राजनीति नागरिक आंदोलन पर राजनीति June 7, 2011 / December 11, 2011 by आर.एल. फ्रांसिस | Leave a Comment बातचीत का सिलसिला जारी रहना चाहिए बाबा रामदेव द्वारा अपने आदोंलन की घोषणा करने के तुंरत बाद ही केन्द्र सरकार हरकत में आ गई थी। आदोंलन की शुरूआत से पहले ही सरकार ने इस मामले की गंभीरता को समझते हुए बाबा रामदेव के साथ अपनी बातचीत शुरू कर दी थी। दिल्ली हवाई अड्उे पर भारत […] Read more » Citizens Movement नागरिक आंदोलन
राजनीति लेख गांधीवाद से लड़ती कांग्रेस June 7, 2011 / December 11, 2011 by डॉ. मनोज जैन | Leave a Comment डॉ. मनोज जैन टैक्स हैवन देशों की बैंकों में जमा देश की जनता के हकों से चुराकर जमा किया हुआ कालाधन वापिस देश में लाने के लिये राजधानी के रामलीला मैदान में रात को सो रहे अहिंसक और शान्तिपूर्वक सत्याग्रह कर रहे आन्दोलनकारियों पर केन्द्र सरकार द्वारा किये गये नादिरशाही हमले ने न केवल लोकतंत्र […] Read more » Congress कांग्रेस गांधीवाद
राजनीति रामलीला काण्ड और हम June 6, 2011 / December 11, 2011 by गंगानन्द झा | 2 Comments on रामलीला काण्ड और हम बाबा रामदेव के रामलीला काण्ड पर श्री लालकृष्ण अडवाणी से सन 1975 ई. के एमर्जेंसी की याद से सिहर उठे हैं, उनके पार्टी अध्यक्ष को तो जालियाँवाला हत्याकांड की विभीषिका की याद हो आई। अतिशयोक्ति अलंकार को अभिव्यक्ति के एक रूप की मान्यता मिली हुई है, पर विश्वसनीयता की हद का सम्मान करते हुए। यह […] Read more » Ramlila रामलीला काण्ड
राजनीति आज पत्रकारिता के समक्ष तोप मुक़ाबिल है June 6, 2011 / December 11, 2011 by राजीव रंजन प्रसाद (बीएचयू) | Leave a Comment इस घड़ी बाबा रामदेव के प्रयासों की वस्तुपरक एवं निष्पक्ष आलोचकीय बहस-मुबाहिसे की आवश्यकता है। यह इसलिए भी जरूरी है क्योंकि बाबा रामदेव को कई लोग कई तरह से विज्ञापित-आरोपित कर रहे हैं। कोई कह रहा है-संघ के हैं रामदेव, तो कोई उन्हें महाठग कह अपनी तबीयत दुरुस्त कर रहा है। कई तो उन्हें गाँधी […] Read more » Journalism तोप मुक़ाबिल पत्रकारिता
राजनीति दिग्विजय सिंह इतना क्यों बोलते हैं June 6, 2011 / December 11, 2011 by प्रवक्ता ब्यूरो | 5 Comments on दिग्विजय सिंह इतना क्यों बोलते हैं नृपेन्द्र गालिब ने कहा था छूटती कहां है कमबख्त मुंह से लगी हुई, अंग्रेजी में इसके लिए ओल्ड हैबिट्स डाइ हार्ड का जुमला है और दोनों का लब्बोलुआब यह है कि पुरानी आदतें आसानी से पीछा नहीं छोड़तीं. साठ के दशक में इंदौर के प्रतिष्ठित डेली कॉलेज का एक छात्र जो राघोगढ़ राजपरिवार से ताल्लुक […] Read more » Digvijay Singh दिग्विजय सिंह
राजनीति ये है दिल्ली मेरी जान June 6, 2011 / December 11, 2011 by लिमटी खरे | Leave a Comment लिमटी खरे पीएम के त्यागपत्र पर बाबा की रहस्यमय चुप्पी! भ्रष्टाचार और काले धन पर योग गुरू बाबा रामदेव की चिंघाड़ से केंद्र सरकार सकते में है। बाबा रामदेव के अनशन को विफल करने सरकार ने क्या क्या जतन नहीं किए। प्रणब मुखर्जी और कपिल सिब्बल ने बाबा को रोकने जमीन आसमान एक कर दिया। […] Read more »
