया पर।। April 28, 2016 by पंडित दयानंद शास्त्री | Leave a Comment अक्षय तृतीया पर्व को कई नामों से जाना जाता है।। इसे अखतीज और वैशाख तीज भी कहा जाता है।। ‘न क्षयः इति अक्षयः’ अर्थात- जिसका क्षय नहीं होता वह अक्षय। मुहूर्त ज्योतिष के अनुसार चंद्रमास और सौरमास के अनुसार तिथियों का घटना-बढ़ना, क्षय होना तय होता है, लेकिन ‘अक्षय’ तृतीया का कभी भी क्षय नहीं […] Read more » Akshay Tritiya 2016 Featured अक्षय तृतीया 2016
धर्म-अध्यात्म काशी शास्त्रार्थ के दो प्रमुख पौराणिक विद्वान पण्डितों का परिचय April 27, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment -मनमोहन कुमार आर्य महर्षि दयानन्द मथुरा में प्रज्ञाचक्षु गुरू विरजानन्द सरस्वती से अध्ययन कर देश व संसार से अज्ञान मिटाने के लिए सन् अप्रैल/मई, 1863 में कर्म क्षेत्र में प्रविष्ट हुए थे। उन्होंने वेद और वैदिक साहित्य का अध्ययन कर अध्यात्म व भौतिक पदार्थों सहित सामाजिक ज्ञान आदि अनेकानेक विषयों का निर्भ्रांत ज्ञान प्राप्त किया […] Read more »
चिंतन धर्म-अध्यात्म पण्डित गुरुदत्त विद्यार्थी का पावन एवं प्रेरणाप्रद जीवन April 26, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment आज 26 अप्रैल जयन्ती पर मनमोहन कुमार आर्य महान कार्य करने वाले लोगों को महापुरुष कहा जाता है। ऐसी मान्यता है कि महापुरुष अमर होते हैं। भारत में महापुरुषों की एक लम्बी श्रृंखला वा परम्परा है। ऐसे ही एक महापुरुष पं. गुरुदत्त विद्यार्थी थे। आप उन्नीसवीं शताब्दी में तेजी से पतन को प्राप्त हो रहे […] Read more » पण्डित गुरुदत्त विद्यार्थी
धर्म-अध्यात्म ऋषि दयानन्द के द्वारा संगृहीत हस्तलिखित तथा मुद्रित वेद की पुस्तकें जो उनके निधन के समय विद्यमान थीं April 25, 2016 / April 25, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment मनमोहन कुमार आर्य, देहरादून। ऋषि दयानन्द का पं. लेखराम रचित जीवन चरित पढ़ते समय एक बार हमारी दृष्टि में यह तथ्य आया कि स्वामी दयानन्द मथुरा में गुरु विरजानन्द सरस्वती से सन् 1863 में दीक्षा लेकर आगरा आकर प्रचार कर रहे थे और वहां उन्हें मूल वेदों की आवश्यकता पड़ी थी। उन्होंने अपने निकटस्थ पण्डित […] Read more » ऋषि दयानन्द निधन मुद्रित वेद की पुस्तकें हस्तलिखित
चिंतन धर्म-अध्यात्म आत्मा का स्वराज्य April 25, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment मनमोहन कुमार आर्य डा. रामनाथ वेदालंकार जी वेदों के प्रसिद्ध विद्वान थे। अनेक विद्वानों के श्रीमुख से हमने उनके लिए वेदमूर्ति सम्बोधन द्वारा उनका यशोगान भी सुना है। उनकी मृत्यु पर मूर्धन्य विद्वानों ने विवेचना पूर्वक उन्हें मोक्षपद का उत्तराधिकारी भी कहा था। हमारा सौभाग्य है कि हमें उनके साथ जीवन का कुछ समय व्यतीत […] Read more » आत्मा का स्वराज्य
धर्म-अध्यात्म राम के मित्र महावीर हनुमान का आदर्श व अनुकरणीय जीवन April 23, 2016 by मनमोहन आर्य | 4 Comments on राम के मित्र महावीर हनुमान का आदर्श व अनुकरणीय जीवन मनमोहन कुमार आर्य आज आर्य धर्म व संस्कृति के महान आदर्श आजन्म ब्रह्मचारी महावीर हनुमान जी की जयन्ती है। मर्यादा पुरुषोत्तम श्री रामचन्द्र जी के साथ महावीर हनुमान जी का नाम भी इतिहास में अमर है व रहेगा। उनके समान ब्रह्मचर्य का पालन करने वाला, स्वामी-भक्त, अपने स्वामी के कार्यों को प्राणपण से पूरा करने […] Read more » महावीर हनुमान महावीर हनुमान का आदर्श जीवन राम के मित्र महावीर हनुमान हनुमान
