कविता
रक्षाबंधन
/ by आर के रस्तोगी
प्रीत के धागों के बंधन में,स्नेह का उमड़ रहा संसार।सारे जग में सबसे अच्छा,ये रक्षाबंधन का त्यौहार।। भले ही ये कच्चे धागे है,पर इनमे छिपा है प्यार ।भाई बहन इसे न भूलते,ये रक्षाबंधन का त्यौहार।। करती है रक्षाबंधन पर,बहन,भाई का इंतजार।थाल सजाए बैठी रहती,खाने पर उसका इंतजार।। भाई देता है बहन को वचन,हर लेगा उसके […]
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