राजनीति शख्सियत समाज राष्ट्रवाद के प्रेरक : वीर सावरकर February 28, 2022 / February 28, 2022 by विनोद कुमार सर्वोदय | 1 Comment on राष्ट्रवाद के प्रेरक : वीर सावरकर भारत को अजेय शक्ति बनाने के लिए “हिंदुत्व ही राष्ट्रीयत्व है और राष्ट्रीयत्व ही हिंदुत्व है’ के उद्द्घोषक स्वातंत्र्य वीर विनायक दामोदर सावरकर आज तन से हमारे मध्य नहीं हैं। लेकिन उनकी संघर्षमय प्रेरणादायी अविस्मरणीय मातृभूमि के प्रति समर्पित गाथा युगों युगों तक भारतभक्तों का मार्ग प्रशस्त करती रहेंगी। मुख्यतः हम उनकी पुण्य जन्म व […] Read more »
समाज नागरिकों को स्वावलम्बी बनाने के लिए अब स्वयंसेवी संगठन भी आ रहे हैं आगे February 26, 2022 / February 26, 2022 by प्रह्लाद सबनानी | Leave a Comment अतिप्राचीन भारत के आर्थिक परिदृश्य में मुद्रा स्फीति, बेरोजगारी, नागरिकों में आय की असमानता एवं राज्य में वित्तीय असंतुलन जैसी समस्याओं का वर्णन लगभग नहीं के बराबर मिलता है। उस समय लोग बहुत ही सुखी, सम्पन्न एवं स्वावलम्बी थे तथा नागरिक सामान्यतः ग्रामीण इलाकों में आपस में मिल जुलकर रहते हुए प्रसन्नता पूर्वक अपना जीवन […] Read more » स्वावलम्बी बनाने के लिए अब स्वयंसेवी संगठन
पर्यावरण समाज उत्तर प्रदेश और बिहार में सोलर माइक्रोग्रिड लगाने के लिए जारी हुई अब तक की सबसे बड़ी वित्तीय मदद February 21, 2022 / February 21, 2022 by निशान्त | Leave a Comment भारत के ग्रामीण क्षेत्रों में 140 माइक्रोग्रिड बनाने के लिए इस कंपनी को मिला आईआरईडीए से US$4 मिलियन का ऋण एक बेहद उत्साहजनक घटनाक्रम में, ग्रामीण भारत में लगभग डेढ़ सौ सोलर माइक्रोग्रिड लगाने के लिए इंडिया रिन्युब्ल एनेर्जी डेव्लपमेंट एजेंसी (IREDA) ने सवा चार मिलियन डॉलर का ऋण जारी किया है।यह ऋण मिला है […] Read more »
पर्यावरण समाज फिलहाल मुश्किल है जस्ट ट्रांज़िशन की राह February 21, 2022 / February 21, 2022 by निशान्त | Leave a Comment भारत के शीर्ष कोयला खनन और कोयला पावर प्लांट पर निर्भर जिलों के लिए जस्ट ट्रांजिशन (न्यायसंगत परिवर्तन) का अर्थ क्या होगा और कैसे जस्ट ट्रांजिशन लाया जा सकता इसे समझने के इरादे से दिल्ली स्थित एनवायरनमेंटल थिंक टैंक, इंटरनेशनल फोरम फॉर एनवायरनमेंट, सस्टेनेबिलिटी एंड टेक्नोलॉजी (iFOREST) ने कोरबा जिले का चयन किया गया और […] Read more » the road to just transition is difficult. जस्ट ट्रांज़िशन की राह
लेख समाज भूखों को खाना उपलब्ध कराता छपरा का रोटी बैंक February 21, 2022 / February 21, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment अर्चना किशोर छपरा, बिहार साल 2019 की एक रिपोर्ट के मुताबिक भुखमरी और कुपोषण के मामले में 117 मुल्कों की सूची में हमारा देश 102वें स्थान पर है. वैश्विक भूख सूचकांक साल 2021 की रिपोर्ट के अनुसार भारत को कुल 116 देशों की सूची में 101वें स्थान पर रखा गया है. साल 2017 में नेशनल हेल्थ सर्वे (एनएचएस) की रिपोर्ट बताती है कि देश में 19 करोड़ लोग हर रात […] Read more » Chapra's Roti Bank provides food to the hungry छपरा का रोटी बैंक
