प्रवक्ता न्यूज़ मीडिया डॉ.अभिज्ञात को अम्बेडकर उत्कृष्ट पत्रकारिता सम्मान January 21, 2010 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment कोलकाताः विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान के लिए अम्बेडकर सम्मान प्रदान किये गये। डॉ.अभिज्ञात को अम्बेडकर उत्कृष्ट पत्रकारिता सम्मान आरके एचआईवी एड्स रिसर्च एंड केयर सेंटर के चेयरमैन डॉ.धर्मेन्द्र कुमार ने प्रदान किया। दो दशकों से पत्रकारिता कर रहे डॉ.अभिज्ञात सम्प्रति सन्मार्ग में वरिष्ठ उप-सम्पादक हैं। वे साहित्य में भी सक्रिय हैं और छह कविता […] Read more » Dr. Abhigyat अम्बेडकर उत्कृष्ट पत्रकारिता सम्मान डॉ. अभिज्ञात
मीडिया मीडिया में दलित हिस्सेदारी? January 21, 2010 / December 25, 2011 by संजय कुमार | 15 Comments on मीडिया में दलित हिस्सेदारी? आजादी के दौरान दलितों के राजनीतिक, सामाजिक और सांस्कृतिक परिवर्तन के प्रयास विभिन्न आयामों पर शुरू हुए थे। जहां ज्योतिबा फुले इसके अग्रदूत थे तो वहीं भारतीय संविधान के जनक और दलितों के महानायक डॉ. भीम राव अम्बेदकर ने दलित चेतना को एक नई दिशा दी। ब्राह्मणवादी संस्कृति को चुनौती देते हुए दलितों को मुख्यधारा […] Read more » media दलित मीडिया
मीडिया मीडिया के विस्तार में सहायक बनी नई प्रौद्योगिकी January 17, 2010 / December 25, 2011 by संजय द्विवेदी | Leave a Comment बात अगर नई तकनीक और प्रौद्योगिकी की करें तो उसने अखबारों की ताकत और उर्जा का विस्तार ही किया है। अखबारों का नया रूप ज्यादा स्वीकार्य, सुदर्शन और व्यापक हुआ है तो इसके पीछे इंटरनेट और सूचना प्रौद्योगिकी का विकास ही है। सूचना की दुनिया की बढ़ती गति ने अखबारों के कार्यालयों का स्वरूप बदल […] Read more » media प्रौद्योगिकी मीडिया
मीडिया टेलीविजन का सफर…. January 10, 2010 / December 25, 2011 by केशव आचार्य | Leave a Comment भारत में टीवी की शुरूआत शिक्षा के प्रसार के साथ ही हुई। बदलते समय के साथ ही इसने शिक्षा के साथ-साथ सामाचार, मंनोरंजन, ज्ञान-विज्ञान, हेल्थ और लाइफ स्टाइल तक के पहलुओं को अपने में समेट लिया। बुद्धु बक्से के बदलते इस परिवेश पर पेश है एक ख़ास रिपोर्ट.. 21 वीं सदी की शुरूआत में बुद्धु […] Read more » TV टीवी टेलीविजन
प्रवक्ता न्यूज़ मीडिया पत्रकारिता विवि के कुलाधिसचिव को भावभीनी विदाई January 5, 2010 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment भोपाल, 4 जनवरी। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल के पूर्व कुलाधिसचिव ( रेक्टर) ओ.पी. दुबे को सोमवार को प्राध्यापकों और विश्वविद्यालयीन कर्मियों ने भावभीनी विदाई दी। प्रेस काम्पलेक्स स्थित विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित समारोह में वक्ताओं ने श्री दुबे के कार्यकाल को बेहतरीन बताते हुए उनके सुखद भविष्य के लिए उन्हें शुभकामनाएं दीं। […] Read more » media मीडिया
मीडिया पत्रकारिता के खोते मापदंड December 17, 2009 / December 25, 2011 by रवि शंकर बीसवीं सदी में सूचना क्रांति के विस्फोट के साथ-साथ पत्रकारिता का बहुविधा विकास हुआ है। लगभग 62483 पंजीकृत अखबारों और 600 से अधिक समाचार चैनलों के साथ देश के मीडिया ने पूरे विश्व में अपनी एक जगह बनाई है। आधुनिक जीवन की बढ़ती व्यस्तताओं और बदलती शैली के मद्देनजर पत्रकारिता ने अपना कलेवर भी बदला […] Read more » media पत्रकारिता
