अमेरिका की नई रक्षा नीति हथियारों की होड़ बढ़ाएगी
Updated: January 27, 2026
डोनाल्ड ट्रंप जब से अमेरिका के राष्ट्रपति बने हैं, वो लगातार अमेरिकी नीतियों में बड़े बदलाव करते जा रहे हैं। ये बदलाव इतने बड़े हैं कि उनके जाने
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सच्चे पत्रकार मार्क टली को विनम्र श्रद्धांजलि
Updated: January 27, 2026
शम्भू शरण सत्यार्थी अचानक विलियम मार्क टली का नाम सुनते ही समय जैसे पीछे लौट गया। नई दिल्ली में उनके निधन की खबर आई और उसके साथ…
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‘एक भारत, एक कानून’ की नीतिगत कसौटी के सियासी निहितार्थ
Updated: January 27, 2026
कमलेश पांडेय विभिन्न तरह के पारस्परिक विरोधाभासों से जूझ रहे भारतीय गणतंत्र के लिए ‘एक भारत, एक कानून’ की अवधारणा बदलते वक्त की मांग है। इसलिए…
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चुनौतियों को अवसर में बदलते नरेंद्र मोदी
Updated: January 27, 2026
डॉ. वेदप्रकाश हाल ही में लंदन से प्रकाशित प्रतिष्ठित एवं अंतरराष्ट्रीय पत्रिका “द इकोनॉमिस्ट” की एक रिपोर्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वैश्विक चुनौतियों…
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भरोसे एवं भारत की आवाज थे विरल पत्रकार मार्क टुली
Updated: January 27, 2026
-ललित गर्ग- भारत की समकालीन इतिहास-यात्रा में कुछ व्यक्तित्व ऐसे होते हैं जो केवल घटनाओं का वृत्तांत नहीं लिखते, बल्कि समय की चेतना में घुल-मिलकर…
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गणतंत्र का गौरव और राष्ट्र निर्माण की चुनौतियाँ
Updated: January 27, 2026
77 वें गणतंत्र दिवस
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राष्ट्रीय संकट के समय राजपथ से संघ ने दिया एकजुटता का संदेश
Updated: January 27, 2026
आज भी हम 1962 के भारत-चीन युद्ध को भूल नहीं पाते हैं। चीन ने भारत के विश्वास का कत्ल किया था। ‘हिन्दी-चीनी, भाई-भाई’ के हमारे नारे को धुंए में
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भारतीय संविधान और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता
Updated: January 27, 2026
26 जनवरी गणतंत्र दिवस विवेक रंजन श्रीवास्तव भारतीय संविधान और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का संबंध लोकतंत्र की आत्मा से जुड़ा हुआ है। यह केवल एक कानूनी प्रावधान नहीं…
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संवैधानिक मूल्य : गणतंत्र की आत्मा और नागरिक दायित्व
Updated: January 27, 2026
26 जनवरी गणतंत्र दिवस बाबूलाल नागा भारतीय संविधान केवल शासन चलाने का दस्तावेज नहीं, बल्कि एक जीवंत दर्शन है जो देश की आत्मा, उसकी चेतना और दिशा—तीनों को परिभाषित करता है। संविधान की उद्देशिका में निहित स्वतंत्रता, समता, समानता, बंधुता, संप्रभुता, समाजवाद, धर्मनिरपेक्षता और लोकतंत्र जैसे मूल्य पूरे संविधान की वैचारिक रीढ़ हैं। ये मूल्य “हम भारत के लोग” द्वारा स्वयं को दी गई वह सामूहिक प्रतिबद्धता हैं जो प्रत्येक नागरिक को अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों का भी निरंतर स्मरण कराती है। संविधान का सच्चा सम्मान केवल औपचारिक आयोजनों से नहीं, बल्कि इन मूल्यों को अपने व्यवहार और सार्वजनिक जीवन में उतारने से होता है। भारत 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस की 77वीं वर्षगांठ मना रहा है। 26 नवंबर 1949 को संविधान सभा द्वारा भारतीय संविधान को अंगीकार किया गया और 26 जनवरी 1950 को इसे…
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गणतंत्र के सामने चुनौतियाँ : हमारा दायित्व
Updated: January 27, 2026
शम्भू शरण सत्यार्थी गणतंत्र केवल शासन-प्रणाली का नाम नहीं है, यह एक जीवित चेतना है जो नागरिकों के आचरण, सोच और साहस से जीवित रहती…
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ज्ञान-परंपरा से लौटती प्राचीन भारतीय गणतंत्र की गरिमा
Updated: January 27, 2026
संदर्भः गणतंत्र दिवस 26 जनवरी पर विशेष आलेख-प्रमोद भार्गवदुनिया के गणतंत्रों में भारत प्राचीन गणतंत्रों में से एक है। यहां के मथुरा, पद्मावती और त्रिपुरी…
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