खान-पान खेत-खलिहान समाज युवा किसान सीख रहे हैं रसायन मुक्त खेती February 17, 2022 / February 17, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment रूबी सरकार भोपाल, मप्र भोपाल से 40 और सीहोर मुख्यालय से 30 किलोमीटर दूर अबीदाबाद पंचायत के रहने वाले धन सिंह वर्मा कुछ माह पहले तक अपने खेत से सिर्फ एक फसल ले पाते थे, क्योंकि उन्हें खेती की सही तकनीक नहीं मालूम थी. कभी-कभी तो वह डीएपी खाद नहीं मिल पाने के कारण यहां-वहां […] Read more » Organic Farming Young farmers are learning chemical free farming रसायन मुक्त खेती
समाज नदी के आंचल में है प्राचीन सिक्कों का इतिहास February 16, 2022 / February 16, 2022 by मनोज कुमार | Leave a Comment डॉ. वन्दना मण्डोर Read more » The history of ancient coins is in the lap of the river नदी के आंचल में है प्राचीन सिक्कों का इतिहास
समाज कोरोना से गांव में रोज़गार का संकट February 15, 2022 / February 15, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment कविता लमचूला, उत्तराखंड कोरोना की तीसरी लहर का प्रकोप अब धीरे धीरे कम होने लगा है. हालांकि अच्छी बात यह है कि दूसरी लहर की अपेक्षा तीसरी में इंसानी जानों की हानि कम रही. न तो अस्पतालों में ऑक्सीजन की मारामारी रही और न ही वेंटिलेटर की कमी का सामना करना पड़ा. दरअसल 2020 में […] Read more » Employment crisis in the village due to Corona गांव में रोज़गार का संकट
शख्सियत समाज संघर्ष और पीड़ा का कालकूट पी महाप्राण बने निराला February 8, 2022 / February 8, 2022 by कृष्णमुरारी त्रिपाठी अटल | Leave a Comment हिन्दी साहित्य में सूर्य की भाँति अपनी कान्ति से राष्ट्रीय चेतना को आलोकित करने वाले सूर्यकान्त त्रिपाठी ‘निराला’ उन महानतम् तपस्वियों में से एक हैं जिन्होंने आजीवन संघर्ष, पीड़ा,उपेक्षा,अपमान का विष पीकर उसे अपनी लेखनी की स्याही बनाते हुए सर्जन की महागाथा लिखी। उनके प्रारम्भिक जीवन के बाद पिता रामसहाय तेवारी की मृत्यु के साथ […] Read more » निराला सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला'
समाज पितृसत्तात्मक समाज में अधिकार के लिए संघर्ष करती महिलाएं February 8, 2022 / February 8, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment सरिता कपकोट, बागेश्वर उत्तराखंड पिछले महीने देश की सर्वोच्च अदालत ने अपने एक ऐतिहासिक फैसले में पिता की संपत्ति पर बेटियों के अधिकार को लेकर आदेश सुनाया. कोर्ट के अनुसार पिता की संपत्ति पर बेटों के साथ साथ बेटियों का भी बराबर का अधिकार होगा. अपने फैसले में कोर्ट ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति […] Read more » Women fighting for rights in a patriarchal society पितृसत्तात्मक समाज में अधिकार
शख्सियत समाज न जाति: कारणे लोके गुणा: कल्याण हेतव:’ February 6, 2022 / February 6, 2022 by इ. राजेश पाठक | Leave a Comment Read more » श्री रामानुज
समाज किसानों के लिए मुनाफा साबित हो रहा है लेमन ग्रास की खेती February 4, 2022 / February 4, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment अमरेन्द्र सुमन दुमका, झारखंड गेहूं, धान, दलहन, तिलहन जैसे पारंपरिक फसलों से इतर आमदनी बढ़ाने के लिए झारखंड के किसानों ने अब लेमन ग्रास जैसे नये उत्पादों से मुनाफा कमाने का एक नायाब तरीका ढूंढ निकाला है. बिना अधिक परिश्रम के ही न्यूनतम पूंजी पर अधिकतम लाभ का यह तरीका धीरे धीरे ही सही, किन्तु […] Read more » लेमन ग्रास की खेती