समाज नीट संकट और परीक्षा-व्यवस्था की विश्वसनीयता May 12, 2026 / May 12, 2026 by डॉ. सत्यवान सौरभ | Leave a Comment भारत की प्रतियोगी परीक्षा-व्यवस्था केवल प्रवेश की प्रक्रिया नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, अवसर और प्रतिभा-परीक्षण का आधार है। जब राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा यानी नीट जैसी राष्ट्रीय परीक्षा को लेकर अनियमितता, संदिग्धता या रद्दीकरण की स्थिति बनती है, Read more » नीट संकट परीक्षा-व्यवस्था की विश्वसनीयता
समाज बढ़ते अपराध और अपराधमुक्त समाज निर्माण की चुनौती May 11, 2026 / May 11, 2026 by ललित गर्ग | Leave a Comment राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के ताजा आंकड़े केवल सांख्यिकीय दस्तावेज नहीं हैं, बल्कि वे हमारे समाज के उस अंधेरे और भयावह चेहरे को सामने लाते हैं, जिसे अक्सर विकास, आधुनिकता और राजनीतिक उपलब्धियों की चमक में छिपा दिया जाता है। वर्ष 2024 के अपराध आंकड़ों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि Read more » अपराधमुक्त समाज निर्माण की चुनौती बढ़ते अपराध और अपराधमुक्त समाज
मीडिया समाज हर हाथ में माइक, हर आवाज़ पत्रकार नहीं May 11, 2026 / May 11, 2026 by प्रियंका सौरभ | Leave a Comment डिजिटल मीडिया ने पत्रकारिता को लोकतांत्रिक बनाया है। अब केवल बड़े मीडिया हाउस ही सूचना के वाहक नहीं रहे, बल्कि आम नागरिक भी घटनाओं को रिकॉर्ड कर समाज के सामने Read more » हर आवाज़ पत्रकार नहीं
समाज चक्रव्यूह बनते कोचिंग सेंटर एवं शिक्षण संस्थान May 8, 2026 / May 8, 2026 by डॉ.वेदप्रकाश | Leave a Comment शिक्षण संस्थानों और कोचिंग सेंटरों में भिन्न-भिन्न कारणों से विद्यार्थियों में आत्महत्या की घटनाएं बढ़ रही हैं। ऐसा लगता है जैसे ऐसे कुछ स्थान विद्यार्थियों के लिए चक्रव्यूह बन जाते हैं जिसमें वे बहुत सारे सपने और दबावों के साथ घुस तो जाते हैं लेकिन उन्हें भेदकर वापस नहीं निकल पाते। जैसे ही छोटी बड़ी परीक्षाओं के व नौकरियों Read more » कोचिंग सेंटर एवं शिक्षण संस्थान चक्रव्यूह बनते कोचिंग सेंटर चक्रव्यूह बनते शिक्षण संस्थान
शख्सियत समाज भारतीय राजनीति के नेपथ्य नायक श्री संजय विनायक जोशी May 8, 2026 / May 8, 2026 by पवन शुक्ला | Leave a Comment संजय जोशी के चाणक्य होने का सबसे बड़ा प्रमाण 90 के दशक में गुजरात में देखने को मिला। उस दौर में उन्होंने संगठन मंत्री के रूप में कार्य करते हुए भाजपा को गाँव-गाँव तक पहुँचाया। Read more » श्री संजय विनायक जोशी
शख्सियत समाज भारत की सांस्कृतिक पहचान के प्रतीक हैं टैगोर May 7, 2026 / May 7, 2026 by योगेश कुमार गोयल | Leave a Comment रवीन्द्रनाथ टैगोर जयंती (7 मई) पर विशेष– योगेश कुमार गोयलकोलकाता में साहित्यिक माहौल वाले कुलीन धनाढ्य परिवार में 7 मई 1861 को जन्मे रवीन्द्रनाथ टैगोर एक कवि, उच्च कोटि के साहित्यकार, उपन्यासकार और नाटककार के अलावा संगीतप्रेमी, अच्छे चित्रकार तथा दार्शनिक भी थे। टैगोर एशिया के प्रथम ऐसे व्यक्ति थे, जिन्हें नोबेल पुरस्कार से सम्मानित […] Read more » रवीन्द्रनाथ टैगोर जयंती