धर्म-अध्यात्म महर्षि दयानन्द को राष्ट्रकवि रवीन्द्रनाथ टैगोर की भाव-भरित श्रद्धांजलि April 23, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment मनमोहन कुमार आर्य महर्षि दयानन्द ने वेद प्रचार की अपनी यात्राओं में बंगाल वा कोलकत्ता को भी सम्मिलित किया था। वह राष्ट्रकवि श्री रवीन्द्रनाथ टैगोर के पिता श्री देवेन्द्रनाथ टैगोर व उनके परिवार से उनके निवास पर मिले थे। आपका जन्म कोलकत्ता में 7 मई सन् 1861 को हुआ तथा मृत्यु भी कोलकत्ता में ही […] Read more » भाव-भरित श्रद्धांजलि महर्षि दयानन्द राष्ट्रकवि रवीन्द्रनाथ टैगोर
चिंतन धर्म-अध्यात्म जैन धर्म के चौबीसवें तीर्थंकर महावीर जैन April 18, 2016 by अशोक “प्रवृद्ध” | Leave a Comment -अशोक “प्रवृद्ध” सत्य और अहिंसा का पाठ पढाकर मानव समाज को अन्धकार से प्रकाश की ओर लाने वाले महापुरुष जैन धर्म के चौबीसवें तीर्थंकर भगवान महावीर स्वामी का जन्म ईसा से 599 वर्ष पूर्व चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि को ईस्वी काल गणना के अनुसार सोमवार, दिनांक 27 मार्च, 598 ईसा […] Read more » Featured चौबीसवें तीर्थंकर महावीर जैन जैन धर्म महावीर जैन
चिंतन धर्म-अध्यात्म आज के पार्थ सारथी April 17, 2016 by गोपाल बघेल 'मधु' | 3 Comments on आज के पार्थ सारथी पहले के पार्थ सारथी कृष्ण को लगभग ३५०० वर्षों बाद हम में से कुछ लोग अब कुछ समझ पाए हैं । उस समय के अधिकाँश लोग उनके असली स्वरूप को पहचान नहीं पाए थे । पार्थ सारथी कृष्ण, महाभारत में पार्थ (अर्जुन) के सारथी रहे । वे रथ पर पार्थ के साथ रहे । वे […] Read more » आज के पार्थ सारथी
चिंतन धर्म-अध्यात्म सृष्टि का रचयिता ईश्वर ही है April 16, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment मनमोहन कुमार आर्य हम मनुष्य हैं और पृथिवी पर जन्में हैं। पृथिवी माता के समान अन्न, फल, गोदुग्ध आदि पदार्थों से हमारा पोषण व रक्षण करती है। हमारे शरीर में दो आंखे बनाई गईं हैं जिनसे हम संसार की वस्तुओं को देखते वा उन्हें अनुभव करते हैं। हम पृथिवी व उसकी सतह के ऊपर स्थित […] Read more » ईश्वर सृष्टि का रचयिता
धर्म-अध्यात्म मर्यादा पुरूषोत्तम श्री राम को जानकर उनके अनुसार अपना जीवन बनाने का संकल्प लेने का पर्व है रामनवमी April 15, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment रामनवमी के अवसर पर मनमोहन कुमार आर्य सृष्टि में मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम एवं महर्षि वाल्मीकि जी का जन्म होना आर्यों व हिन्दुओं के लिए अति गौरव की बात है। यदि यह दो महापुरुष न हुए होते तो कह नहीं सकते कि मध्यकाल में वैदिक धर्म व संस्कृति का जो पतन हुआ और महर्षि दयानन्द […] Read more » मर्यादा पुरूषोत्तम श्री राम रामनवमी
धर्म-अध्यात्म यज्ञ से वर्षा आदि कामनाओं की पूर्ति April 13, 2016 by मनमोहन आर्य | Leave a Comment लातूर आदि स्थानों में सूखे के परिप्रेक्ष्य में मनमोहन कुमार आर्य क्या यज्ञ और वृष्टि का परस्पर सम्बन्ध है? अवश्य है, इसलिए कि वेद और गीता में इनका वर्णन मिलता है। गीता में भगवान कृष्ण ने सूखे को ध्यान में रखकर अर्जुन को उपदेश नहीं दिए थे। न हि सर्वव्यापक सृष्टिकत्र्ता ईश्वर ने सूखा पड़ने […] Read more » यज्ञ से वर्षा