मीडिया 2009-10 का “कोणार्क पत्रकारिता पुरुस्कार” प्रदीप श्रीवास्तव को December 14, 2009 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment निज़ामाबाद. कला, संस्कृति एवम पत्रकारिता के लिए दिया जाने वाला “कोणार्कपुरुस्कार” इस बार निज़ामाबाद (आन्ध्र प्रदेश ) के हिंदी भाषी पत्रकार प्रदीप श्रीवास्तव को दिया जा रहा है.यह पुरुस्कार अगले वर्ष 26 जनवरी2010 कों उड़ीसा के कटक में आयोजित 15 से 28 जनवरी तक होने वाले थियेटर ओलंपियाड के दौरान दिया जायेगा. पुरुस्कार थियेटर मूवमेंट द्वारा […] Read more » Konark Journalism Award कोणार्क पत्रकारिता पुरुस्कार
मीडिया समाचार माध्यमों पर जनता का विश्वास बना रहना जरूरी है December 11, 2009 / December 25, 2011 by गौतम चौधरी | 1 Comment on समाचार माध्यमों पर जनता का विश्वास बना रहना जरूरी है समाचार-पत्रों की खबर है कि आवश्यक वस्तुओं की कीमत में लगातार कमी आ रही है। गुजराती के एक सान्ध्य अखबार ने छापा कि रोजमर्रे के समान की कीमत में तीन से लेकर पांच रूपये तक की कमी आयी है। बीते दिन एक समाचार-पत्र की पहली सुरखी थी कि अगले साल भारतीय कंपनियों में बवाल की […] Read more » News Source समाचार माध्यमों
मीडिया पत्रकारिता का अत्याधुनिक व क्रान्तिकारी रूवरूप – ‘ई जर्नलिज्म’ December 7, 2009 / December 25, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | 1 Comment on पत्रकारिता का अत्याधुनिक व क्रान्तिकारी रूवरूप – ‘ई जर्नलिज्म’ ‘जब भी बोलना वक्त पर बोलना, मुद्दतों सोचना मुख्तसर बोलना। ‘ वाचिक परम्परा की इस सीख के साथ पत्रकारिता के पहले संवाददाता नारद, आद्य संपादक वेद व्यास, सर्वप्रथम लाइव टेलीकास्ट करने वाले महाभारत के संजय आदि से प्रारंभ होकर अपने स्वरूप में क्रमशः काफी परिवर्तन का साक्षी बना है। कौटिल्य के अर्थशास्त्र, मुगलकाल के वाक्यानवीस […] Read more » Journalism पत्रकारिता
मीडिया केवल ‘एक लाईन’ लिखने से अखबार वाले जिम्मेदारी से मुक्त नहीं हो सकते – पंकज व्यास November 5, 2009 / December 26, 2011 by पंकज व्यास | 2 Comments on केवल ‘एक लाईन’ लिखने से अखबार वाले जिम्मेदारी से मुक्त नहीं हो सकते – पंकज व्यास अधिकांश अखबारों में वर्गीकृत, डिस्प्ले क्लासिफ़ाईड विज्ञापनों की भरमार होती है। इनमें आवश्यकता, टयूशन-शिक्षा, ज्योतिष, वास्तुकर, मशीन उपकरण, मोबाईल, खरीदना-बेचना, व्यापारी, ब्यूटी पार्लर-पिटनेस आदि के वर्गीकरण के साथ विज्ञापन प्रकशित किए होते हैं। इन विज्ञापनों में की विज्ञापन ऐसे होते हैं, जिन पर पृथम दृष्टा ही विश्वास नहीं किया जा सकता है और कहा जा […] Read more » News papers अखबार
मीडिया हिन्दी की आर्थिक पत्रकारिता : पहचान बनाने की जद्दोजहद – संजय द्विवेदी October 30, 2009 / December 26, 2011 by संजय द्विवेदी | 3 Comments on हिन्दी की आर्थिक पत्रकारिता : पहचान बनाने की जद्दोजहद – संजय द्विवेदी वैश्वीकरण के इस दौर में ‘माया’ अब ‘महागठिनी’ नहीं रही। ऐसे में पूंजी, बाजार, व्यवसाय, शेयर मार्केट से लेकर कारपोरेट की विस्तार पाती दुनिया अब मीडिया में बड़ी जगह घेर रही है। हिन्दी के अखबार और न्यूज चैनल भी इन चीजों की अहमियत समझ रहे हैं। दुनिया के एक बड़े बाजार को जीतने की जंग […] Read more » Journalism Media Education Patrakarita Sanjay Dwivedi आर्थिक पत्रकारिता पत्रकारिता मीडिया मीडिया शिक्षा संजय द्विवेदी
मीडिया भरोसे का संकट और अलोकतांत्रिक मीडिया October 3, 2009 / December 26, 2011 by पंकज झा | 3 Comments on भरोसे का संकट और अलोकतांत्रिक मीडिया बाबा भारती की कहानी आपने ज़रूर सुनी होगी। बाबा के पास एक बहुत प्यारा घोड़ा रहता है, उस घोडे को पाने के लिये डाकू एक तरकीब निकालता है और बीमार बनकर घोड़े भगा ले जाता है। और बाबा चीख कर उससे यही निवेदन करते हैं कि यह बात किसी को बताना मत नहीं तो लोग […] Read more » media अलोकतांत्रिक मीडिया