राजनीति ललक ‘बहरूपिया’ वोटर को रिझाने की March 11, 2011 / December 15, 2011 by संजय सक्सेना | 2 Comments on ललक ‘बहरूपिया’ वोटर को रिझाने की बहुमत पाने के लिए आजकल बिसातें बिछाने का पूर्वाभ्यास चल रहा है। उत्तर प्रदेश का राजनीतिक प्रांगण किसी विश्वकप से कम नहीं आंका जाना चाहिए । यह वह जमीं है जहां से कई नेताओं को तो प्रधानमंत्री तक का तमगा मिल चुका है। चाहे वह वैकल्पिक हो या सच्चा कद्दावर नेता। जनता सबकी नब्ज टटोलती […] Read more » voters वोटर
राजनीति प्रधान मंत्री की एक ओर अग्नि परीक्षा – मोदी कमेटी पर अमल कैसे हो? March 11, 2011 / December 14, 2011 by श्रीराम तिवारी | 10 Comments on प्रधान मंत्री की एक ओर अग्नि परीक्षा – मोदी कमेटी पर अमल कैसे हो? चौतरफा भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी यु पी ऐ सरकार को कहीं ठौर नहीं है. निरंतर सुप्रीम कोर्ट की निगरानी और विपक्षी हंगामों के चलते जांच-पड़ताल और ठोस नतीजों की अपेक्षा सुनिश्चित करने में जुटी सरकार और कांग्रेस के दिग्गज सिपहसालार एक नई चुनौती से रूबरू होने जा रहे हैं. महंगाई पर काबू पाने के […] Read more » Prime Minister प्रधानमंत्री
राजनीति कांग्रेस की राजनीति March 11, 2011 / December 15, 2011 by डॉ. सी. पी. राय | 2 Comments on कांग्रेस की राजनीति कांग्रेस आजकल बहुत मेहनत कर रही है ,दो साल पहले तय हुआ की अब वही पार्टी में पदाधिकारी होगा जो ज्यादा सदस्यता करेगा .उनपर फोटो लगाना अनिवार्य होगा .सबकी मौके पर छानबीन होगी .फिर तय हुआ की फोटो नहीं है तों अब लगा दो .फिर तय हुआ की अब सदस्यता की छान बीन होगी |जिनको […] Read more » Congress कांग्रेस
राजनीति यूपीए द्वितीय ओर वामपंथ दोनो की अग्नि परीक्षा होने वाली है . March 7, 2011 / December 15, 2011 by श्रीराम तिवारी | Leave a Comment पाँच राज्यों -पश्चिम बंगाल,तमिलनाडु,केरल,असम और पुद्दुचेरी के विधान सभा चुनाव कार्यक्रम घोषित हो चुके हैं . देश की राजधानी दिल्ली में और सम्बंधित राज्यों में राजनीतिक गतिविधियाँ तेज हो गईं हैं.घोषित चुनाव कार्यक्रम के मुताबिक -तमिलनाडु ,केरल और पुद्दुचेरी में एक ही चरण में १३ अप्रैल को जबकि असम में दो चरणों में ४ और […] Read more » UPA यूपीए
राजनीति संवैधानिक पदों पर नियुक्ति में भी भ्रष्टाचार March 7, 2011 / December 15, 2011 by विनोद उपाध्याय | 2 Comments on संवैधानिक पदों पर नियुक्ति में भी भ्रष्टाचार एक तरफ देश में भ्रष्टाचार को जड़ से मिटाने के लिए यूपीए सरकार हर दिन बयानबाजी करती नजर आती है तो दूसरी तरफ संवैधानिक पदों पर ऐसे लोगों को नियुक्त किया जाता है जो खुद दागदार हैं और जिनकी प्रतिष्ठा दांव पर लगी है। सर्वोच्च अदालत ने अपने फैसले में साफ कहा है कि मुख्य […] Read more » Corruption भ्रष्टाचार
राजनीति आसान नहीं है भारत में चुनाव सुधार March 5, 2011 / December 15, 2011 by पंकज चतुर्वेदी | 2 Comments on आसान नहीं है भारत में चुनाव सुधार इन दिनों भारत में चुनाव सुधार और चुनावी तौर-तरीकों में बदलाव की बयार तेज है |ऐसा कृत्रिम वातावरण निर्मित किया जा रहा ,कि लगता है की भारत के सब राज नेता और राजनितिक दल चुनाव सुधार करके ही दम लेंगे |भारत में लोकतंत्र का ये यज्ञ पहली बार सन १९५२ में हुआ था | इन […] Read more » चुनाव
