लेख 14 सितम्बर जन्म दिवस पर विशेष:हरि प्रसाद ‘हरि’ September 14, 2011 / December 6, 2011 by सुरेन्द्र अग्निहोत्री | Leave a Comment सुरेन्द्र अग्निहोत्री 14 सितम्बर राष्ट्रभाषा हिन्दी दिवस को ललितपुर मंे जन्में राष्ट्रभाषा के अमर गायक ‘रत्नावली’’, ‘राजुल’, ‘महावीर’ (महाकाव्य), सहित अनेक बुन्देली कृतियों के प्रणेता स्वर्गीय हरिप्रसाद ‘हरि’ ने ललितपुर को अपनी साधनास्थली बनाकर इस नगर का गौरव बढ़ाया, काव्य रचना के माध्यम से बुन्देली भूमि के गौरव से लेकर आजादी के शंखनाद के साथ […] Read more » हरि प्रसाद ‘हरि’
लेख सरकार ने ही कर दिया महाराजा को कंगाल September 12, 2011 / December 6, 2011 by सतीश सिंह | 1 Comment on सरकार ने ही कर दिया महाराजा को कंगाल सतीश सिंह नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की ताजा रिर्पोट ने फिर से पूरे देश में बवाल खड़ा दिया है। अपनी इस रिर्पोट में कैग ने यह कहा है कि नागरिक एवं उड्डयन मंत्रालय की गलत नीतियों तथा एयर इंडिया एवं इंडियन एयरलाइंस प्रबंधन के अंदर व्याप्त खामियों की वजह से महाराजा कंगाल हुआ है। […] Read more » air india इंडियन एयरलाइंस एयर इंडिया महाराजा सरकार
लेख अल्पसंख्यकों की सुरक्षा और हितों को लेकर नया कानून September 12, 2011 / December 6, 2011 by शादाब जाफर 'शादाब' | Leave a Comment अमेरिका का नया फंडा पाकिस्तान में घुस कर लादेन को मारने के कारनामे से उत्साहित होकर एक बार फिर दूसरे देशों के अंदरूनी मामलो में दखल देने के लिये अमेरिका एक नया फंडा (कानून) तैयार कर रहा है। जिस में इस बार उस के निशाने पर भारत सहित पूर्व एशिया और दक्षिण मध्य एशिया के […] Read more » America bill अल्पसंख्यको की सुरक्षा
लेख ’……..फिर भी किसान अन्नदाता है पचौरी जी ! ” September 11, 2011 / December 6, 2011 by सुनील अमर | 2 Comments on ’……..फिर भी किसान अन्नदाता है पचौरी जी ! ” सुनील अमर आदरणीय सुधीश पचौरी जी, जितनी मेरी उम्र है, उससे कहीं ज्यादा आपको लिखने का तजुर्बा है, इसलिए आपके लिखे पर सवाल उठाने की धृष्टता से पहले मैं आपसे क्षमा मांग लेता हॅूं। कई स्थितियां हो सकती हैं, मसलन – मेरे आपके बीच पीढ़ी का अंतराल, योग्यता और अनुभव की मेरी कमी, देश के […] Read more » Farmers अन्नदाता किसान
लेख विदेशों में भी होता है पितरों का र्तपण September 11, 2011 / December 6, 2011 by राम कृष्ण | Leave a Comment रामकृष्ण पितरों की पूजा को भारत के लौकिक और सामाजिक कृत्यों में विशिष्ठतम स्थान प्राप्त है. लेकिन पितर-पूजा की प्रथा मात्र भारत में सीमित हो, ऐसा भी नहीं है.दूसरे देशों में भी उसका प्रचुर प्रचलन है. अमावस्या भारतीय पितरों की सर्वाधिक प्रिय तिथि है, और उस तिथि-विशेष को इतना महत्व क्यों दिया गया है इसकी […] Read more » Asia Pitron ka Tarpan अमावस्या पितरों का र्तपण
लेख मनुष्य बाग का माली है, मालिक नहीं September 11, 2011 / December 6, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | Leave a Comment मनुष्य भगवान की सर्वोत्तम कलाकृत्ति है । भगवान ने अपना यह सृजन बड़े मनोयोग और अरमानों के साथ किया है । वे उसे देर तक दयनीय स्थिति में रहने नहीं दे सकते । माली को बगीचा सौंपा तो जाता है पर उसके हाथों बेच नहीं दिया जाता । इस विश्व की व्यवस्था मनुष्य के हाथों […] Read more »
