महिला-जगत लेख ‘नारी’ की पूजा तो फिर अत्याचार क्यों? March 7, 2022 / March 7, 2022 by ललित गर्ग | Leave a Comment विश्व महिला दिवस (8 मार्च, 2022) पर प्रकाशनार्थ ललित गर्ग नारी के प्रति कृतज्ञता ज्ञापन तथा मातृशक्ति की अभिवंदना का एक स्वर्णिम अवसर है विश्व नारी दिवस, यह नारी की महिमा को उजागर करने वाला ऐतिहासिक दिन है। आखिर नारी को ही ‘माँ’ का महत्त्वपूर्ण पद और संबोधन मिला। कारण की मीमांसा करते हुए अनुभवविदों […] Read more » Worship of 'Woman' then why atrocities? विश्व महिला दिवस
लेख अब अपराधी के मानस मूल्यांकन की सार्थक पहल March 5, 2022 / March 5, 2022 by ललित गर्ग | Leave a Comment ललित गर्ग- दुनिया के बहुत सारे देशों में फांसी की सजा का प्रावधान समाप्त किया जा चुका है और भारत में भी फांसी की सजा को समाप्त करने की मांग लगातार उठ रही है। प्रश्न है कि क्या मौत की सजा जैसे सख्त कानूनों के प्रावधान करने मात्र से अपराधों एवं अत्याचारों पर नियंत्रण पाया […] Read more » mental assessment of criminal Now meaningful initiative of mental assessment of criminal
लेख शख्सियत समाज श्री रामकृष्ण परमहंस: भारतीय पुनर्जागरण के अग्रदूत March 3, 2022 / March 3, 2022 by ललित गर्ग | 1 Comment on श्री रामकृष्ण परमहंस: भारतीय पुनर्जागरण के अग्रदूत श्री रामकृष्ण परमहंस जयन्ती 4 मार्च, 2022 ललित गर्ग- प्राचीनकाल से ही भारत की रत्नगर्भा वसुंधरा माटी में ऐसे कई संत और महान व्यक्ति हुए है जिन्हें उनके कर्म, ज्ञान और महानता के लिए आज भी याद किया जाता है। जिन्होंने अपने व्यक्तित्व और कर्तृत्व से न सिर्फ स्वयं को प्रतिष्ठित किया वरन् उनके अवतरण […] Read more » श्री रामकृष्ण परमहंस श्री रामकृष्ण परमहंस जयन्ती 4 मार्च
लेख संयुक्त राष्ट्र की चेतावनी: गर्मी ले लेगी जान अगर नहीं लगी उत्सर्जन पर लगाम February 28, 2022 / February 28, 2022 by निशान्त | Leave a Comment जलवायु परिवर्तन पर संयुक्त राष्ट्र की ताज़ा रिपोर्ट रिलीज़ हो चुकी है और यह रिपोर्ट बेहद खास है। ख़ास इसलिए क्योंकि इसमें साफ़ तौर पर वैश्विक स्तर पर बढ़ते कार्बन एमिशन और उसकी वजह से बदलती जलवायु का मानवता पर हो रहे असर का ज़िक्र है।रिपोर्ट से पता चलता है कि भारत के कुछ शहर, […] Read more » UN warning: heat will kill if emissions are not controlled गर्मी ले लेगी जान
जन-जागरण लेख स्त्री-पुरुष में अधिकारों का द्वंद ? February 26, 2022 / February 26, 2022 by प्रभुनाथ शुक्ल | Leave a Comment ‘मैरिटल रेप’ अब सिर्फ एक शब्द नहीं, हाल के दिनों में स्त्री अधिकार और उसके विमर्श का केंद्र बन गया है। भारत जैसे उदार देश में एक तरफ तीन तलाक और हालाला जैसी कुप्रथाएं पुरुष के एकाधिकार को साबित करती हैं। वहीं ‘मैरिटल रेप’ यानी वैवाहिक बलात्कार भी स्त्री अधिकारों का दमन है। यह समाजिक […] Read more » Rights conflict between men and women?
