समाज दिन का विवाह: समझदारी भरा एक कदम May 25, 2013 by विजय कुमार | 5 Comments on दिन का विवाह: समझदारी भरा एक कदम प्रायः लोग शादी-विवाह का निमन्त्रण पत्र तो यथासमय भेजते ही हैं; पर उसका दिन निश्चित होने पर फोन से भी बता देते हैं, जिससे व्यक्ति अपना वह दिन सुरक्षित कर ले। ऐसे फोन आने पर मैं प्रायः पूछता हूं कि विवाह दिन में है या रात में ? लोग आश्चर्य से कहते हैं – विवाह […] Read more » दिन का विवाह
समाज परिवार को कलंकित करते यह ‘होनहार’ May 23, 2013 / May 23, 2013 by निर्मल रानी | 1 Comment on परिवार को कलंकित करते यह ‘होनहार’ निर्मल रानी आईपीएल क्रिकेट मैच फिक्सिंग कांड इन दिनों मीडिया में भरपूर सुर्खियाँ बटोर रहा है। हालांकि क्रिकेट जैसे सबसे अधिक लोकप्रिय समझे जाने वाले खेल में सट्टेबाज़ी व मैच फिक्सिंग की बात कोई नई नहीं है। परंतु आईपीएल के अंतर्गत होने वाले मैच में मैच फिक्सिंग व सट्टेबाज़ी की खबर निश्चित रूप से पहली […] Read more » परिवार को कलंकित करते यह ‘होनहार’
शख्सियत समाज समाजसुधार और अद्वैतवादी समन्वय के प्रणेता राजा राममोहन राय May 21, 2013 / May 21, 2013 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | 1 Comment on समाजसुधार और अद्वैतवादी समन्वय के प्रणेता राजा राममोहन राय अनिता महेचा राजा राम मोहनराय का जन्म 22 मई 1772 को बंगाल के हुगली जिले के राधानगर गांव में एक रूढ़िवादी ब्राह्मण परिवार में हुआ। इनके पिता का नाम रमाकान्त रॉय तथा माता का नाम फुल ठकुरानी था। राम मोहन की शिक्षा का प्रारम्भ गांव के एक स्कूल में हुआ। एक मौलवी से उन्हाेंने फारसी […] Read more »
समाज भारत में समलैंगिक(पुरूष) व्यभिचार May 18, 2013 / May 20, 2013 by डा.राज सक्सेना | Leave a Comment डा.राज सक्सेना समलैंगिक(पुरूष) व्यभिचार के सम्बन्ध में अनेक विद्वान लेखकों ने हर दिशा और हर दृष्टिकोण से खोंज की है | वे अपनी इस खोज को सुदूर अतीत में मैसोपोटामिया की संस्कृति तक ले जाने में सफल हुए हैं | इन खोज कर्त्ताओं में हैवलाक ऐलिस का नाम सर्वप्रमुख है | अधिकतर खोजकर्त्ता इसकी उत्पत्ति का […] Read more »
समाज मध्यप्रदेश सरकार और मानवाधिकार आयोग में शराबबंदी को लेकर टकराव May 16, 2013 / May 16, 2013 by प्रमोद भार्गव | 1 Comment on मध्यप्रदेश सरकार और मानवाधिकार आयोग में शराबबंदी को लेकर टकराव प्रमोद भार्गव मध्यप्रदेश सरकार और मानवाधिकार आयोग के बीच शराबबंदी को लेकर टकराव चरम पर है। वैसे तो सरकार आयोग की ज्यादातर सिफारिशों को नजरअंदाज कर रही है, लेकिन खासतौर से गरीब बसितयों और गुजरात सीमा पर शराब के बढ़ते कारोबार के सिलसिले में आयोग बेहद चिंितंत है। उसने इन दुकानों को बंद करने की […] Read more »
टॉप स्टोरी समाज अब विवादों में घिरे स्वयंभू संत रामपाल May 16, 2013 / May 16, 2013 by निर्मल रानी | 1 Comment on अब विवादों में घिरे स्वयंभू संत रामपाल निर्मल रानी भारतवर्ष पूरे विश्व में अनेकता में एकता की अनूठी मिसाल पेश करता है। विश्व में यह हमारी पहचान का एक प्रमुख कारण है। भारतवर्ष दुनिया का अकेला ऐसा देश है है जहां न सि$र्फ विभिन्न धर्मों,जातियों व अलग-अलग आस्था व विश्वास से संबंध रखने वाले लोग पूरी आज़ादी के साथ अपने रीति-रिवाजों,परंपराओं आदि […] Read more » संत रामपाल