लेख जिनको सम्मानित किया जाना चाहिये, आतंकित किया जा रहा है! September 11, 2011 / December 6, 2011 by इक़बाल हिंदुस्तानी | 1 Comment on जिनको सम्मानित किया जाना चाहिये, आतंकित किया जा रहा है! इक़बाल हिंदुस्तानी – टीम अन्ना का नहीं यह अपमान सभी भारतवासियों का है ! प्रशांत भूषण, किरण बेदी के बाद अब टीम अन्ना के एक और होनहार और समर्पित सदस्य अरविंद केजरीवाल को भी संसदों के विशेषाधिकार का नोटिस थमा दिया गया है। इससे पहले केजरीवाल को आयकर बकाया का 9.27 लाख का नोटिस दिया […] Read more » Anna Hazare Civil Society किरण बेदी प्रशांत भूषण
राजनीति लेख अन्ना ने दिया बहनजी-बुखारी को सिमरन व इक़रा से जवाब ! August 29, 2011 / December 6, 2011 by इक़बाल हिंदुस्तानी | 2 Comments on अन्ना ने दिया बहनजी-बुखारी को सिमरन व इक़रा से जवाब ! इक़बाल हिंदुस्तानी आखि़रकार नेताओं की शतरंजी चालों से 12 दिन तक मौत और ज़िंदगी के बीच झूलते रहने के बाद अन्ना ने अपना अनशन दलित बच्ची सिमरन और मुस्लिम बच्ची इक़रा के हाथां जूस पीकर अपनी तीनों मांगे मनवाकर तोड़कर भी ख़त्म नहीं किया, बल्कि फिलहाल स्थगित किया है। अनशन उन्होंने आगे भी जारी रखने […] Read more » Anna Hazare Mayawati इमाम बुखारी राइट टू रिकाल राइट टू रिजेक्ट
लेख संसद में हंगामा किस के लिये ? August 18, 2011 / December 7, 2011 by शादाब जाफर 'शादाब' | Leave a Comment संसद के मानसून सत्र को शुरू हुए लगभग पंद्रह दिन से ज्यादा हो चुके है। पर इन पंद्रह दिनो में संसद में क्या हुआ हम सब लोग जानते है। लोकसभा में जहा मानसून सत्र के पहले सप्ताह में विपक्ष के हंगामे के चलते कोर्इ कार्यवाही न हो सकी जिस के कारण लोकसभा का 47 प्रतिशत […] Read more » Parliament संसद में हंगामा
लेख बाबा रामदेव न संत बन पाये न लीडर August 18, 2011 / December 7, 2011 by शादाब जाफर 'शादाब' | 32 Comments on बाबा रामदेव न संत बन पाये न लीडर शादाब जफर ”शादाब” एक बहुत पुराना और बहुत ही मशहूर है शेर ”ना खुदा ही मिला ना विसाल-ए-सनम,ना इधर के रहे न उधर के रहे। आज ये शेर बाबा रामदेव के जीवन पर कितना सटीक बैठ रहा है। स्वदेशी के मुद्दे को लेकर चले बाबा रामदेव ने गंगा, काले धन और फिर भ्रष्टाचार पर जिस […] Read more » Baba Ramdev बाबा रामदेव
लेख सोशल नेटवर्किंग बनाम सेक्स नेटवर्किंग August 13, 2011 / December 7, 2011 by डॉ. मनोज चतुर्वेदी | 5 Comments on सोशल नेटवर्किंग बनाम सेक्स नेटवर्किंग डॉ. मनोज चतुर्वेदी मनुष्य एक सामाजिक प्राणी है वह समाज के लिए जीता व मरता है। यदि वह समाज से अलग हो तो या वह देवता होगा या तो दानव होगा, लेकिन जब वह समाज में फ्रेंड्शिप के बहाने सेक्स, जनप्रवाद, अपशब्दों का मायाजाल फैलाए तो गोयबल्स की श्रेणी में आ जाता है। वह समाजिक […] Read more » Sex networking सेक्स नेटवर्किंग सोशल नेटवर्किंग
लेख वुस्तानवी एक शख्सियत नहीं बल्कि एक विचारधारा का संघर्ष August 13, 2011 / December 7, 2011 by इक़बाल हिंदुस्तानी | 1 Comment on वुस्तानवी एक शख्सियत नहीं बल्कि एक विचारधारा का संघर्ष इक़बाल हिंदुस्तानी दारूलउलूम देवबंद विश्वप्रसिद्व इस्लामी संस्था है। मौलाना वुस्तानवी का मामला भले ही शांत दिख रहा हो लेकिन उनके समर्थक अगर उनकी बर्खास्तगी के मामले को सुप्रीम कोर्ट ले जाते हैं तो यह एक बार फिर से ज़बरदस्त चर्चा में आ जायेगा। वहां का मोहतमिम कौन होगा यह उलूम का अंदरूनी मामला होता है। […] Read more » Vustanvi वुस्तानवी