विकास और जातिवाद के बीच महायुद्ध होगा बिहार का चुनाव
Updated: July 28, 2015
बिहार के मुजफ्फरपुर में २५ जुलाई को आयोजित प्रधानमत्री नरेंद्र मोदी की रैली के बाद अब यह तय हो गया है कि इस बार बिहार…
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सिर्फ हंगामा खड़ा करना……
Updated: July 28, 2015
वीरेन्द्र सिंह परिहार म०प्र० विधानसभा का पावस-सत्र दो दिन में ही समाप्त हो गया, क्योंकि विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने विधानसभा चलने ही नहीं दिया। कांग्रेस…
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मीनाक्षी ही नहीं दिल्ली भी मरी है
Updated: July 28, 2015
अरविंद जयतिलक समझा जा रहा था कि देश में महिला अत्याचार विरोधी निर्भया कानून लागू होने के बाद दिन के उजाले और रात के अंधेरे…
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राष्ट्र के दिल में रहेंगे कलाम
Updated: July 27, 2015
पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम का निधन सम्पूर्ण राष्ट्र के लिए एक अपूर्णीय क्षति है l केंद्र सरकार ने भी 7 दिन का राष्ट्रीय…
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कब तक बर्दाश्त करें आतंक के इस दंश को?
Updated: July 27, 2015
30 जुलाई को मुंबई बम धमाकों के आरोपी याकूब मेनन की प्रस्तावित फांसी, 26 जुलाई को कारगिल विजय का जश्न और सोमवार 27 जुलाई को…
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योगेश्वर श्री कृष्ण, गीता एवं वेद
Updated: July 27, 2015
श्री कृष्ण योगेश्वर थे, महात्मा थे, महावीर, धर्मात्मा व सुदर्शनचक्रधारी थे। वह वेदभक्त, ईश्वरभक्त, देशभक्त, ऋषियो व योगियों के अनुगामी थे। पूज्यों की पूजा…
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बैठता जा रहा है बारिश को लेकर लोगों में डर
Updated: July 27, 2015
अशोक “प्रवृद्ध” पूर्णतः मानसून पर निर्भर हमारे देश भारत में वर्षा अर्थात बारिश को सदैव से ही ईश्वर की वरदान के रूप में देखा…
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फांसी को धार्मिकता का रंग न दे ओवैसी
Updated: July 27, 2015
सर्वोच्च न्यायालय ने याकूब मेमन को मिली मौत की सज़ा को बरकरार रखा है, लेकिन अब भी वो इस सज़ा से बचने के लिए प्रयासरत…
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“माउंटेन मैन” दशरथ मांझी : सुलगते सवाल ?
Updated: July 27, 2015
तनवीर जाफ़री देश के हरियाणा राज्य में चौधरी बंसी लाल के शासन से जुड़ी एक घटना बेहद प्रचलित है। एक बार चौधरी बंसी लाल के…
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चैनलों पर बकबकियों की बहस…!!
Updated: July 27, 2015
तारकेश कुमार ओझा फिल्म गदर करीब डेढ़ दशक पहले आई थी। लेकिन यह शायद इस फिल्म की लोकप्रियता का ही परिणाम है कि अक्सर किसी…
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राजनीति में शुचिता के सवाल
Updated: July 25, 2015
-संजय द्विवेदी राजनीति में शुचिता और पवित्रता के सवाल अब हवा हो गए लगते हैं। जोर अब सादगी, शुचिता और ईमानदारी पर नहीं है। आप…
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दम्भ -पाखंड की जद में क्यों आ गए हम ?
Updated: July 25, 2015
निकले थे घर से जिसकी बारात लेकर , उसी के जनाजे में क्यों आ गए हम ? चढ़े थे शिखर पर जो विश्वास् लेकर , निराशा की खाई में क्यों आ गिरे…
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