विविधा बंदूक का जवाब बंदूक से या फिर संवाद का रास्ता जरूरी March 22, 2014 / March 22, 2014 by रमेश पांडेय | Leave a Comment -रमेश पाण्डेय- बस्तर के जिस इलाके में सुरक्षा बलों का खून बहा है। वह इलाका सभ्यता, संस्कृति और लोकतंत्र की साख का अनूठा संगम रहा है। यहां की प्राकृतिक सुंदरता बरबस मन मोह लेती है। इतिहास पर नजर डाले तो वीर हनुमान भी इसी धरती ने दिया। किष्किन्धा राज्य के इसी क्षेत्र में होने के […] Read more » need to search solution on naxals issue बंदूक का जवाब बंदूक से या फिर संवाद का रास्ता जरूरी
विविधा अंग्रेज़ी- हिंदी टक्करः 3 March 21, 2014 / March 21, 2014 by डॉ. मधुसूदन | 8 Comments on अंग्रेज़ी- हिंदी टक्करः 3 -डॉ. मधुसूदन – अनुरोध: विषय आत्मसात करते हुए पढ़ें। प्रश्न अवश्य पूछें, विद्वान पाठक सुधार भी सूचित करें। यह आलेख टक्कर १ और २ पर भी आधार रखता है। कुछ सारांश ===>(१) हमारे शब्द, स्वयं अपना अर्थ, और ज्ञान-विज्ञान उदघाटित करते चलते हैं, जब, अग्रेज़ी के शब्दों की व्याख्या रटनी पडती है। ===>(२) संस्कृत भारत […] Read more » English - Hindi conflict अंग्रेज़ी- हिंदी टक्करः 3
विविधा पहचान को तरसता ऐतिहासिक गांव कहला March 20, 2014 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | Leave a Comment -रमेश पाण्डेय – उत्तर प्रदेश का एक छोटा सा जिला है प्रतापगढ़। इस जिले की सबसे अविकसित विकास खंड है गौरा। इस विकास खंड के अन्तर्गत इलाहाबाद की सीमा से सटा गांव है कहला। गांव का नाम तो बेहद सामान्य सा है, पर इस गांव का इतिहास गर्व और साहस से भरा है। पर समय […] Read more » bad situation of Uttar Pradesh villages पहचान को तरसता ऐतिहासिक गांव कहला
विविधा 1857 में रेवांचल का मुक्ति आन्दोलन – अवंती बाई का आत्मोत्सर्ग March 19, 2014 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | Leave a Comment -प्रभंजन संकेत- 1857 की क्रांति में रामगढ़ की रानी अवंती बाई रेवांचल में मुक्ति आंदोलन की सूत्रधार थी। 1857 के मुक्ति आंदोलन में इस राज्य की अहम भूमिका थी, जिससे इतिहास जगत अनभिज्ञ है। 1817 से 1851 तक रामगढ़ राज्य के शासक लक्ष्मण सिंह थे। उनके निधन के बाद राजकुमार विक्रमाजीत सिंह ने राजगद्दी संभाली। […] Read more » 1857 में रेवांचल का मुक्ति आन्दोलन - अवंती बाई का आत्मोत्सर्ग Avanti Bai movement
विविधा त्वरित न्याय के दायरे में माननीय March 14, 2014 by प्रमोद भार्गव | 1 Comment on त्वरित न्याय के दायरे में माननीय संदर्भः- सर्वोच्च न्यायालय ने दागी सांसद – विधायकों के मामलों में तय की समय सीमा -प्रमोद भार्गव- विधायिका जब राजनीतिक कुनबों के दागियों पर अंकुश लगाने की इच्छाषक्ति नहीं जता पाई तो सर्वोच्च न्यायालय ने अपराधी सांसदों व विधायकों के मामले एक साल में निपटाने की समय सीमा तय कर दी। यह अनुकरणीय पहल है। […] Read more » quick decision on leaders त्वरित न्याय के दायरे में माननीय
विविधा आम चुनाव से पूर्व का हलचल! March 11, 2014 / March 11, 2014 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | Leave a Comment फखरे आलम 2014 आम चुनाव से कापफी पहले ही राजनीति गहमागहमी देखने को मिलने लगी थी। मगर चुनाव की घोषणा से पूर्व का कोलाहल बड़ा चिलचस्प है। अब बारी है जनता की! देखने और दिखलाने का! जिस प्रकार से राजनीति दलों ने जनता की नहीं सुनी, जनता की मूलभूत सुविधओं को अनदेखी की, जनता की […] Read more »
