राजनीति पाकिस्तान जैसे मजहबी देशों में अमन चैन हेतु स्वधर्म वापसी ही एकमात्र विकल्प है

पाकिस्तान जैसे मजहबी देशों में अमन चैन हेतु स्वधर्म वापसी ही एकमात्र विकल्प है

—विनय कुमार विनायकअगर बृहदतर भारत का इतिहास देखा जाए तो आरंभ से ही सत्ताधारियों एवं उनकी प्रजा ने अपने जीवन काल में कईबार अपने धर्म…

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राजनीति दम तोड़ती बाल विवाह जैसी कुरीतियां

दम तोड़ती बाल विवाह जैसी कुरीतियां

मनोज कुमारबिटिया का आसमांं ऊंचा होता जा रहा है और बिटिया कह रही है कि आसमां थोड़ा और ऊंचा हो जाओ ताकि मैं तुम्हें छू…

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कला-संस्कृति महात्मा दयानन्द वानप्रस्थ के व्यक्तित्व विषयक कुछ संस्मरण

महात्मा दयानन्द वानप्रस्थ के व्यक्तित्व विषयक कुछ संस्मरण

-मनमोहन कुमार आर्यमहात्मा दयानन्द वानप्रस्थ (जन्म 18-1-1912 मृत्यु 20-1-1989) वैदिक धर्म, ऋषि दयानन्द और आर्यसमाज के निष्ठावान अनुयायी एवं वेद, यज्ञ एवं साधना के प्रचारक…

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लेख अपनी मेहनत व लगन पर विश्वास रखते हैं ये, किसी के सामने हाथ फैलाना पसंद नहीं  

अपनी मेहनत व लगन पर विश्वास रखते हैं ये, किसी के सामने हाथ फैलाना पसंद नहीं  

मजदूर दिवस (1 मई स्पेशल)                                                          – मुरली मनोहर श्रीवास्तव मेहनत उसकी लाठी हैं, मजबूती उसकी काठी हैं। बुलंदी नहीं पर नीव हैं, यही मजदूरी जीव…

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कविता मजदूर दिवस

मजदूर दिवस

मना रहे है हर वर्ष मजदूर दिवस,फिर भी मजदूर आज भी विवश।बदल नही पाए उसकी विवशता,चाहे मना लो तुम कितने दिवस।। जो बनाता है मकान…

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सिनेमा 1971 (फ़िल्म समीक्षा)

1971 (फ़िल्म समीक्षा)

पहले ने पूछा –“एक बात बताओ, ये पाकिस्तान में अपने पंजाबी भाई रहते हैं ।“हां रहते हैं “ दूसरे ने कहा ।“और सिंधी भी रहते…

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राजनीति इफ़्तार पार्टी में ‘टोपी बाज़ी’ का क्या औचित्य ?

इफ़्तार पार्टी में ‘टोपी बाज़ी’ का क्या औचित्य ?

तनवीर जाफ़री

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राजनीति समाज में भेद पैदा करने वालों से सतर्क रहे समाज

समाज में भेद पैदा करने वालों से सतर्क रहे समाज

धर्मनिरपेक्षता के मायने समझे समाजसुरेश हिंदुस्थानीकिसी भी देश के शक्तिशाली होने के निहितार्थ होते हैं। इन निहितार्थों का मन, वाणी और कर्म से अध्ययन किया…

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लेख भारत में श्रम के साथ उद्यमिता का भाव जगाना भी जरूरी

भारत में श्रम के साथ उद्यमिता का भाव जगाना भी जरूरी

श्रम दिवस पर विशेष किसी भी आर्थिक गतिविधि में सामान्यतः पांच घटक कार्य करते हैं – भूमि, पूंजी, श्रम, संगठन एवं साहस। हां, आजकल छठे…

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आर्थिकी भारत में आय में हो रही वृद्धि के चलते महंगाई का तुलनात्मक रूप से कम होता असर

भारत में आय में हो रही वृद्धि के चलते महंगाई का तुलनात्मक रूप से कम होता असर

महंगाई (मुद्रा स्फीति) का तेजी से बढ़ना, समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेष रूप से समाज के गरीब एवं निचले तबके तथा मध्यम वर्ग के लोगों…

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राजनीति योग-क्रांति है गुड गवर्नेस का मॉडल

योग-क्रांति है गुड गवर्नेस का मॉडल

ललित गर्ग –मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल देश एवं दुनिया में मुफ्त की सुविधाओं के लिये जाने जाते हैं। अब उन्होंने दिल्ली में रहने वाले लोगों के…

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लेख समाज की अकर्मण्यता व जिहादी चरण चुंबन मानवता हेतु विषकारी होगा

समाज की अकर्मण्यता व जिहादी चरण चुंबन मानवता हेतु विषकारी होगा

– दिव्य अग्रवाल एक तरफ पूरा विश्व जिहादी कटटरपंथियो की अमानवीयता व् उपद्रवी सोच से पीड़ित है परन्तु भारत के सेक्युलर राजनेता इस उपद्रवी मजहबी सोच…

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