धर्म-अध्यात्म जहां आरती के वक्त आती थी कामधेनु

जहां आरती के वक्त आती थी कामधेनु

शंकर जालान भारत में आदि काल से वृक्षों की पूजा की जाती है। लोगों में आस्था रहती है कि वृक्षों की पूजा करने मात्र से…

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जन-जागरण बिना लड़े शहीद होते सैनिक

बिना लड़े शहीद होते सैनिक

प्रमोद भार्गव                                 दुनिया में शायद भारत ऐसा इकलौता देश…

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आर्थिकी ऋण कृत्वा घृतं पीबेत ।

ऋण कृत्वा घृतं पीबेत ।

जावेद उस्मानी    ‘यावज्जजीवेत सुखं जीवेत           ऋण कृत्वा घृतं पीबेत ।          भस्मी भूतस्य देहस्य पुनरागमनं कुत:”। ‘जब तक जियो सुख से जियो कर्ज…

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विविधा सवाल सिर्फ़ हिंदी का नहीं

सवाल सिर्फ़ हिंदी का नहीं

उमेश उपाध्याय बहस हिंदी और अंग्रेज़ी की कतई नहीं है सवाल सारी गैर अंग्रेज़ी भाषाओँ का हैं. अंग्रेजी अब एक खास तरीके से समाज में…

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जरूर पढ़ें “भारतीय संस्कृति -एक परिचय “

“भारतीय संस्कृति -एक परिचय “

डॉ. सौरभ मालवीय संस्कृति का उद्देश्य मानव जीवन को सुन्दर बनाना है। मानव की जीवन पद्धति और धर्माधिष्ठित उस जीवन पद्धति का विकास भी उस…

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समाज 21 वीं सदी का मुस्लिम युवा

21 वीं सदी का मुस्लिम युवा

स्ंजय सक्सेना उत्तर प्रदेश की मुस्लिम बिरादरी में बीते कुछ समय से एक नया बदलाव देखने को मिल रहा है।पढ़ा लिखा मुस्लिम युवा रूढि़वादी बंधनों…

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जन-जागरण पाकिस्तानी फौज का ’फायनल डेस्टिनेशन’ १ ९ ७ १ की शर्मनाक पराजय है …!

पाकिस्तानी फौज का ’फायनल डेस्टिनेशन’ १ ९ ७ १ की शर्मनाक पराजय है …!

श्रीराम तिवारी निसंदेह मौजूदा दौर में भारत के सितारे गर्दिश में हैं . चीन के फौजी जवान बार-बार भारतीय सीमाओं का अतिक्रमण करते हुए भारत…

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विविधा थूक का स्वाद

थूक का स्वाद

रवि कुमार छवि आइए शर्मा जी, कैसे हैं आप. मुरारी बाबू पान पर चूना लगाते-लगाते भले मन से पूछ ही लेते हैं. ठीक हूं. आप…

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जन-जागरण और क्या होती है आतंकी देश की परिभाषा?

और क्या होती है आतंकी देश की परिभाषा?

तनवीर जाफ़री पाकिस्तान; निश्चित रूप से सुनने में तथा शब्दार्थ के लिहाज़ से यह नाम बहुत ही सुंदर प्रतीत होता है। पाकिस्तान यानी पाक-साफ अथवा…

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बच्चों का पन्ना हाँथी जी की शादी

हाँथी जी की शादी

हाँथी जी की शादी थी, दिन महज बचे थे चार| दरजी ना कर पाया था, उनके कपड़े तैयार| बीमारी से दरज़ी की, माता जी थीं…

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शख्सियत मुसीबत में जो दूसरों के काम आए……

मुसीबत में जो दूसरों के काम आए……

A man with golden touch… आज के भागमभाग वाले दौर में किसी के पास इतना समय नहीं है कि वो दूसरों पर ध्यान दे,ऐसे में…

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राजनीति व्यंग्य बाण : मनमोहन सिंह ‘मजबूर’

व्यंग्य बाण : मनमोहन सिंह ‘मजबूर’

दुनिया में गद्य और पद्य लेखन कब से शुरू हुआ, कहना कठिन है। ऋषि वाल्मीकि को आदि कवि माना जाता है; पर पहला गद्य लेखक…

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