विविधा अखिलेश जी, बहुत हुआ तुष्टीकरण!!! March 11, 2014 / March 11, 2014 by प्रवक्ता.कॉम ब्यूरो | Leave a Comment सचिन शर्मा दो मार्च को मीरपुर में खेले गये भारत-पाक मैच के दौरान पाकिस्तान की जीत पर मेरठ के स्वामी विवेकानंद सुभारती विश्वविद्यालय में कश्मीर छात्रों द्बारा पाकिस्तान जिदाबाद का नारे लगाना न केवल अक्षम्य है बल्कि ये देशद्रोह की श्रेणी में भी आता है। इस मामले में पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई करते हुये कश्मीरी […] Read more »
विविधा मोदी-पार्टी बनाम मां-बेटा पार्टी? March 7, 2014 by डॉ. वेदप्रताप वैदिक | 1 Comment on मोदी-पार्टी बनाम मां-बेटा पार्टी? राहुल गांधी में आजकल कौन चाबी भर रहा है, पता नहीं। आजकल कोई उनको उल्टी पट्टी पढ़ा रहा है। वह राहुल पर राहुल से ही आक्रमण करवा रहा है! औरंगाबाद की एक सभा में राहुल ने कह दिया कि भाजपा की सारी सत्ता एक व्यक्ति के हाथ में केंद्रित होती जा रही है। नाम लिये […] Read more » मोदी-पार्टी बनाम मां-बेटा पार्टी?
विविधा कहीं गलत लीक न बन जाये मीसा बंदी पेंशन का फैसला March 6, 2014 by जगमोहन ठाकन | 2 Comments on कहीं गलत लीक न बन जाये मीसा बंदी पेंशन का फैसला जग मोहन ठाकन हाल में राजस्थान की भाजपा सरकार ने एक अधिसूचना जारी कर राज्य में वर्ष १९७५-१९७७ के दौरान मीसा एवं डी आई आर के अंतर्गत राज्य की जेलों में बंदी बनाये गए राज्य के मूल निवासियों को पेंशन दिए जाने सम्बन्धी “ मीसा एवं डी आई आर बंदियों को पेंशन नियम २००८ “ […] Read more » मीसा बंदी पेंशन
जन-जागरण विविधा यह खेल आखिर कबतक जारी रहेगा ? February 24, 2014 / February 24, 2014 by डा. अरविन्द कुमार सिंह | Leave a Comment डा. अरविन्द कुमार सिंह आज के दौर में भ्रष्टाचार हर विभाग और हर स्तर पर दिखलाई दे रहा हैं । आबकारी , पुलिस और परिवहन विभाग में भ्रष्टाचार हो तो बात समझ में आती है , लेकिन शिक्षा जैसे समाज के भविष्य से जुडे विभाग का भ्रष्टाचार निसन्देह एक भयानक खामी की ओर संकेत करता […] Read more » यह खेल आखिर कबतक जारी रहेगा ?
विविधा हमारी अंग्रेजी February 23, 2014 by डा. रवीन्द्र अग्निहोत्री | 2 Comments on हमारी अंग्रेजी -डा. रवीन्द्र अग्निहोत्री- हाल ही में देश में अंग्रेजी से संबंधित एक अभूतपूर्व घटना घटी. वैसे तो हमारे देश में जो भी घटना घटती है वह अभूतपूर्व ही होती है. संसद और विधान सभाएं तो ऐसी घटनाओं के लिए “दुर्घटना संभावित क्षेत्र“ जैसी ख्याति अर्जित कर चुकी हैं. लिम्का बुक वाले […] Read more » fact about English हमारी अंग्रेजी
विविधा खतरनाक स्तर पर प्रदूषण February 23, 2014 by अरविंद जयतिलक | 1 Comment on खतरनाक स्तर पर प्रदूषण -अरविंद जयतिलक- यह विडंबना है कि तमाम जागरुकता के बाद भी दीपावली की रात करोड़ों रुपए के पटाखे फोड़ वायुमण्डल को खतरनाक प्रदूषण से भर दिया गया। यह जानते हुए भी कि यह प्रदूषण सांस की बीमारी से पीड़ित लोगों की तकलीफें बढ़ाने के साथ कैंसर जैसी घातक बीमारियों को जन्म देने वाला है, […] Read more » polution in India खतरनाक स्तर पर प्रदूषण