लेखक परिचय

मृत्युंजय दीक्षित

मृत्युंजय दीक्षित

स्वतंत्र लेखक व् टिप्पणीकार लखनऊ,उप्र

योगी के सहारे केरल और गुजरात फतह की तैयारी में भाजपा

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मृत्युंजय दीक्षित उत्तर भारत के अधिकांश हिस्सों में सत्त्तासीन होने के बाद भारतीय जनता पार्टी की नजरें अब बेहद कमजोर व चुनौतीपूर्ण राज्यों के चुनावों को जीतने में लग गयी हैं। केरल एक ऐसा राज्य है जहां राजनैतिक हत्याओं का बाजार गर्म है तथा इस हिंसक राजनीति के खिलाफ अब भारतीय जनता पार्टी व आरएसएस… Read more »

हिंदी का राजनैतिक व मानसिक विरोध ?

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   मृत्युंजय दीक्षित हिंदी भारत की सबसे अधिक प्राचीन,सरल, लचीली ,लोकप्रिय व सीखने में आसान भाषा है। हिंदी का इतिहास भी बहुत ही प्राचीन है। हिंदी देवनागरी लिपि में लिखी जाती है। इसलिये यह भाषा देवनागरी लिपि भी कही जाती है। देवनागरी में 11 स्वर और 33 व्यंजन भी होते हंै।  हिंदी भाषा का अब… Read more »



हिंदी साहित्य में नारी चेतना महादेवी वर्मा 

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11 सितम्बर पुण्य तिथि पर विशेषः- मृत्युंजय दीक्षित हिंदी साहितय जगत की महान लेखिका महादेवी वर्मा का साहित्य जगत में उसी प्रकार से नाम है जैसे कि मुंशी प्रेमचंद व अन्य साहित्यकारों का। महादेवी वर्मा ने केवल साहित्य ही नहीं अपितु काव्य समालोचना संस्मरण संपादन तथा निबंध लेखन के क्षेत्र मं प्रचुरकार्य कया है अपित… Read more »

महान क्रांतिकारी : ऊधम सिंह

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31 जुलाई बलिदान दिवस पर विशेषः- मृत्युंजय दीक्षित जलियांवाला बाग हत्याकांड का प्रतिशोध लेने वाले क्रांतिकारी ऊधम सिंह का जन्म 29 दिसम्बर 1869 को सरदारटहल सिंह के घर पर हुआ था। ऊधम सिंह के माता -पिता का देहांत बहुत ही कम अवस्था मंे हो गया था। जिसके कारण परिवार के अन्य लोगो ने उन पूरा… Read more »

भक्तिधारा के महान कवि – गोस्वामी तुलसीदास

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30 जूलाई पर विशेष:- मृत्युंजय दीक्षित हिंदी साहित्य के महान कवि संत तुलसीदास का जन्म संवत् 1956 की श्रावण शुक्ल सप्तमी के दिन अभुक्तमूल नक्षत्र में हुंआ था।इनके पिता का नाम आतमा रामदुबे व माता का नाम हुलसी था। जन्म के समय तुलसीदास रोये नहीं थे अपितु उनके मुंह से राम शब्द निकला था। साथ… Read more »

जीवन की अंतिम सांस तक आजाद रहने वाले क्रांतिकारी:-चंद्रशेखर आजाद

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23 जुलाई पर विशेष:- मृत्युंजय दीक्षित क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद ने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के अप्रतिम व ऐतिहासिक योद्धा थे। उनका जन्म 23 जुलाई  1906 को भाबरा गांव में हुआ था। उनके पूर्वज उन्नाव जिले के वासी थे। आजाद के पिता का नाम सीताराम तिवारी तथा माता का नाम जगरानी देवी था। उनका प्रारम्भिक जीवन मप्र… Read more »

अब यूपी में होगा धार्मिक पर्यटन का विकास

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मृत्युंजय दीक्षित प्रदेक में योगी सरकार बनने के बाद कई क्षेत्रों में बदलाव के आसार दिखलायी पड़ने लग गये हेे। जिसमें पर्यटन भी एक है। पिछली सरकारों ने पर्यटन के क्षेत्र को छुआ तक नहीं गया था । यदि पिछली सरकारों ने पर्यटन के नाम पर कुछ किया है तो वह है मुस्लिम तुष्टीकरण। विगत… Read more »

राष्ट्रपति चुनावों में अब राम बनाम मीरा का मुकाबला

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 कोविंद की सबसे बड़ी विशेषता यह भी है कि वह बेहद सरल स्वभाव के मिलनसार और खुले दिल वाले तथा संविधान विशेषज्ञ भी है। भाजपा ने कोविंद को  राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाकर यह साबित कर दिया है कि अब भाजपा में उन्हीं लोगों का नाम आगे आया करेगा जो कि मीडिया की चर्चा से कोसों दूर रहा करेंगे । राष्ट्रपति पद के लिए मीडिया में तरह- तरह के नामों की चर्चा चल रही थी लेकिन पीरएम मोदी ने आखिरकार सभी को चौंका कर रख दिया।

पश्चिमी सभ्यता और संस्कृति का संवाहक है फादर्स डे

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फादर्स डे की शुरूआत 20 वीं सदी से मानी जाती है।मान्यता है कि पिताधर्म तथा पुरूषों द्वारा परवरिश का सम्मान करने के लिए मातृ दिवस के पूरक उत्सव के रूप में मनाया जाता है। यह हमारे पूर्वजों और उनके सम्मान की स्मृति में भी मनाया जाता है। फादर्स डे विश्व के सभी देशों में अलग- अलग तारीखों तथा अलग- अलग रूपों से मनाया जाता है।

योगी सरकार के फैसलों से बड़े बदलाव की आहट

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ऊर्जामंत्री ने बिजली विभाग से अन्य विभागों से 10 हजार करोड़ रूपये वसूलने के निर्देश दिये हैं यह प्रदेश के इतिाहस मे पहली बार होने जा रहा हैं । केंद्र सरकार ने भी प्रदेश में सड़कों व पुलों आदि के निर्माण के लिए भारी -भरकम खजाना खोल ही दिया है। यह मुख्यमंत्री की सख्ती का ही असर है कि अफसरों ने जनसुनवाई प्रारम्भ भी कर दी है। वहीं बहुत से अफसर अभी भी समझ नहीं पा रहे हैं। बैठकों में ही अफसरों को डांट पड़ने लग गयी है।