समाज ससुराल से दूरी और पति पर पकड़ क्यों? May 7, 2026 / May 7, 2026 by प्रियंका सौरभ | Leave a Comment ससुराल से दूरी और पति पर पकड़ Read more » पति पर पकड़
लेख समाज सार्थक पहल पीड़ा के अंधेरों में उम्मीद का दीप जलाता रेड क्रॉस और रेड क्रिसेंट आंदोलन। May 7, 2026 / May 7, 2026 by सुनील कुमार महला | Leave a Comment वास्तव में, इस दिवस को मनाने के पीछे मुख्य उद्देश्य युद्ध, आपदा और संकट के समय मानवता की सेवा करने वालों का सम्मान करना है। सरल शब्दों में कहें तो यह दिवस पूरी दुनिया में आपदा, युद्ध, किसी महामारी और संकट के समय लोगों की सहायता करने वाले लाखों स्वयंसेवकों और कर्मचारियों को सम्मान Read more » Red Crescent Movement lights the lamp of hope in the darkness of suffering. The Red Cross रेड क्रिसेंट आंदोलन रेड क्रॉस
समाज बारात, संस्कार और बदलता समाज May 4, 2026 / May 4, 2026 by प्रियंका सौरभ | Leave a Comment बारात Read more » बारात संस्कार और बदलता समाज
समाज अनुशासन जुल्म न बन जाए: बच्चों को तोड़ती है कठोर पेरेंटिंग May 4, 2026 / May 4, 2026 by राजेश जैन | Leave a Comment यह वाक्य सिर्फ एक बेटे की अंतिम पीड़ा नहीं बल्कि उस परवरिश मॉडल पर सवाल है जिसमें अनुशासन के नाम पर अपमान, नियंत्रण और डर को सामान्य मान लिया जाता है। यह घटना हमें मजबूर करती है कि हम पूछें Read more » 24 वर्षीय प्रशिक्षु अधिवक्ता प्रियांशु श्रीवास्तव
शख्सियत समाज विश्व योग आंदोलन के प्रवर्तक स्वामी सत्यानंद सरस्वती का पदार्पण महोत्सव और तिरूपति बालाजी का आगमन May 4, 2026 / May 4, 2026 by कुमार कृष्णन | Leave a Comment सबसे बड़ा संयोग है कि इस अवसर पर आंध्र प्रदेश से सड़क मार्ग से चल कर भगवान श्री तिरुपति बालाजी की उत्सव मूर्ति मुंगेर पहुंच रही है। इस ऐतिहासिक क्षण को मुंगेरवासियों के लिए यादगार बनाने को लेकर योगाश्रम Read more » स्वामी सत्यानंद सरस्वती
समाज शहर और शहरी होने की दौड़ में गाँव और ग्रामीण : कितना सही, कितना गलत May 2, 2026 / May 2, 2026 by डॉ. शैलेश शुक्ला | Leave a Comment जब हम किसी व्यक्ति के जीवन का मूल्यांकन इस आधार पर करने लगते हैं कि वह शहर में रहता है या गाँव में, कि वह अंग्रेज़ी बोलता है या भोजपुरी, कि वह सूट पहनता है या धोती — तो हम दरअसल उस व्यक्ति की मनुष्यता को एक सांस्कृतिक पदानुक्रम की सीढ़ियों पर तोलने की कोशिश कर रहे होते हैं। और इस तोल में, अनिवार्य रूप से, गाँव और ग्रामीण हमेशा नीचे पाए जाते हैं — कम विकसित, कम आधुनिक, कम सभ्य। Read more » शहर और शहरी होने की दौड़ में गाँव और ग्रामीण