राजनीति सुनाई देने लगी ‘आपातकाल‘ की पदचाप June 6, 2011 / December 11, 2011 by लिमटी खरे | 1 Comment on सुनाई देने लगी ‘आपातकाल‘ की पदचाप लिमटी खरे देश की आजादी के वक्त आजादी के परवानों और महात्मा गांधी, जवाहर लाल नेहरू, सरदार वल्लभ भाई पटेल, लाल बहादुर शास्त्री जैसे नेताओं ने इक्कीसवीं सदी में भारत की जो कल्पना की होगी, भारत गणराज्य उससे एकदम ही उलट नजर आ रहा है। गरीब और अधिक गरीब तो अमीर की तिजोरी इतनी भर […] Read more » Baba Ramdev आपातकाल बाबा रामदेव भ्रष्टाचार
राजनीति सोनिया और मनमोहन के बीच फंसे बाबा रामदेव June 5, 2011 / December 11, 2011 by गौतम चौधरी | 2 Comments on सोनिया और मनमोहन के बीच फंसे बाबा रामदेव गौतम चौधरी बाबा रामदेव के द्वारा किया गया कथित एतिहासिक अनशन का बडा बुरा हश्र हुआ है। रात के अंधेरे में बाबा को गिरफ्तार कर लिया गया। रामलीला मैदान को खाली कराने के लिए अर्धसैनिक बल एवं दंगा निरोधक दस्ते भेजे गये। समर्थकों पर लठियां बरसाई गयी। ध्यान और भगवान की भक्ति कर रहे श्रध्दालुओं […] Read more » Sonia Gandhi डॉ. मनमोहन सिंह बाबा रामदेव सोनिया गांधी
टॉप स्टोरी राजनीति जनरल डायर बनाम मनमोहन सिंह June 5, 2011 / December 11, 2011 by लिमटी खरे | 7 Comments on जनरल डायर बनाम मनमोहन सिंह ब्रितानी हुकूमत के काल में 13 अप्रेल 1919 में जनरल डायर ने अमृतसर के जलियां वाले बाग में निर्दोष लोगों को गोलियां से भून दिया था, यह था गोरी चमड़ी वालों की बर्बरता का नंगा नाच। महात्मा गांधी के आर्दशों पर चलकर देश को आजादी मिली और फिर कायम हुआ भारत गणराज्य जिसमें लोकतंत्र को […] Read more » Manmohan Singh जनरल डायर मनमोहन सिंह
राजनीति अंग्रेजी मानसिकता सरकार का अधिकार है June 5, 2011 / December 11, 2011 by आनन्द स्वरूप द्विवेदी | 2 Comments on अंग्रेजी मानसिकता सरकार का अधिकार है काग्रेंस ने हमे आजादी दिलायी थी इस बात पर मै गर्व करता था ।पर ४-५ जून कि रात को सरकार और काग्रेंस ने जो कू कर्म किया वह तो अग्रेजो से भी दो कदम आगे है।सरकार के इस कदम को देख कर लगता आजादी हमे केवल गोरे अग्रेजो से मिली है अभी काले अंग्रेज(अंग्रेजी मानसिकता […] Read more » Right अंग्रेजी मानसिकता अधिकार सरकार
राजनीति तृणमूल कांग्रेस ने अधिक वोट हस्तगत किए, वामपंथ पराजित नहीं हुआ June 4, 2011 / June 4, 2011 by वीरेन्द्र जैन | 1 Comment on तृणमूल कांग्रेस ने अधिक वोट हस्तगत किए, वामपंथ पराजित नहीं हुआ वीरेन्द्र जैन प्रवक्ता की यह परिचर्चा अच्छी और जरूरी है बशर्ते कि पूर्वाग्रह से मुक्त हो और ऐसी कतर ब्योंत न की जाये जिससे कि मंतव्य ही बदल जाये । पहली बात तो यह कि परिचर्चा के जो आधार दिये गये हैं वे अधूरे हैं और सत्य का एक पक्ष देखते हुए लगते हैं। सबसे […] Read more » पश्चिम बंगाल ममता बनर्जी वामपंथ
राजनीति कांग्रेस सावरकर के बारे में अपने निर्णय पर पुनर्विचार करे June 3, 2011 / December 12, 2011 by लालकृष्ण आडवाणी | 1 Comment on कांग्रेस सावरकर के बारे में अपने निर्णय पर पुनर्विचार करे लालकृष्ण आडवाणी गत् रविवार यानी 28 मई को वीर सावरकर की जयन्ती थी। यह महान क्रांतिकारी सन् 1883 में महाराष्ट्र के नासिक के निकट भगुर गांव में जन्मे थे। जन्मजात मेधावी सावरकर की पद्य में असाधारण प्रतिभा थी और जब वह मुश्किल से 10 वर्ष के रहे होंगे तभी उनकी कविताएं समाचारपत्रों में छपने लगी […] Read more » Congress कांग्रेस वीर सावरकर