राजनीति थामस का शनी हो गया भारी March 5, 2011 / December 15, 2011 by लिमटी खरे | Leave a Comment 0 और कितने प्रमाण चाहिए कांग्रेस की राजमाता को 0 दागदार को बनाया थानेदार, कोर्ट ने उतारा कुर्सी से 0 आखिर क्या चाह रही हैं सोनिया गांधी? 0 सर्वोच्च न्यायालय के फैसले से दूध का दूध पानी का पानी (लिमटी खरे) इक्कीसवीं सदी के पहले दशक की समाप्ति के दौर में सवा सौ करोड़ की […] Read more » politics थामस
राजनीति ममता का नायककेन्द्रित सांस्कृतिक खेल March 3, 2011 / December 15, 2011 by जगदीश्वर चतुर्वेदी | Leave a Comment रेलमंत्री ममता बनर्जी भाषायी सांस्कृतिक संकीर्णतावाद का खतरनाक खेल खेल रही हैं। यह खेल राष्ट्रीय एकता के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। रेल को राष्ट्रीय एकीकरण का प्रतीक माना जाता है। ममता बनर्जी ने रेलमंत्री बनने के बाद से उसे बांग्ला सांस्कृतिक उन्माद और नायककेन्द्रित सांस्कृतिक फासीवाद का औजार बना दिया है। कोई भी […] Read more » Mamta Benerji ममता
राजनीति सर्वमान्य नेतृत्व का अभाव : एक दृटिकोण March 2, 2011 / December 15, 2011 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | 3 Comments on सर्वमान्य नेतृत्व का अभाव : एक दृटिकोण वर्तमान में भारत का जो राजनैतिक दृश्य है उसे देखकर यह लगता है कि हमारे देश में एक केन्द्रीय नेतृत्व का अभाव है। एक ऐसा नेता जिसकी राट्रव्यापी क्षवि हो और जिसे छ लाख गाँवों में भी वैसी ही पहचान मिली हो जैसी इस देश के गुने चुने महानगरों में। एक ऐसा नेतृत्व जिसकी आवाज […] Read more » politics सर्वमान्य
राजनीति मज़बूरी का नाम मनमोहन सिंह-….देश चले भगवान भरोसे… March 2, 2011 / December 15, 2011 by श्रीराम तिवारी | 1 Comment on मज़बूरी का नाम मनमोहन सिंह-….देश चले भगवान भरोसे… यु पी ऐ प्रथम के दौर में जब -जब आर्थिक सुधारों के नाम पर देश की सम्पदा और मेहनतकशों के श्रम को मुफ्त में लूटने के लिए कार्पोरेट जगत को पूरी सफलता नहीं मिली ,तब -तब सरमायेदारों की तिजारत के संबाहक पूंजीपति परस्त मीडिया ने डाक्टर मनमोहन सिंह को मजबूर प्रधानमंत्री के रूप में जनता […] Read more » Manmohan Singh मज़बूरी का नाम मनमोहन सिंह
राजनीति ये है दिल्ली मेरी जान February 28, 2011 / December 15, 2011 by लिमटी खरे | Leave a Comment भरी भीड़ में अकेले खड़े हैं मनमोहन कांग्रेस के अंदर अब यह चर्चा जोर पकड़ने लगी है कि अब वक्त आ गया है और वजीरे आजम डाॅ.मनमोहन को सेवानिवृत्ति ले लेनी चाहिए। मतलब साफ है कि इस साल देश को नया प्रधानमंत्री तो अगले साल देश को नया महामहिम राष्ट्रपति मिलने वाला है। ईमानदार […] Read more » Delhi
राजनीति भ्रष्टों के सरदार मनमोहन February 27, 2011 / December 15, 2011 by लिमटी खरे | 3 Comments on भ्रष्टों के सरदार मनमोहन लिमटी खरे आज की युवा होती पीढ़ी को शायद इस बात का भान नहीं है कि गोरी चमड़ी वालों के अत्याचारों को किस कदर सहकर देश पर प्राण न्योछावर करने वालों ने इस देश को आजादी दिलवाई है। दिन रात अंग्रेजों के जुल्मों को सहा और स्वतंत्रता का बिगुल फूंका। देश आजाद हुआ] फिर भारत […] Read more » Corruption डॉ. मनमोहन सिंह भ्रष्टाचार