ईश्वर

“सत्यार्थ-प्रकाश का हिन्दी में लिखा  जाना एक अत्यन्त महत्वपूर्ण घटना”

मनमोहन कुमार आर्य, सत्यार्थप्रकाश कोई सामान्य ग्रन्थ न होकर वैदिक धर्मियों का धर्मग्रन्थ है जिसका

“वेद, ईश्वर, जीवात्मा और प्रकृति के सत्य स्वरुप का प्रचार करने से आर्यसमाज मुझे प्रिय है”

मनमोहन कुमार आर्य,  संसार में सत्य और असत्य तथा विद्या और अविद्या का अस्तित्व है

“ईश्वर हमें अन्धकार से हटाकर ज्ञानरूपी प्रकाश को प्राप्त कराये”

–मनमोहन कुमार आर्य, जीवात्मा और परमात्मा का व्याप्य-व्यापक सम्बन्ध है। जीवात्मा में ईश्वर व्यापक है