लेख आत्मदैन्य से मुक्ति का विमर्श है ‘भारतबोध का नया समय’ February 26, 2022 / February 26, 2022 by लोकेन्द्र सिंह राजपूत | Leave a Comment लोकेन्द्र सिंह राजपूत पत्रकारिता के आचार्य एवं भारतीय जनसंचार संस्थान के महानिदेशक प्रो. संजय द्विवेदी की नयी पुस्तक ‘भारतबोध का नया समय’ शीर्षक से आई है। स्वतंत्रता के अमृत महोत्सव के अवसर पर उन्होंने पूर्ण मनोयोग से अपनी इस पुस्तक की रचना-योजना की है। वैसे तो प्रो. द्विवेदी सदैव ही आलेखों के चयन एवं संपादन […] Read more »
लेख बाघों की बढ़ती मौत चिंता का विषय February 24, 2022 / February 24, 2022 by प्रभुनाथ शुक्ल | Leave a Comment वन्यजीव प्रकृति की धरोहर हैं। वन्य प्राणियों की सुरक्षा हमारा मानवीय व राष्ट्रीय धर्म भी है। लेकिन इंसान की पैसा कमाने की लालच संरक्षित प्राणियों पर भारी पड़ रही है। भारत में वन्यजीवों के संरक्षण के लिए अनगिनत कानून होने के बावजूद भी संरक्षित जंगली प्राणियों की मौत का सिलसिला नहीं थम रहा है। हमारे […] Read more » The increasing death of tigers is a matter of concern बाघों की बढ़ती मौत
लेख वैज्ञानिक कुशलता का परिचायक है एकीकृत दृष्टिकोण February 23, 2022 / February 23, 2022 by डॉ शंकर सुवन सिंह | Leave a Comment डॉ. शंकर सुवन सिंह वास्तविक ज्ञान ही विज्ञान है। प्राकृतिक विज्ञान प्रकृति और भौतिक दुनिया का व्यवस्थित ज्ञान होता है,या फ़िर इसका अध्ययन करने वाली इसकी कोई शाखा। असल में विज्ञान शब्द का उपयोग लगभग हमेशा प्राकृतिक विज्ञानों के लिये ही किया जाता है। इसकी तीन मुख्य शाखाएँ हैं : भौतिकी, रसायन शास्त्र और जीव […] Read more » Integrated approach is a sign of scientific skill वैज्ञानिक कुशलता का परिचायक है एकीकृत दृष्टिकोण
लेख समाज भूखों को खाना उपलब्ध कराता छपरा का रोटी बैंक February 21, 2022 / February 21, 2022 by चरखा फिचर्स | Leave a Comment अर्चना किशोर छपरा, बिहार साल 2019 की एक रिपोर्ट के मुताबिक भुखमरी और कुपोषण के मामले में 117 मुल्कों की सूची में हमारा देश 102वें स्थान पर है. वैश्विक भूख सूचकांक साल 2021 की रिपोर्ट के अनुसार भारत को कुल 116 देशों की सूची में 101वें स्थान पर रखा गया है. साल 2017 में नेशनल हेल्थ सर्वे (एनएचएस) की रिपोर्ट बताती है कि देश में 19 करोड़ लोग हर रात […] Read more » Chapra's Roti Bank provides food to the hungry छपरा का रोटी बैंक
लेख डिजिटल इंडिया के माध्यम से क्रांतिकारी परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है भारत February 21, 2022 / February 21, 2022 by प्रह्लाद सबनानी | Leave a Comment वैसे डिजिटल इंडिया का विजन तो माननीय प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने वर्ष 2014 में ही बना लिया था परंतु डिजिटल इंडिया कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत 01 जुलाई 2015 को हुई थी। इन 7-8 वर्षों के दौरान भारत ने डिजिटलीकरण के क्षेत्र में अतुलनीय प्रगति की है एवं आज भारत में 83 करोड़ […] Read more » डिजिटल इंडिया
लेख हिंदी दिवस नये भारत के निर्माण में मातृभाषाओं को प्रोत्साहन मिले February 21, 2022 / February 21, 2022 by ललित गर्ग | 1 Comment on नये भारत के निर्माण में मातृभाषाओं को प्रोत्साहन मिले विश्व मातृभाषा दिवस, 21 फरवरी 2022 पर विशेष ललित गर्ग- यूनेस्को द्वारा हर वर्ष 21 फरवरी को विश्व मातृभाषा दिवस मनाया जाता है। इस दिवस को मनाने का उद्देश्य है कि विश्व में भाषाई एवं सांस्कृतिक विविधता और बहुभाषिता को बढ़ावा देना। यूनेस्को द्वारा अन्तरराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस की घोषणा से बांग्लादेश के भाषा आन्दोलन दिवस […] Read more » Mother tongues should be encouraged in the making of New India मातृभाषा दिवस विश्व मातृभाषा दिवस विश्व मातृभाषा दिवस 21 फरवरी
लेख ‘मोबाइल ऐप’ का संसार, दोधारी तलवार। February 21, 2022 / February 21, 2022 by डॉ. सत्यवान सौरभ | Leave a Comment -सत्यवान ‘सौरभ’ आज ‘मोबाइल ऐप स्मार्टफोन यूजर्स’ की जिंदगी का अहम हिस्सा बन गए हैं। गाँव से शहर तक लगभग हर व्यक्ति इन पर आश्रित नज़र आता है। देखें तो भारत में एक स्मार्टफोन उपयोगकर्ता स्मार्टफोन डिवाइस पर (विशेष रूप से मोबाइल ऐप पर) दिन में लगभग 3.5 घंटे खर्च करता है। हर दिन नए-नए […] Read more » The world of 'mobile apps'