समाज क्या और क्यों हें बाल विवाह एक बड़ी समस्या..????- May 15, 2013 / May 15, 2013 by पंडित दयानंद शास्त्री | 5 Comments on क्या और क्यों हें बाल विवाह एक बड़ी समस्या..????- भारत देश का ये दुर्भाग्य हें की जिन लड़कियों /बच्चियों की गुडियों से खेलने की उम्र अभी गई नहीं। चाकलेट तो दूर लेमन चूस पर भी चहक उठती हैं यह। पर परंपरा कहें या माँ-बाप की उल्टी सोच, ये अभी उस विवाह बंधन में बांध दी गई जिनकी उन्हें समझ नहीं।भारत के लगभग सभी राज्यों […] Read more » बाल विवाह बाल विवाह एक बड़ी समस्या
समाज शूद्रों को ब्राहमण बनाने वाले परशुराम May 13, 2013 / May 13, 2013 by प्रमोद भार्गव | 3 Comments on शूद्रों को ब्राहमण बनाने वाले परशुराम भगवान परशुराम जयंती13 मर्इ के अवसर पर :- प्रमोद भार्गव हमारे धर्म ग्रंथ और कथावाचक ब्राहमण भारत के प्राचीन पराक्रमी नायकों की संहार से परिपूर्ण हिंसक घटनाओं के आख्यान तो खूब सुनाते हैं, लेकिन उनके समाज सुधार से जुड़े जो क्रांतिकारी सरोकार थे, उन्हें लगभग नजरअंदाज कर जाते हैं। विष्णु के दशावतारों में से एक माने […] Read more » परशुराम
समाज पोर्न साइटों से बढ़ रहे हैं यौन अपराध, या शराब से भी ? May 13, 2013 / May 13, 2013 by इक़बाल हिंदुस्तानी | 2 Comments on पोर्न साइटों से बढ़ रहे हैं यौन अपराध, या शराब से भी ? इक़बाल हिंदुस्तानी सरकार अपना नाकारपन छिपाने के लिये तो बहाना नहीं ले रही? दिल्ली में पांच साल की मासूम गुड़िया के साथ वहशी रेप की हरकत करने वाले मनोज ने पुलिस को पूछताछ मंे बताया है कि यह नापाक और वीभत्स बलात्कार करने से पहले उसने मोबाइल पर पोर्न क्लिप देखी थी। सरकारी सूत्रों का […] Read more » पोर्न साइटों से बढ़ रहे हैं यौन अपराध
समाज मृत्य पर इतना पाखँड क्यों? April 29, 2013 / April 29, 2013 by बीनू भटनागर | 21 Comments on मृत्य पर इतना पाखँड क्यों? मृत्य एक शाश्वत सत्य है, जीवन की तरह, कोई नहीं जानता कब कैसे और कंहाँ किसकी मृत्यु होगी।यदि व्यक्ति अपनी गृहस्थी के संपूर्ण दायित्वों को निबटा कर जाता है तो यह सत्य स्वीकारना और सहना प्रियजनो के लियें सरल होता है पर जब कोई बचपन की अठखेलयाँ करता या यौवन की खिलती धूप मे असमय […] Read more » मृत्य पर इतना पाखँड क्यों?
शख्सियत समाज जनजाति कल्याण के पुरोधा भीखा भाई April 28, 2013 / April 28, 2013 by कल्पना डिण्डोर | Leave a Comment समाजसेवा और राजनीति के शिखर पुरुष जनजाति कल्याण के पुरोधा भीखा भाई कल्पना डिण्डोर वागड़ के गांवों से निकलकर जयपुर और दिल्ली तक में धाक जमाने वाली शख्सियतों को पैदा करने वाली यह पुण्य धरा धन्य है जहाँ विद्वजनों, लोकनायकों, संतों और इतिहास पुरुषों की लम्बी श्रृंखला जाने कितने युगों से निरन्तर प्रवाहमान है। वागड़ […] Read more » भीखा भाई
समाज माँ मुझे नहीं आना तेरे देश April 27, 2013 / April 27, 2013 by चन्द्र प्रकाश शर्मा | 5 Comments on माँ मुझे नहीं आना तेरे देश कोई दिन ऐसा नहीं बीतता जिस दिन देश में बलात्कार की घटना न होती हो . कोई एक आध तो हाई लाइट हो जाती है और मीडिया में सुर्खिया बटोर लेती है कई ऐसी होती है जो सार्वजनिक नहीं हो पाती . कितनी घिनोनी बात है कि इस देश में एक साल की बच्ची से […] Read more »